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Dehradun: मोटरसाइकिल शोरूम में प्रबंधक और लेखा सहायक ने किया लाखों का गबन, ऑडिट में हुआ खुलासा
Mon, 19 May 2025 05:16 PM IST
देहरादून ब्यूरो
अमर उजाला, न्यूज डेस्क, देहरादून
अमर उजाला, न्यूज डेस्क, देहरादून
Published by: देहरादून ब्यूरो
Updated Mon, 19 May 2025 05:16 PM IST
सार
संचालक ने पुलिस से शिकायत की तो प्रबंधक ने झूठी शिकायत कर डाली। अब संचालक की शिकायत के बाद पुलिस ने दोनों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है।
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- फोटो : freepik.com
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विस्तार
सहारनपुर रोड स्थित एक मोटरसाइकिल शोरूम के प्रबंधक और लेखा सहायक ने लाखों रुपये का गबन कर लिया। ऑडिट में खुलासा हुआ कि इन दोनों ने कई अनियमितताएं बरतते हुए ऐसी प्रविष्टियां दर्ज कीं, जिनकी कोई रसीद और बिल नहीं है।
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संचालक ने पुलिस से शिकायत की तो प्रबंधक ने झूठी शिकायत कर डाली। अब संचालक की शिकायत के बाद पुलिस ने दोनों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है। एसएचओ पटेलनगर चंद्रभान सिंह अधिकारी ने बताया कि शिकायत रवि बब्बर ने की है। रवि बब्बर का माजरा में एस्को मोटर्स नाम से मोटरसाइकिल का शोरूम है। यहां पर उपेंद्र नेगी प्रबंधक और शुभी पाल लेखा सहायक के पद पर काम करते हैं। रवि बब्बर ने पुलिस को बताया कि चार मई को ऑडिट टीम ने कई अनियमितताएं पकड़ी हैं। इनमें ऐसे लेनदेन पाए गए जिनमें कोई बिल, पर्ची या वैध दस्तावेज नहीं है।
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एक मामला 1.25 लाख रुपये का है। यह बिल ग्राहक इरशाद के नाम पर जारी किया गया है, लेकिन बिल को जानबूझकर टेली सॉफ्टवेयर से हटा दिया गया। यह दिन की पुस्तिका में भी दर्ज नहीं है और न ही इसकी कोई रसीद है। जबकि, वाहन उसी दिन तकनीशियन ने इरशाद को सुपुर्द कर दिया था। इस संबंध में शुभी पाल और उपेंद्र से पूछा गया तो उन्होंने कोई वाजिब जवाब नहीं दिया। दो फरवरी को कैश बैलेंस 24.29 रुपये दर्शाया गया है।
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जब उन्होंने लेखा सहायक को कैश सौंपने के लिए कहा तो लॉकर में अतिरिक्त नकदी पाई गई। इसकी कोई एंट्री ही नहीं थी। पूछने पर शुभी पाल ने बताया कि यह नकदी उपेंद्र नेगी की है। यह गलत नकद प्रबंधन और गबन का मामला है। अब तक की जांच में 12 लाख रुपये से ज्यादा की धनराशि की इंट्री को डिलिट किया गया है। इसकी शिकायत जब उन्होंने पुलिस से की तो उपेंद्र नेगी ने अधिवक्ता के माध्यम से एक शिकायत कर दी।
आरोप लगाए कि उनके साथ गलत व्यवहार किया जा रहा है, लेकिन इस शिकायत में कोई दम नहीं है। एसएचओ ने बताया कि उपेंद्र नेगी और शुभी पाल के खिलाफ धोखाधड़ी और गबन का मुकदमा दर्ज कर लिया गया है।