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बैंकों की सुस्ती से लटकी गैस सब्सिडी
ब्यूरो / अमर उजाला, देहरादून
Updated Sun, 11 Jan 2015 11:24 AM IST
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उत्तराखंड में भले ही डीबीटीएल योजना ‘पहल’ लागू हो गई हो, लेकिन अब तक सभी उपभोक्ताओं के गैस कनेक्शन बैंक खातों से लिंक नहीं हो पाए हैं।
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बैंकों को दोषी ठहरा रही एजेंसियां
एजेंसियां इसके लिए बैंकों को दोषी ठहरा रही हैं। डायरेक्ट बेनिफिट ऑफ ट्रांसफर ऑन एलपीजी योजना लागू होने के बावजूद अब तक सिर्फ 30 फीसदी उपभोक्ता ही योजना से जुड़ पाए हैं। इस कारण फार्म जमा कर चुके आधे उपभोक्ताओं के खाते में अब तक अग्रिम रियायत राशि नहीं आई है।
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फार्म भरने और जमा करने के लिए अभी भी गैस एजेंसियों में भीड़ जुट रही है। दून एलपीजी डिस्ट्रिब्यूटर्स एसोसिएशन अध्यक्ष चमनलाल ने कहा कि एजेंसी में जमा फार्म बैंक भेजे जा रहे हैं।
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मगर बैंक आधे उपभोक्ताओं के खाते भी लिंक नहीं कर पाए हैं। इस कारण उपभोक्ताओं को परेशानी हो रही है। खाता नहीं जुड़ने और रियायत राशि खाते में न आने से उपभोक्ता एजेंसी में पूछताछ कर रहे हैं।