{"_id":"5fcf94c68ebc3e12207c6279","slug":"ima-pop-2020-deputy-commandment-parade-in-ima-before-pop","type":"story","status":"publish","title_hn":"IMA POP 2020 : डिप्टी कमांडेंट परेड में कदमताल कर भावी अफसरों ने दिखाया जोश","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
IMA POP 2020 : डिप्टी कमांडेंट परेड में कदमताल कर भावी अफसरों ने दिखाया जोश
Tue, 08 Dec 2020 08:29 PM IST
Nirmala Suyal Nirmala Suyal
न्यूज़ डेस्क, अमर उजाला, देहरादून
न्यूज़ डेस्क, अमर उजाला, देहरादून
Published by: Nirmala Suyal Nirmala Suyal
Updated Tue, 08 Dec 2020 08:29 PM IST
सार
- पासिंग आउट परेड से पहले हुई डिप्टी कमांडेंट परेड, 325 भारतीय और 70 विदेशी कैडेट्स ने लिया हिस्सा
विज्ञापन
IMA, POP
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
भारतीय सैन्य अकादमी (आईएमए) की पासिंग आउट परेड (पीओपी) से पहले मंगलवार को डिप्टी कमांडेंट परेड का आयोजन किया गया। इसमें देश की सुरक्षा के लिए तैयार भावी अफसरों ने कदमताल किया।
विज्ञापन
उनका जोश और जज्बा देखते ही बन रहा था। डिप्टी कमांडेंट और चीफ इंस्ट्रक्टर मेजर जनरल जेएस मंगत ने परेड की सलामी ली। ये सभी कैडेट शनिवार को पास आउट होकर सेना के अलग-अलग विंग में तैनाती पाकर देश की सुरक्षा व्यवस्था संभालेंगे।
विज्ञापन
भारतीय सैन्य अकादमी में शनिवार को 395 कैडेट पास आउट होंगे। इनमें 325 कैडेट भारतीय सेना का हिस्सा बनेंगे और 70 विदेशी अपने देशों की सेना में अफसर बनेंगे। इन कैडेट ने मंगलवार को डिप्टी कमांडेंट परेड में कदमताल की। परेड का निरीक्षण करने के बाद कैडेट को संबोधित करते हुए डिप्टी कमांडेंट ने कहा कि सभी कैडेट अच्छा आचरण और पराक्रम के साथ एक योद्धा की जिम्मेदारी निभाएं।
विज्ञापन
कहा कि एक सैन्य अफसर की अपने हर एक जवान के प्रति जिम्मेदारी बनती है। उसके भरोसे पर खरा उतरने की कोशिश करें। यही अकादमी में सिखाया गया है। कहा कि भारतीय सैन्य दस्ता दुनिया में सबसे अच्छा है। भारत का हर जवान दिल से सरल, निर्विवाद, वफादार और देशभक्ति से भरा है।
कहा कि एक अधिकारी के रूप में आपको अपने इरादे और कार्यों की सत्यता व पवित्रता के आधार पर उनका सम्मान और विश्वास अर्जित करना होगा। यह विश्वास अगर बन गया तो वह हमेशा आपके साथ जाएंगे और कोई भी जंग जीत लेंगे। उन्होंने प्रशिक्षण के सफल समापन पर विदेशी कैडेटों को भी बधाई दी। कहा कि जो उन्होंने यहां सीखा है, उसे वह अपने देश में अपनाएंगे। इस दौरान कई सैन्य परिवार उपस्थित रहे।
परेड में शामिल हो सकेंगे कैडेट के परिजन
कारोना संकट के बाद भी इस बार कैटेड के परिजन आईएमए की पासिंग आउट परेड में शामिल हो पाएंगे। कोविड गाइडलाइन का पालन करते हुए परिजनों को परेड में शामिल होने की अनुमति दी गई है।
आईएमए में देशभक्ति से लबरेज और सीना ताने कैडेट कदमताल करते हैं तो हर परिजन की इच्छा होती है कि वह इस ऐतिहासिक क्षण का गवाह बनें, लेकिन कोरोना के कारण जून में हुई पासिंग आउट परेड में परिजनों के शामिल होने पर रोक लगा दी गई थी।
पीपिंग सेरेमनी में भी परिजनों के बजाय सैन्य अफसरों ने ही कैडेट के कंधों पर पीप्स सजाए थे, लेकिन इस बार कुछ शर्तों के साथ परिजनों को भी परेड में शमिल होने की अनुमति दे दी गई है।