पहली बेटी होने पर पत्नी को साथ रखने से मना कर दिया तीन तलाक, पति पर मुकदमा दर्ज
उत्तराखंड के लक्सर क्षेत्र में पहली संतान बच्ची को जन्म देने पर पत्नी को तीन तलाक देने के आरोप में पुलिस ने पति के खिलाफ मुस्लिम विवाह संरक्षण अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज किया है। आरोपी पति ने पत्नी और बच्ची को घर में रखने से इनकार कर दिया था। पीड़िता की तहरीर पर पुलिस के केस दर्ज कर मामले तफ्तीश शुरू कर दी है।
निहेंदपुर सुठारी गांव निवासी गुलिस्तां ने लक्सर कोतवाली पुलिस को तहरीर देकर बताया था कि उनका निकाह जुलाई 2017 में क्षेत्र के ही बेगमपुर जीतपुर गांव निवासी हसीन पुत्र रमजानी के साथ हुआ था। वह गर्भवती हुईं और अगले साल मायके में बेटी को जन्म दिया।
आरोप है कि इसके बाद ससुराल वालों ने उन्हें प्रताड़ित करना शुरू कर दिया। यही नहीं, पति ने उनको वापस ले जाने से साफ इनकार कर दिया। आरोप है कि इसी बीच पति ने दूसरी शादी की तैयारी भी शुरू कर दी। इसका पता चला तो गुलिस्तां ने पति को अपने मायके बुलाया।
आरोप है कि इस बीच पति ने ससुराल में ही तीन तलाक कहकर उनसे अपना रिश्ता तोड़ लिया और लौट गया। कोतवाल वीरेंद्र सिंह नेगी ने बताया कि पीड़ित महिला की तहरीर पर मामले की जांच पड़ताल की गई थी। प्रथमदृष्टया जांच में आरोपों की पुष्टि हुई है। इसके चलते आरोपी पति के खिलाफ मुस्लिम विवाह संरक्षण अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है।