फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Dehradun News ›   GST evasion of 11.64 crores on fake bills, one arrested

टैक्स चोरी का खुलासा: फर्जी बिलों पर 11.64 करोड़ की जीएसटी चोरी का आरोपी गिरफ्तार, रिश्तेदारों के नाम से बनाई थी छह फर्में

Thu, 07 Apr 2022 05:21 PM IST
रेनू सकलानी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, देहरादून
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, देहरादून Published by: रेनू सकलानी Updated Thu, 07 Apr 2022 05:21 PM IST
सार

राज्य कर विभाग की टीम ने हरिद्वार जिले के ज्वालापुर के सुभाष नगर में छापा मारकर सुरेंद्र सिंह को गिरफ्तार किया है। विभाग की प्रारंभिक जांच में पाया गया कि आरोपी ने आईटीसी का लाभ लेकर 11.64 करोड़ की टैक्स चोरी की है।

विज्ञापन
GST evasion of 11.64 crores on fake bills, one arrested
जीएसटी - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

राज्य कर विभाग ने फर्जी खरीद बिलों पर 11.64 करोड़ की जीएसटी चोरी में एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। आरोपी ने अपने और रिश्तेदारों के नाम से छह फर्में बनाई थी। आयरन स्टील की फर्जी खरीद कर आरोपी इनपुट टैक्स क्रेडिट (आईटीसी) का लाभ ले रहा था। विभाग ने ई-वे बिल और रिटर्न फाइल के दस्तावेजों की पड़ताल करने पर टैक्स चोरी का खुलासा किया है। 

विज्ञापन


राज्य कर आयुक्त इकबाल अहमद के दिशा निर्देश पर विभाग की टीम ने हरिद्वार जिले के ज्वालापुर के सुभाष नगर में छापा मारकर सुरेंद्र सिंह को गिरफ्तार किया है। विभाग की प्रारंभिक जांच में पाया गया कि आरोपी ने आईटीसी का लाभ लेकर 11.64 करोड़ की टैक्स चोरी की है।
विज्ञापन


आरोपी ने अपने नाम से पीएस एंटरप्राइजेज और पीएसडी पैकेजिंग फर्म बनाई थी। इसके अलावा अपने रिश्तेदारों के नाम से चार अन्य फर्में चला रहा था। जबकि आरोपी मुख्य रूप से मानव श्रम उपलब्ध कराने का काम करता है। आयरन स्टील की फर्जी खरीद दिखाकर आरोपी की ओर से जीएसटी चोरी की जा रही थी। 
विज्ञापन
विज्ञापन


ये भी पढ़ें...घर में गुलदार घुसने से अफरा तफरी: रेंजर अधिकारी घायल, तस्वीरों में देखिए, पांच घंटे से रेस्क्यू में जुटी टीम को नहीं मिली अभी तक सफलता


विभाग ने माल एवं सेवा कर अधिनियम की धारा 132 के तहत आरोपी को गिरफ्तार किया है। कोर्ट में पेश कर आरोपी को 14 दिन के न्यायिक हिरासत में भेजा गया है। जीएसटी अधिनियम में टैक्स चोरी की राशि पांच करोड़ से अधिक होने पर कारावास की सजा का प्रावधान है। 

राज्य कर आयुक्त ने कहा कि जीएसटी चोरी में संलिप्त फर्मों को चिह्नित किया गया है। ऐसी फर्मों के खिलाफ इस प्रकार की कार्रवाई जारी रहेगी। टैक्स चोरी करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा। इसके लिए विभाग की ओर से लगातार रिटर्न फाइल और ई-वे बिलों की पड़ताल कर टैक्स चोरी का पता लगाया जा रहा है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed