हरदा को क्यों लेना पड़ा ट्वीट वापस?: पहले की एस राजू के पक्ष में तारीफ फिर बोले- उनके कार्यकाल की भी हो जांच
पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत ने स्पष्ट किया कि उन्होंने एस राजू को क्लीन चिट नहीं दी थी। हरदा ने कहा कि उनके कार्यकाल में सर्वाधिक नौकरियां लगी हैं, यदि उनमें भी कहीं कोई गड़बड़ी की बात सामने आती है तो उसकी भी जांच होनी चाहिए।
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उत्तराखंड अधीनस्थ चयन सेवा आयोग की भर्तियों में धांधली उजागर होने के बाद आयोग के अध्यक्ष एस राजू के इस्तीफे पर पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत की ओर से किया गया ट्वीट उन्होंने वापस ले लिया है। इस ट्वीट में उन्होंने एस राजू के पक्ष में कुछ बातें कहीं थीं। अब उन्होंने कहा है कि एस राजू के कार्यकाल की भी जांच होनी चाहिए।
शुक्रवार को विधानसभा के बाहर कांग्रेस के धरने में शामिल हुए पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत ने खुद इसकी जानकारी दी। उन्होंने कहा कि भर्ती घोटाले में अब जिस तरह की बातें सामने आ रही हैं, उसके लिए जरूरी है कि आयोग के साथ उसके पूरे सिस्टम की भी जांच हो।
इसलिए उन्होंने आयोग के अध्यक्ष एस राजू के संबंध में किए गए ट्वीट को वापस ले लिया है। उन्होंने कहा कि इस मामले में जो भी दोषी हैं, उन्हें दंड मिलना चाहिए। भर्तियों में गड़बड़ी चाहे किसी भी काल में हुई हों, पूरी पारदर्शिता के साथ उसकी जांच होनी चाहिए।
एस राजू को क्लीन चिट नहीं दी: रावत
दोषियों को दंडित किया जाए और आवश्यक हो तो पहले की भी भर्तियों में यदि कोई घोटाले हुए हैं और जिन घोटालों में किसी व्यक्ति को लगता है कि न्याय सामने नहीं आया है। उन्होंने कहा कि उनके कार्यकाल में सर्वाधिक नौकरियां लगी हैं, यदि उनमें भी कहीं कोई गड़बड़ी की बात सामने आती है तो उसकी भी जांच होनी चाहिए। हरीश रावत ने स्पष्ट किया कि उन्होंने एस राजू को क्लीन चिट नहीं दी थी।
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