फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Dehradun News ›   Father fulfilled son wish Son became fond of badminton so father got indoor stadium built Uttarkashi

Uttarkashi: एक करोड़ खर्च कर बेटे की खेलने की चाहत को किया पूरा, इस पिता की पहल की अब हर जगह हो रही चर्चा

Mon, 30 Oct 2023 03:53 PM IST
रेनू सकलानी विजयपाल रावत,संवाद न्यूज एजेंसी, नौगांव (उत्तरकाशी)
विजयपाल रावत,संवाद न्यूज एजेंसी, नौगांव (उत्तरकाशी) Published by: रेनू सकलानी Updated Mon, 30 Oct 2023 03:53 PM IST
सार

बेटे के खेलने के शौक की चाहत को पूरा करने के लिए एक पिता ने एक करोड़ रुपये खर्च डाले। उनकी इस पहल से और स्थानीय युवाओं को भी फायदा पहुंचेगा।

विज्ञापन
Father fulfilled son wish Son became fond of badminton so father got indoor stadium built Uttarkashi
पिता ने बनवाया स्टेडियम - फोटो : amar ujala

विस्तार

डॉक्टर बेटे को बैडमिंटन का शौक था लेकिन क्षेत्र में कहीं भी इंडोर स्टेडियम न होने और बेटे की चाहत को देखते हुए डॉक्टर पिता ने गांव में अपनी निजी भूमि पर इंडोर स्टेडियम तैयार करवाया दिया। इस स्टेडियम में बैडमिंटन और टेबिल टेनिस खेल सकेंगे।

विज्ञापन


निर्माण पर करीब एक करोड़ रुपये खर्च हो चुका है। उनकी इस पहल से क्षेत्र के युवाओं को यहां खेलने और प्रशिक्षण का मौका भी मिलेगा। नौगांव ब्लाॅक के धारी वल्ली गांव निवासी डॉ. बचन रावत सेना में मेजर पद से सेवानिवृत्त हुए और वर्ष 1996 में स्वास्थ्य विभाग में सेवा देनी शुरू की थी। वर्ष 2018 में वह उत्तरकाशी जिले के मुख्य चिकित्साधिकारी पद से सेवानिवृत्त हुए। वर्तमान में वह अपने बेटे डॉ. अमित रावत (दंत चिकित्सक) के साथ एक प्राइवेट क्लीनिक चला रहे हैं।
विज्ञापन


मेजर डॉॅ. बचन रावत (सेनि.) ने कहा कि वह जब से आर्मी में थे उन्हें बैडमिंटन का शौक था। बेटे को भी बैडमिंटन खेलना पसंद है लेकिन आसपास कोई इंडोर स्टेडियम नहीं था। ऐसे में मेजर डाॅ. बचन रावत ने बैडमिंटन इंडोर स्टेडियम बनाने की ठानी और निर्माण शुरू करवा दिया। निर्माण पर वह करीब एक करोड़ रुपये की धनराशि खर्च कर चुके हैं।

विज्ञापन
विज्ञापन

200 युवा ले सकते हैं प्रशिक्षण
यह इंडोर स्टेडियम दो माह बाद खेलने के लिए तैयार हो जाएगा। यही नहीं इस स्टेडियम में स्थानीय युवा भी खेल सकते हैं और प्रशिक्षण ले सकते हैं। उनसे बहुत कम सुविधा शुल्क लिया जाएगा जिससे बिजली और पानी के बिल का भुगतान किया जा सके। यहां एक साथ 200 युवा प्रशिक्षण ले सकते हैं।

इधर, क्षेत्र के खेल प्रेमी गजेंद्र नौटियाल, प्रमोद रावत, डॉ. बिरेंद्र चंद आदि ने कहा कि यमुनाघाटी में कहीं भी बैंडमिंटन का इंडोर स्टेडियम नहीं है। शरीर को फीट रखने के लिए खेल जरूरी हैं। इस स्टेडियम से बैंडमिंटन और टेटे खेल के क्षेत्र में भविष्य बनाने वाले खिलाड़ियों को लाभ मिलेगा। संवाद

ये भी पढ़ें...Dehradun: पुलिसकर्मियों की पारिवारिक कलह मिटाने के लिए बनेगी समिति, हफ्ते में दो बार होगी काउंसिलिंग

स्टेडियम में है दो वुडन कोर्ट

गांव के निकट सौली कस्बे में बनाए गए बैडमिंटन व टेबिल टेनिस के इंडोर स्टेडियम में दोनों खेलों का एक-एक वुडन कोर्ट बनवाया गया है। इंडोर स्टेडियम करीब 100 फीट लंबा और 60 फीट चौड़ा है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed