{"_id":"67228c6231f4ab586f078974","slug":"even-the-campaign-to-adopt-backward-societies-in-recovery-dehradun-news-c-5-1-drn1030-537259-2024-10-31","type":"story","status":"publish","title_hn":"Dehradun News: ऋण वसूली में पिछड़ी समितियों को गोद लेकर भी रफ्तार नहीं दे पा रहे अधिकारी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Dehradun News: ऋण वसूली में पिछड़ी समितियों को गोद लेकर भी रफ्तार नहीं दे पा रहे अधिकारी
विज्ञापन
बकाया ऋण वसूली में पिछड़ी समितियों को गोद लेने की मुहिम भी वसूली का आंकड़ा नहीं बढ़ा पा रही है। समितियों की बड़ी रकम अब भी किसानों पर बकाया है।
दरअसल, बीते दिनों ऋण वसूली में पिछड़ी बहुउद्देशीय सहकारी समितियों को उभारने के लिए इन्हें अधिकारियों को गोद लेने की मुहिम शुरू हुई थी। जिला के आला अधिकारियों से लेकर विकासखंड के वरिष्ठ अधिकारियों को क्षेत्रवार समितियों की जिम्मेदारी सौंपी गई, लेकिन समितियों की ओर से वसूली का कार्य मंद गति से जारी है। समिति सदस्यों पर अब भी करीब 18 करोड़ से ज्यादा का बकाया ऋण है। विभागीय अधिकारियों ने बताया कि जिले में 39 समितियां का संचालन हो रहा है। जबकि, बीते 30 जून तक समितियों की ओर से 134 करोड़ के सापेक्ष 106 करोड़ रुपये से अधिक की वसूली की गई।
अब चार माह का समय बीतने पर करीब 10 करोड़ की ही वसूली हो सकी है। ऐसे में समितियों के जिम्मे अभी बड़ी रकम की वसूली करना है। इसके अलावा जिले में करीब नौ समितियां ऐसी हैं, जिनका वसूली प्रतिशत 50 के आंकड़े को नहीं छू पा रहा है। उधर, अधिकारियों का कहना है कि कुशल प्रबंधन की बदौलत समितियों के बकाया ऋण की वसूली बढ़ी है। आगामी दिनों में इसके बेहतर परिणाम मिलेंगे।
I
I
Iसमितियों की ओर से ऋण वसूली को लेकर बेहतर कार्य हो रहा है। कई समितियों में बकाया ऋण काफी कम रह गया है। जिन समितियों में वसूली कम है उसके लिए योजना बनाकर कार्य किया जाएगा। - डॉ. बीएस मनराल, एआर को-ऑपरेटिव, देहरादूनI
विज्ञापन
विज्ञापन
दरअसल, बीते दिनों ऋण वसूली में पिछड़ी बहुउद्देशीय सहकारी समितियों को उभारने के लिए इन्हें अधिकारियों को गोद लेने की मुहिम शुरू हुई थी। जिला के आला अधिकारियों से लेकर विकासखंड के वरिष्ठ अधिकारियों को क्षेत्रवार समितियों की जिम्मेदारी सौंपी गई, लेकिन समितियों की ओर से वसूली का कार्य मंद गति से जारी है। समिति सदस्यों पर अब भी करीब 18 करोड़ से ज्यादा का बकाया ऋण है। विभागीय अधिकारियों ने बताया कि जिले में 39 समितियां का संचालन हो रहा है। जबकि, बीते 30 जून तक समितियों की ओर से 134 करोड़ के सापेक्ष 106 करोड़ रुपये से अधिक की वसूली की गई।
अब चार माह का समय बीतने पर करीब 10 करोड़ की ही वसूली हो सकी है। ऐसे में समितियों के जिम्मे अभी बड़ी रकम की वसूली करना है। इसके अलावा जिले में करीब नौ समितियां ऐसी हैं, जिनका वसूली प्रतिशत 50 के आंकड़े को नहीं छू पा रहा है। उधर, अधिकारियों का कहना है कि कुशल प्रबंधन की बदौलत समितियों के बकाया ऋण की वसूली बढ़ी है। आगामी दिनों में इसके बेहतर परिणाम मिलेंगे।
विज्ञापन
I
I
Iसमितियों की ओर से ऋण वसूली को लेकर बेहतर कार्य हो रहा है। कई समितियों में बकाया ऋण काफी कम रह गया है। जिन समितियों में वसूली कम है उसके लिए योजना बनाकर कार्य किया जाएगा। - डॉ. बीएस मनराल, एआर को-ऑपरेटिव, देहरादूनI
विज्ञापन