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देहरादून में कभी भी कहर बरपा सकती हैं ये नदी

Fri, 30 Jun 2017 03:35 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, देहरादून
ब्यूरो/अमर उजाला, देहरादून Updated Fri, 30 Jun 2017 03:35 PM IST
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dangerous rivers can destroy dehradun city
rispana river - फोटो : amarujala

बारिश में रिस्पना और बिंदाल नदी कभी भी कहर बरपा सकती हैं। नदी किनारे बसी करीब 30 बस्तियां खतरे में हैं। पहाड़ी क्षेत्र में बारिश होने पर ये नदियां कब उफान पर आ जाएं? इसका पता नहीं रहता।

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शहर में रिस्पना और बिंदाल नदी के दोनों तरफ बस्तियां बन जाने के कारण नदियां संकरी हो गईं हैं। नदी में उफान आया तो किनारे वाले आबादी क्षेत्र खतरे में पड़ जाएंगे। रविवार को हुई बारिश के बाद रिस्पना नदी का पानी आबादी में घुस आया था। यही नहीं 33 हजार की बिजली लाइन के सात खंभे भी बहाव में उखड़ गए। 
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जिलाधिकारी ने सिंचाई विभाग, नगर निगम की टीम को रिस्पना नदी के किनारे बसी बस्तियों का हाल जानने भेजा था। टीम ने पाया कि नदी का पानी बस्ती की दीवार के बराबर बह रहा है। यदि पहाड़ी क्षेत्रों में ज्यादा बारिश हुई तो यह नदियां कहर बरपा सकती है। उन्हाेंने नदी में मलबा जम जाने पर खुदाई की जरूरत बताई है। ऐसी ही स्थिति बिंदाल नदी की है। बुधवार को बिंदाल नदी में आए तेज बहाव में कई मकान क्षतिग्रस्त हो गए। आबादी की तरफ बनाए गए पुश्ते क्षतिग्रस्त होने के साथ इनकी सपोर्ट के लिए बनाए गए जाल टूट गए हैं।  

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खतरे का अहसास तो है, मगर जाने को तैयार नहीं

dangerous rivers can destroy dehradun city
rispana river - फोटो : amarujala

अमर उजाला की टीम बृहस्पतिवार को रिस्पना नदी किनारे बसी बस्तियों में गई। बस्ती में रहने वालों को खतरे का अहसास तो है, लेकिन वे जाने को तैयार नहीं हैं। वीर गबर सिंह बस्ती के लोगों का कहना है कि सिर छुपाने के लिए उनके पास जगह नहीं है। बिरम सिंह का कहना है कि प्रशासन ने अभी तक राहत बचाव के नाम पर कुछ नहीं किया है। 

संजय कॉलोनी के आबिद का कहना है कि नदी किनारे रहने के कारण हर समय खतरा रहता है। बारिश के समय पूरी रात जागकर काटनी पड़ती है। चंद्रशेखर आजाद कॉलोनी के पप्पू यादव का कहना है कि नदी में कटान होने के कारण खतरा बढ़ रहा है। यहां सुरक्षा के लिए पुश्तों का निर्माण जरूरी है। 

रिस्पना नदी किनारे बसी बस्तियां
रिस्पना नदी किनारे काठ बंगला बस्ती, वीर गब्बर सिंह बस्ती, बाडीगार्ड, राजीव नगर, आर्य नगर, राजेश रावत कॉलोनी, महात्मा गांधी, भगत सिंह कॉलोनी, दीपक नगर, मोथरोवाला, गुरु तेग बहादुर कॉलोनी का बड़ा हिस्सा है।

बिंदाल नदी किनारे की बस्तियां
विजय कालोनी, चुक्खूवाला, जोहडी, कांवली रोड, खुडबुडा, पटेलनगर की चंदशेखर बस्ती, राजीव नगर, ब्रहमपुरी, लोहिया नगर, महबूब कॉलोनी, गांधीग्राम का कुछ इलाका।

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