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लुट रहा पुलिस और जनता का चैन, सीपीयू नाकाम
Updated Thu, 10 May 2018 02:24 AM IST
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ब्यूरो/अमर उजाला/देहरादून।
राजधानी में बीते काफी दिनों से चेन लुटेरों ने दिनदहाड़े वारदातों को अंजाम देकर पुलिस और जनता का चैन छीन रखा है। वहीं रोड साइड क्राइम कंट्रोल के लिए गठित सिटी पेट्रोल यूनिट (सीपीयू) सिर्फ वाहनों के चालान काटने में ही मशगूल है। हैरान करने वाला तथ्य यह है कि हमेशा सड़क पर रहने का दावा करने वाली सीपीयू दिनदहाड़े होने वाली चेन लूट की वारदातों के वक्त क्यों सक्रिय नहीं होती है। बहरहाल गठन के चार साल के बाद भी सीपीयू के खाते में एक भी क्राइम कंट्रोल का कारनामा दर्ज नहीं है।
बता दें बल्लूपुर चौक के पास बुधवार को हुई चेन लूट की घटना के वक्त भी सीपीयू की टीम वहीं थी। इसके बावजूद सीपीयू की कोई सक्रियता नहीं दिखी। अप्रैल 2014 में तत्कालीन पुलिस महानिदेशक बीएस सिद्धू ने विदेशों की तर्ज पर हाईटेक सिटी पेट्रोल यूनिट का गठन किया था। उस समय सीपीयू को रोड साइड क्राइम कंट्रोल की जिम्मेदारी दी गई थी। इसमें दावा किया गया था कि शहर में सीपीयू की उपस्थिति से चेन लूट जैसी घटनाओं पर अंकुश लग जाएगा।
फिलवक्त हालात इतर हैं। रोड साइड होने वाले क्राइम रोकने में आज तक सीपीयू कोई सराहनीय भूमिका नहीं है। हाल ही में हुई चेन लूट की घटनाओं पर गौर करें तो जिन स्थानों पर वारदात हुईं वहीं कुछ दूरी पर सीपीयू की मौजूदगी देखी गई, लेकिन घटनाओं के खुलासे में कोई योगदान नहीं दिया।
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समय-समय पर सीपीयू की तैनाती को घटाया बढ़ाया जाता है। वर्तमान में ट्रैफिक की समस्या भी काफी बड़ी है। इसलिए सड़कों पर ट्रैफिक कंट्रोल के लिए सीपीयू की मौजूदगी बढ़ा दी गई है। जहां तक स्ट्रीट क्राइम कंट्रोल की बात है तो इसके लिए भी प्रयास किया जा रहा है। सीपीयू के पास सभी तरह की ट्रेनिंग हैं। कमी कहां है इस बात का विश्लेषण किया जा रहा है।
-अशोक कुमार, एडीजी लॉ एंड ऑर्डर
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राजधानी में बीते काफी दिनों से चेन लुटेरों ने दिनदहाड़े वारदातों को अंजाम देकर पुलिस और जनता का चैन छीन रखा है। वहीं रोड साइड क्राइम कंट्रोल के लिए गठित सिटी पेट्रोल यूनिट (सीपीयू) सिर्फ वाहनों के चालान काटने में ही मशगूल है। हैरान करने वाला तथ्य यह है कि हमेशा सड़क पर रहने का दावा करने वाली सीपीयू दिनदहाड़े होने वाली चेन लूट की वारदातों के वक्त क्यों सक्रिय नहीं होती है। बहरहाल गठन के चार साल के बाद भी सीपीयू के खाते में एक भी क्राइम कंट्रोल का कारनामा दर्ज नहीं है।
बता दें बल्लूपुर चौक के पास बुधवार को हुई चेन लूट की घटना के वक्त भी सीपीयू की टीम वहीं थी। इसके बावजूद सीपीयू की कोई सक्रियता नहीं दिखी। अप्रैल 2014 में तत्कालीन पुलिस महानिदेशक बीएस सिद्धू ने विदेशों की तर्ज पर हाईटेक सिटी पेट्रोल यूनिट का गठन किया था। उस समय सीपीयू को रोड साइड क्राइम कंट्रोल की जिम्मेदारी दी गई थी। इसमें दावा किया गया था कि शहर में सीपीयू की उपस्थिति से चेन लूट जैसी घटनाओं पर अंकुश लग जाएगा।
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फिलवक्त हालात इतर हैं। रोड साइड होने वाले क्राइम रोकने में आज तक सीपीयू कोई सराहनीय भूमिका नहीं है। हाल ही में हुई चेन लूट की घटनाओं पर गौर करें तो जिन स्थानों पर वारदात हुईं वहीं कुछ दूरी पर सीपीयू की मौजूदगी देखी गई, लेकिन घटनाओं के खुलासे में कोई योगदान नहीं दिया।
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समय-समय पर सीपीयू की तैनाती को घटाया बढ़ाया जाता है। वर्तमान में ट्रैफिक की समस्या भी काफी बड़ी है। इसलिए सड़कों पर ट्रैफिक कंट्रोल के लिए सीपीयू की मौजूदगी बढ़ा दी गई है। जहां तक स्ट्रीट क्राइम कंट्रोल की बात है तो इसके लिए भी प्रयास किया जा रहा है। सीपीयू के पास सभी तरह की ट्रेनिंग हैं। कमी कहां है इस बात का विश्लेषण किया जा रहा है।
-अशोक कुमार, एडीजी लॉ एंड ऑर्डर