उत्तराखंड : 24 घंटे में 44 की मौत, 4368 और लोग मिले कोरोना संक्रमित, सक्रिय मामले 35 हजार पार
संक्रमित मामले तेजी से बढ़ने के कारण सक्रिय मामले 33330 पहुंच गए हैं।
विस्तार
वहीं, बीते 24 घंटे में प्रदेश में 44 कोरोना मरीजों की मौत हुई है। इन मौतों को मिलाकर अब तक 2146 कोरोना मरीजों की मौत हो चुकी है। रविवार को 1748 मरीजों को इलाज के बाद घर भेजा गया। इन्हें मिलाकर 110664 मरीज स्वस्थ हो चुके हैं।
संक्रमित मामले तेजी से बढ़ने के कारण सक्रिय मामले 35864 पहुंच गए हैं। रविवार को देहरादून जिले में 1670, हरिद्वार में 1144, नैनीताल में 438, ऊधमसिंह नगर में 200, चंपावत में 100, पौड़ी में 390, उत्तरकाशी में 49, टिहरी में 110, अल्मोड़ा में 42, पिथौरागढ़ में 72, चमोली में 43, रुद्रप्रयाग में 64, बागेश्वर जिले में 46 संक्रमित मामले मिले हैं।
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कोविड अस्पताल श्रीनगर में छह लोगों की मौत
श्रीनगर राजकीय मेडिकल कॉलेज के कोविड अस्पताल में शनिवार को पौड़ी व रुद्रप्रयाग जिले के छह लोगों की मौत हो गई। इनमें से दो कोरोना और चार संभावित रोगी शामिल हैं। मृतकों में 30 से 60 साल के बीच के महिला-पुरुष शामिल हैं।
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कोटद्वार में 144 लोग कोरोना पॉजिटिव, चार माइक्रो कंटेनमेंट जोन बने
एक दिन में सौ से अधिक कोरोना संक्रमित लोगों के आने से स्वास्थ्य विभाग और प्रशासन अलर्ट हो गया है। प्रशासन ने एक ही परिवार के कई लोगों के संक्रमित होने पर क्षेत्र में चार माइक्रो कंटेनमेंट जोन बनाकर यहां की आठ गलियों को सील कर दिया है।
सीओ अनिल जोशी ने बताया कि उत्तराखंड-यूपी बॉर्डर पर बाहरी राज्य से आने वाले लोगों की जांच तेज कर दी गई है। बिना निगेटिव कोरोना टेस्ट रिपोर्ट दिखाए अथवा कौड़िया में आरटीपीसीआर जांच के लिए सैंपल दिए बिना किसी को भी कोटद्वार में प्रवेश नहीं दिया जा रहा है।
एक सप्ताह में हुई 246 कोरोना मरीजों की मौत
प्रदेश में कोरोना संक्रमण की दूसरी लहर तेजी से बढ़ रही है। बीते एक सप्ताह में 246 कोरोना मरीजों ने दम तोड़ा है। जबकि 26 हजार से ज्यादा संक्रमित मिले हैं। सैंपल जांच के आधार पर सप्ताह में संक्रमण दर सबसे अधिक 11 प्रतिशत दर्ज की गई है।
प्रदेश में कोविड काल को 406 दिन का समय बीत गया है। पहली बार एक सप्ताह में सबसे अधिक 246 कोरोना मरीजों की मौतें हुई है। वहीं, संक्रमितों की संख्या भी 26030 रही है। प्रदेश में 18 से 24 अप्रैल तक 2.36 लाख से ज्यादा कोविड सैंपल की जांच की गई। जिसमें 26030 लोग कोरोना संक्रमित मिले हैं।
संक्रमितों की तुलना में 7257 मरीज ही ठीक हुए हैं। सप्ताह में संक्रमण दर 11 प्रतिशत दर्ज की गई। सोशल डवलपमेंट फॉर कम्युनिटी फाउंडेशन के अध्यक्ष अनूप नौटियाल ने बताया कि प्रदेश में कोरोना संक्रमण के साथ ही मृत्यु दर भी बढ़ रही है, जो चिंताजनक है।
पहली बार एक सप्ताह में 246 कोरोना मरीजों की मौत हुई है। संक्रमण की रोकथाम के लिए सैंपल जांच के साथ ट्रीटमेंट पर भी विशेष ध्यान देने की जरूरत है।
सीएसडी कैंटीनों को बंद करने के आदेश
बढ़ते कोरोना संक्रमण के कारण सेना ने भी अपने सीएसडी कैंटीनों को फिलहाल बंद करने के आदेश दिए हैं। दून स्थित सब-एरिया, आईएमए सहित सभी कैंटीनों को फिलहाल अग्रिम आदेशों तक बंद कर दिया गया है। ईसीएचएस विभाग ने भी कार्डधारकों को पॉलीक्लीनिक न आने की सलाह दी है। इसके लिए ईसीएचएस ने लोकल पर्चेज की सीमा 31 जुलाई तक बढ़ा दी है।
कोरोना संक्रमण तेजी से फैल रहा है। इससे सेना के कैंटीन भी अछूते नहीं है। कैंटीनों में सामान लेने के लिए पूर्व सैनिकों की काफी भीड़ जुटती है, लिहाजा यहां संक्रमण का खतरा बना रहता है। दून स्थित सब एरिया कैंटीन में कुछ कर्मचारियों के पॉजिटिव आने और लगातार दून में बढ़ते संक्रमण को देखते हुए कैंटीन प्रशासन ने फिलहाल कैंटीन को अग्रिम आदेशों तक के लिए बंद कर दिया है।
कैंटीन प्रशासन ने कहा कि जब कैंटीन खुलेगा, उसकी जानकारी दे दी जाएगी। वहीं, आईएमए और अन्य कैंटीनों को फिलहाल आम के लिए बंद कर दिया गया है। ईसीएचएस विभाग ने भी ईसीएचएस कार्डधारकों को पॉलीक्लीनिक आने से बचने की सलाह दी है। इसके लिए विभाग ने कार्डधारकों को लोकल पर्चेज की सीमा भी 31 जुलाई तक बढ़ा दी है। यानि जिन लोगों की पॉलीक्लीनिक से दवा चल रही है, वे 31 जुलाई तक बाहर से दवा खरीद सकते हैं।
तीन मई तक जिले में सभी कोर्ट बंद
आगामी तीन मई तक देहरादून जिले की सभी कोर्ट बंद रहेंगी। इस संबंध में जिला जज प्रदीप पंत ने रविवार को आदेश जारी किए हैं। आदेशों के अनुसार इस दरम्यान रिमांड आदि पर सुनवाई छुट्टी के जैसे होगी। यानी ड्यूटी मजिस्ट्रेट रिमांड पर सुनवाई करेंगे। इनके अलावा यदि कोई बहुत ही आवश्यक मामला है और उस पर तीन मई तक प्रतीक्षा नहीं की जा सकती है। ऐसी दशा में संबंधित मामले के वकील ईमेल कर सकते हैं। उसके आधार पर अगली कार्यवाही की जाएगी।
रेरा में ऑनलाइन होगी सुनवाई, बाहरी व्यक्तियों का प्रवेश बंद
कोरोना संक्रमण को देखते हुए रियल एस्टेट रेगुलेटर अथॉरिटी (रेरा) में अब ऑनलाइन सुनवाई होगी। साथ ही रेरा ने अपने कार्यालय में बाहरी व्यक्तियों के प्रवेश पर भी प्रतिबंध लगा दिया है। यह व्यवस्था अगले आदेशों तक जारी रहेगी।
राज्य सरकार के आदेशों के क्रम में रेरा कार्यालय बुधवार तक के लिए बंद किया गया है। बुधवार के बाद सभी शिकायतों की सुनवाई वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग से होगी। रेरा में विभिन्न बिल्डरों एवं घर खरीदारों के मध्य चल रहे विवादों से संबंधित शिकायतों का निस्तारण किया जाता है। इसलिए यहां रोज लोगों का आना-जाना लगा रहता है। संक्रमण को देखते हुए अब यहां बाहरी लोगों के प्रवेश पर प्रतिबंध लगा दिया गया है। मा.सि.रि.