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उत्तराखंड में वाणिज्य कर विभाग के पुनर्गठन को मंजूरी
संजय त्रिपाठी/ अमर उजाला, देहरादून
Updated Wed, 22 Jun 2016 09:55 AM IST
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टैक्स
- फोटो : Demo
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उत्तराखंड में वाणिज्य कर विभाग में पुनर्गठन को मंजूरी मिल गई है। इसके तहत विभाग की संरचना में तमाम महत्वपूर्ण परिवर्तन होंगे। कुछ पद बढ़ेंगे, तो कुछ कम भी होंगे।
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शासन के सचिव अमित सिंह नेगी ने इससे संबंधित आदेश जारी करते हुए टैक्स कमिश्नर को आगे की कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं। नई व्यवस्था से जहां व्यापारियों और उद्यमियों की सहूलियत बढ़ेगी, वहीं टैक्स चोरी पर लगाम लगाने में भी सरकार को मदद मिलेगी। इसी क्रम में अपील से जुड़े कुछ पद बढ़ाए गए हैं। यह कवायद अपीलों की बढ़ती संख्या को लेकर की गई है।
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यह हुए बदलाव
-मुख्यालय में तैनात संयुक्त आयुक्त के दो पदों में से एक पद कम करके इसे संयुक्त आयुक्त अपील (हरिद्वार) में समायोजित किया गया है।
-ऋषिकेश, बाजपुर और खटीमा से संयुक्त आयुक्त कार्यपालक का पद समाप्त करके इन्हें संयुक्त आयुक्त (अपील) काशीपुर एवं संयुक्त आयुक्त (टैक्स रिव्यू/एसटीएफ) हरिद्वार एवं काशीपुर में समायोजित किया गया है।
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-संयुक्त आयुक्त अपील के पद फिलहाल देहरादून और हल्द्वानी में हैं। नई व्यवस्था में इन दोनों शहरों के अलावा हरिद्वार और काशीपुर में संयुक्त आयुक्त अपील का एक-एक पद गठित किया गया है।
-संयुक्त आयुक्त (टैक्स रिव्यू/एसटीएफ) के पद भी अभी देहरादून और रुद्रपुर में हैं, जिन्हें अब दो के बजाए चार करते हुए हरिद्वार और काशीपुर में दो अन्य पद का गठन किया गया है।
- उपायुक्त-1 (अनाज मंडी) काशीपुर को समाप्त करके उनका समायोजन उपायुक्त रामनगर (नैनीताल) किया गया है। इसी तरह सचल दल इकाई रामनगर के उपायुक्त रामनगर (नैनीताल) किया गया है।
-सचल दल की काशीपुर-बी इकाई को समाप्त करके सचल दल इकाई-बी रुड़की को बनाया गया है। इसका नियंत्रक अधिकारी उपायुक्त (कर निर्धारण) हरिद्वार को बनाया गया है।
व्यापारियों और उद्यमियों की सहूलियत के मकसद से वाणिज्य कर विभाग के संरचनात्मक ढांचे के पुनर्गठन की कार्रवाई की जा रही है। राज्यपाल ने भी इसकी मंजूरी दे दी है।
- अमित सिंह नेगी, सचिव