सीएम धामी बर्थडे: यमुनोत्री मंदिर में पूजा-अर्चना, दिव्यांग बच्चों के बीच जन्मदिन मनाने पहुंचे मुख्यमंत्री
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के जन्मदिवस पर यमुनोत्री धाम में धार्मिक अनुष्ठान किया गया। धाम के पुजारियों ने पूजा-अर्चना कर मुख्यमंत्री के अच्छे स्वास्थ्य और दीर्घायु के लिए प्रार्थना की।
विस्तार
बड़कोट में 16 सितंबर को मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के जन्मदिवस के अवसर पर यमुनोत्री धाम मंदिर में पूजा-अर्चना की गई। यमुनोत्री धाम के रावल श्री पुरुषोत्तम उनियाल समेत मंदिर के अन्य पुजारियों ने पूजा संपन्न कराई। इस दौरान मुख्यमंत्री के अच्छे स्वास्थ्य और दीर्घायु के लिए प्रार्थना की गई।
पुजारियों ने मुख्यमंत्री के स्वस्थ और दीर्घ जीवन की कामना की। मुख्यमंत्री के जन्मदिवस के अवसर पर यमुनोत्री धाम में यह धार्मिक आयोजन किया गया।
पीएम मोदी ने सीएम धामी को दी जन्मदिन की शुभकामनाएं
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी को जन्मदिन की शुभकामनाएं दी हैं। बधाई संदेश में प्रधानमंत्री मोदी ने सीएम धामी के उत्तम स्वास्थ्य, सुख और दीर्घ आयु की कामना की। राष्ट्र व समाज के हित में किए जा रहे उत्कृष्ट कार्यों से उनके जीवन में यश और गौरव की कामना करते हुए पीएम ने कहा कि उनके अनुभव, समर्पण, दूरदर्शिता से राज्य निरंतर प्रगति के पथ पर आगे बढ़े।
ये भी पढ़ें...विडंबना: एनएसए डोभाल के गांव में अपने स्कूल भवन को तरस रहे बच्चे, अब किसी ग्रामीण के घर होती हैं कक्षाएं
उन्होंने कहा कि आज देश शक्ति की सप्तधारा के संकल्प के साथ विकसित भारत के निर्माण की ओर अग्रसर है। ऐसे में प्रदेश में सामर्थ्य, संसाधनों और जनशक्ति को नए आयाम देने का प्रयास अहम है। इस दिशा में सीएम धामी के सक्रिय योगदान की महत्वपूर्ण भूमिका होगी।
दिव्यांग बच्चों के बीच मुख्यमंत्री धामी ने मनाया जन्मदिन
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने बुधवार को अपने जन्मदिवस पर देहरादून स्थित राष्ट्रीय दृष्टि दिव्यांगजन सशक्तिकरण संस्थान पहुंचकर बच्चों के साथ जन्मदिन मनाया। उन्होंने बच्चों के साथ केक काटा और उनके बीच समय बिताया। मुख्यमंत्री ने बच्चों से संवाद कर उनका उत्साहवर्धन किया और उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। उन्होंने कहा कि बच्चों के बीच बिताया गया समय जीवन को नई ऊर्जा और प्रेरणा देता है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि दिव्यांगजन का सशक्तिकरण समाज की सामूहिक जिम्मेदारी है और उन्हें समान अवसर मिलना चाहिए।