{"_id":"5d4f29fe8ebc3e6ceb432332","slug":"bilal-came-in-support-of-rajni-rawat-dehradun-news-drn316012115","type":"story","status":"publish","title_hn":"रजनी रावत के समर्थन में आया बिलाल","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
रजनी रावत के समर्थन में आया बिलाल
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
देहरादून। तीन साल पहले पिटाई का वीडियो वायरल होने के बाद किन्नर रजनी रावत और उसके साथियों पर मुकदमा दर्ज कराने वाला ट्रांसजेंडर बिलाल अब मुकर गया है। शनिवार को मीडिया के सामने आकर बिलाल ने कहा कि वह किसी तरह की कार्रवाई नहीं चाहता है। उसने किन्नरों के दूसरे गुट के दबाव में आकर रिपोर्ट दर्ज कराई थी।
बता दें, शहर के केदारपुरम में बधाई को लेकर किन्नरों के दो पक्षों में संघर्ष हो गया था। रजनी रावत और निशा चौहान पक्ष की तरफ से एक दूसरे के खिलाफ क्रॉस मुकदमा दर्ज कराया गया था। इसी बीच एक वीडियो वायरल हुआ था, जिसमें सहारनपुर के ट्रांसजेंडर बिलाल और उसके साथी को पिटाई करने के साथ यातनाएं दी गई थीं। पीड़ित बिलाल ने रजनी रावत और उसके चेलों पर क्रूर तरीके से यातनाएं देने का मुकदमा शहर कोतवाली में दर्ज कराया था। इसके बाद बिलाल भूमिगत हो गया। पुलिस बयान दर्ज कराने के लिए बिलाल को ढूंढ रही थी। वहीं बिलाल अचानक शनिवार को रजनी रावत के समर्थन में सामने आया। मीडिया से बातचीत में बिलाल ने किसी तरह की कार्रवाई से इनकार कर दिया। आरोप लगाया कि दूसरे पक्ष ने दबाव बनाकर यह मुकदमा दर्ज कराया था। किन्नर मीना हाजी का कहना था कि शहर में सिर्फ रजनी रावत को बधाई वसूलने का अधिकार है। दूसरे ग्रुप के किन्नरों को पहाड़ी क्षेत्रों में बधाई लेने का अधिकार है। वो शहर में अनाधिकृत रूप से बधाई वसूल रहे हैं। इसके बाद तीसरे पहर रजनी रावत पक्ष के किन्नरों ने बिलाल को साथ ले जाकर एसएसपी अरुण मोहन जोशी से मुलाकात की। हालांकि कप्तान ने कहना है कि बिलाल पुलिस को गुमराह कर रहा है। ऐसे में उसके खिलाफ ही कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन
बता दें, शहर के केदारपुरम में बधाई को लेकर किन्नरों के दो पक्षों में संघर्ष हो गया था। रजनी रावत और निशा चौहान पक्ष की तरफ से एक दूसरे के खिलाफ क्रॉस मुकदमा दर्ज कराया गया था। इसी बीच एक वीडियो वायरल हुआ था, जिसमें सहारनपुर के ट्रांसजेंडर बिलाल और उसके साथी को पिटाई करने के साथ यातनाएं दी गई थीं। पीड़ित बिलाल ने रजनी रावत और उसके चेलों पर क्रूर तरीके से यातनाएं देने का मुकदमा शहर कोतवाली में दर्ज कराया था। इसके बाद बिलाल भूमिगत हो गया। पुलिस बयान दर्ज कराने के लिए बिलाल को ढूंढ रही थी। वहीं बिलाल अचानक शनिवार को रजनी रावत के समर्थन में सामने आया। मीडिया से बातचीत में बिलाल ने किसी तरह की कार्रवाई से इनकार कर दिया। आरोप लगाया कि दूसरे पक्ष ने दबाव बनाकर यह मुकदमा दर्ज कराया था। किन्नर मीना हाजी का कहना था कि शहर में सिर्फ रजनी रावत को बधाई वसूलने का अधिकार है। दूसरे ग्रुप के किन्नरों को पहाड़ी क्षेत्रों में बधाई लेने का अधिकार है। वो शहर में अनाधिकृत रूप से बधाई वसूल रहे हैं। इसके बाद तीसरे पहर रजनी रावत पक्ष के किन्नरों ने बिलाल को साथ ले जाकर एसएसपी अरुण मोहन जोशी से मुलाकात की। हालांकि कप्तान ने कहना है कि बिलाल पुलिस को गुमराह कर रहा है। ऐसे में उसके खिलाफ ही कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन