केवल बहनों के लिए खुलता है यह मंदिर!
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चमोली जिले के गोपेश्वर क्षेत्र में पड़ने वाला भगवान बंशीनारायण का मंदिर भाई बहन के प्रेम की अनोखी मिसाल है।
हमने देवी-देवताओं के तो आपस में भाई-बहन के रिश्ते को मान्यताएं तो सुनी हैं लेकिन यहां भगवान बंशीनारायण तो सीधे महिला भक्तों के भाई बने बैठे हैं।
भगवान बंशी नारायण के मंदिर की सबसे खास बात यह है कि यह मंदिर वर्षभर में सिर्फ रक्षा बंधन के दिन ही श्रद्धालुओं के दर्शनार्थ खुलता है। भगवान बंशीनारायण को विष्णु देवता का अवतार माना जाता है।
महिलाएं बांधतती हैं बंशीनारायण को राखी
गोपेश्वर के उर्गम घाटी में स्थित विष्णु भगवान के मंदिर बंशीनारायण के कपाट रक्षा बंधन पर्व पर 10 अगस्त को सुबह आठ बजे आम श्रद्धालुओं के लिए खोल दिए जाएंगे।
यहां महिलाएं और बहनें भगवान बंशीनारायण को राखी भेंट करती हैं। ढुमक गांव में बजीर देवता के पुजारी बंशी नारायण मंदिर में पूजा अर्चना संपन्न करते हैं।
स्थानीय निवासी लक्ष्मण सिंह नेगी ने बताया कि भगवान बंशी नारायण को राखी बांधने के लिए उर्गम घाटी की बहनें और महिलाएं बड़ी संख्या में उमड़ती हैं।