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Dehradun News: केमिकल युक्त गुलाल से बचें, हर्बल रंग से मनाएं त्योहार

Wed, 20 Mar 2024 01:37 AM IST
Dehradun Bureau देहरादून ब्यूरो
Updated Wed, 20 Mar 2024 01:37 AM IST
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Avoid chemical-laden gulal, celebrate festivals with herbal colours.
विकासनगर।
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होली में हर्बल गुलाल के प्रयोग का प्रचलन बढ़ा है। लोग भी इसकी खरीदारी में रुचि दिखाते हैं। लेकिन, कई बार ऐसा होता है कि हर्बल गुलाल के नाम पर सिंथेटिक रंग थमा दिया जाता है। केमिकल युक्त सिंथेटिक गुलाल त्वचा, आंखों, श्वसन और पाचन तंत्र के लिए घातक होता है। बाड़वाला में महिला स्वयं सहायता समूह की ओर से सुरक्षित और शत-प्रतिशत हर्बल गुलाल बनाया जा रहा है। इसे खरीदकर आप सुरक्षित होली खेल सकते हैं। इससे महिलाओं की आर्थिकी भी बढ़ेगी।



स्वयं सहायता समूह की वरिष्ठ सदस्य शकुन ने बताया कि पांच स्वयं सहायता समूह से जुड़ीं महिलाएं हर्बल रंग तैयार करती हैं। बताया कि इनमें शक्ति, जीवन ज्योति, जय महादेव, संतोषी नमन और जाह्नवी नमन स्वयं सहायता समूह शामिल हैं। उन्होंने बताया कि मास्टर ट्रेनर पुष्पा त्यागी ने उनको हर्बल गुलाल बनाने का प्रशिक्षण दिया था। बताया कि स्वयं सहायता समूह की ओर से अरोरोट, पालक, गेंदा, चुकुंदर, टेशू और गुलाब की मदद से गुलाल बनाया जाता है। उन्होंने बताया कि उनके पास पीला, फिरोजी, हरा, नारंगी और बैंगनी रंग उपलब्ध हैं। बताया कि कई स्कूलों में समूह के माध्यम से गुलाल की आपूर्ति की जाती है।
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कैसे बनता है हर्बल गुलाल



- पहले फूलों या सब्जियों को पानी में उबाला जाता है। जब पानी आधा रह जाता है तो उसमें अच्छी तरह से अरारोट मिलाते हैं। फिर मिश्रण को धूप में सुखाने के लिए रखते हैं। जब मिश्रण पूरी तरह सूख जाता है तो गुलाल को पैकेट में भरकर बिक्री के लिए रख दिया जाता है। एक किलोग्राम गुलाल तैयार करने के लिए एक किलोग्राम अरारोट में 100 मिलीलीटर फूलों और सब्जियों के पानी को मिलाया जाता है।
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स्वास्थ्य के लिए नुकसानदायक है केमिकल युक्त रंग



उप जिला अस्पताल में चिकित्सा अधीक्षक डॉ. विजय सिंह ने बताया कि केमिकल युक्त हर्बल रंग स्वास्थ्य के लिए नुकसानदायक होता है। इन रंगों में शरीर के लिए बेहद घातक केमिकल होते है। वहीं, रंगों में कांच भी मिश्रित होता है। बताया कि इन रंगों से त्वचा और आंखों में एलर्जी, घाव, सांस में दिक्कत, उल्टी, दस्त आदि की शिकायत हो सकती है। केमिकल युक्त रंगों के प्रयोग से त्वचा कैंसर, किडनी और पेट संबंधी गंभीर रोगों की आशंका भी रहती है।







किस केमिकल से बनता है कौन सा रंग



लाल रंग - मरकरी सल्फाइट



हरा रंग- कॉपर सल्फेट



काला रंग- लेड ऑक्साइड



नीला रंग- प्यूशियन ब्लू



सिल्वर रंग- एल्युमिनियम ब्रोमाइड होता







केमिकल युक्त रंग की पहचान



- सूखे रंग या गुलाल में चमक हो तो उसमें कांच का पाउडर मिला होता है।



- रंग या गुलाल में दुर्गंध आए तो उसमें केमिकल या इंजन ऑयल मिला हुआ है।



- रंग को पानी में मिलाने अगर वह पूरी तरह न घुले तो रंग सिंथेटिक है।
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