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निजी स्कूलों में प्रवेश के लिए 1630 ने किया आनलाइन आवेदन
Updated Thu, 19 Apr 2018 02:28 AM IST
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निजी स्कूलों में प्रवेश के लिए 1630 ने किया आनलाइन आवेदन
ब्यूरो/अमर उजाला
देहरादून।
शिक्षा का अधिकार अधिनियम (आरटीई) के तहत जिले के बड़े निजी स्कूलों में प्रवेश के लिए जिले में तीन दिनों के भीतर 1630 बच्चों ने आनलाइन पंजीकरण कराया है। विभागीय अफसरों के मुताबिक पिछले रविवार से निर्धारित स्कूलों के लिए पंजीकरण शुरू हुआ है। जिला बेसिक शिक्षाधिकारी के मुताबिक 25 अप्रैल तक पंजीकरण होंगे। उसके बाद बच्चों को प्राथमिकता के आधार पर स्कूलों का आवंटन किया जाएगा।
राज्य में पहली बार आनलाइन पंजीकरण का काम इंडस एक्शन नामक संस्था को सौंपा गया है। जिले मेें 601 स्कूल पंजीकृत हैं। इन्हीं स्कूलों में प्रवेश के लिए बच्चे पंजीकरण कराए जा रहे हैं। आरटीई के तहत अंग्रेजी माध्यम के निजी स्कूलों में गरीब बच्चों को कुल सीटों में से 25 फीसदी पर प्रवेश दिलाने का नियम है। इन बच्चों की पढ़ाई का खर्च सरकार वहन करती है। साथ ही इन बच्चोें के ड्रेस और किताबों का भी खर्च सरकार वहन करती है।
इससे पहले आरटीई के तहत प्रवेश शिक्षा विभाग की ओर से किए जाते थे। इस बार विभाग ने बदलाव करते हुए चार जिलों ऑनलाइन प्रवेश प्रक्रिया शुरू की है। जिसमें देहरादून, हरिद्वार, चमोली और बागेश्वर जैसे जिले शामिल हैं।
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देहरादून में 15 अप्रैल से आरटीई के तहत पंजीकरण शुरू हो चुके हैं। पंजीकरण के बाद बच्चों को ऑनलाइन ही स्कूल आवंटित किए जाएंगे। यदि स्कूलों में तय सीटों से अधिक संख्या में बच्चों के आवेदन आते हैं तो लाटरी के आधार पर सीटें आवंटित की जाएंगी। जिला शिक्षा अधिकारी बेसिक हेमलता भट्ट ने बताया कि शिक्षा के अधिकार के तहत प्रवेश की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। इंडस एक्शन संस्था को ऑनलाइन प्रवेश कराने की जिम्मेदारी सौंपी गई है। इसमें विभाग की ओर से हरसंभव मदद मुहैया करायी जा रही है।
लाटरी के जरिये मिलेगा एडमिशन
शिक्षा के अधिकार के तहत तय सीटों से अधिक बच्चों के आवेदन आने पर ऑनलाइन ही लॉटरी से बच्चों को स्कूल का आवंटन किया जाएगा। कंप्यूटर के जरिये रेंडम आधार पर लाटरी निकाली जाएगी। विभागीय अफसरों के मुताबिक कंप्यूटर पंजीकृत बच्चों में से एक बच्चे का नाम चयनित करने के बाद उसकी पहली प्राथमिकता वाले स्कूल को आवंटित करेगा। यदि स्कूल में सीट नहीं भरी है तो वह सीट बच्चे को आवंटित हो जाएगी। यदि सीट भर गई है तो आवंटन निरस्त माना जाएगा। सभी बच्चों की पहली प्राथमिकता आवंटित करने के बाद कंप्यूटर दूसरी प्राथमिकता के लिए रेंडम आधार पर बच्चों को चयनित कर स्कूल आवंटित करेगा। सीटें भर जाने तक इसी प्रक्रिया से सीटें आवंटित होती रहेगी। इसके बाद बच्चों को स्कूल मेें चयनित होने की जानकारी दी जाएगी।
ऐसे करें आवेदन
जिला शिक्षा अधिकारी हेमलता भट्ट ने बताया कि rte121c-ukd.in वेबसाइट पर जाकर आनलाइन आवेदन किए जा सकते हैं।
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ब्यूरो/अमर उजाला
देहरादून।
शिक्षा का अधिकार अधिनियम (आरटीई) के तहत जिले के बड़े निजी स्कूलों में प्रवेश के लिए जिले में तीन दिनों के भीतर 1630 बच्चों ने आनलाइन पंजीकरण कराया है। विभागीय अफसरों के मुताबिक पिछले रविवार से निर्धारित स्कूलों के लिए पंजीकरण शुरू हुआ है। जिला बेसिक शिक्षाधिकारी के मुताबिक 25 अप्रैल तक पंजीकरण होंगे। उसके बाद बच्चों को प्राथमिकता के आधार पर स्कूलों का आवंटन किया जाएगा।
राज्य में पहली बार आनलाइन पंजीकरण का काम इंडस एक्शन नामक संस्था को सौंपा गया है। जिले मेें 601 स्कूल पंजीकृत हैं। इन्हीं स्कूलों में प्रवेश के लिए बच्चे पंजीकरण कराए जा रहे हैं। आरटीई के तहत अंग्रेजी माध्यम के निजी स्कूलों में गरीब बच्चों को कुल सीटों में से 25 फीसदी पर प्रवेश दिलाने का नियम है। इन बच्चों की पढ़ाई का खर्च सरकार वहन करती है। साथ ही इन बच्चोें के ड्रेस और किताबों का भी खर्च सरकार वहन करती है।
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इससे पहले आरटीई के तहत प्रवेश शिक्षा विभाग की ओर से किए जाते थे। इस बार विभाग ने बदलाव करते हुए चार जिलों ऑनलाइन प्रवेश प्रक्रिया शुरू की है। जिसमें देहरादून, हरिद्वार, चमोली और बागेश्वर जैसे जिले शामिल हैं।
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देहरादून में 15 अप्रैल से आरटीई के तहत पंजीकरण शुरू हो चुके हैं। पंजीकरण के बाद बच्चों को ऑनलाइन ही स्कूल आवंटित किए जाएंगे। यदि स्कूलों में तय सीटों से अधिक संख्या में बच्चों के आवेदन आते हैं तो लाटरी के आधार पर सीटें आवंटित की जाएंगी। जिला शिक्षा अधिकारी बेसिक हेमलता भट्ट ने बताया कि शिक्षा के अधिकार के तहत प्रवेश की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। इंडस एक्शन संस्था को ऑनलाइन प्रवेश कराने की जिम्मेदारी सौंपी गई है। इसमें विभाग की ओर से हरसंभव मदद मुहैया करायी जा रही है।
लाटरी के जरिये मिलेगा एडमिशन
शिक्षा के अधिकार के तहत तय सीटों से अधिक बच्चों के आवेदन आने पर ऑनलाइन ही लॉटरी से बच्चों को स्कूल का आवंटन किया जाएगा। कंप्यूटर के जरिये रेंडम आधार पर लाटरी निकाली जाएगी। विभागीय अफसरों के मुताबिक कंप्यूटर पंजीकृत बच्चों में से एक बच्चे का नाम चयनित करने के बाद उसकी पहली प्राथमिकता वाले स्कूल को आवंटित करेगा। यदि स्कूल में सीट नहीं भरी है तो वह सीट बच्चे को आवंटित हो जाएगी। यदि सीट भर गई है तो आवंटन निरस्त माना जाएगा। सभी बच्चों की पहली प्राथमिकता आवंटित करने के बाद कंप्यूटर दूसरी प्राथमिकता के लिए रेंडम आधार पर बच्चों को चयनित कर स्कूल आवंटित करेगा। सीटें भर जाने तक इसी प्रक्रिया से सीटें आवंटित होती रहेगी। इसके बाद बच्चों को स्कूल मेें चयनित होने की जानकारी दी जाएगी।
ऐसे करें आवेदन
जिला शिक्षा अधिकारी हेमलता भट्ट ने बताया कि rte121c-ukd.in वेबसाइट पर जाकर आनलाइन आवेदन किए जा सकते हैं।