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भुगतान की तारीक्ष सिर पर, तैयारी कुछ नहीं
Updated Mon, 26 Jun 2017 10:07 PM IST
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उत्तम शुगर मिल की ओर से गन्ना का भुगतान करने के लिए मात्र चार दिन शेष हैं। इकबालपुर मिल को भी जुलाई के पहले सप्ताह में वादे के अनुसार भुगतान करना है, लेकिन अभी तक किसी की ओर से कोई तैयारी नहीं हैं। ऐसे में किसान समय से भुगतान करने के लिए आशंकित है।
22 जून को ज्वाइंट मजिस्ट्रेट मयूर दीक्षित ने किसानों का बकाया गन्ना भुगतान कराने के लिए शुगर मिलों के साथ बैठक की थी। इसमें किसान संगठनों के नेताओं ने भी भाग लिया था। बैठक में किसान नेताओं की ओर से मिल प्रबंधन से किसानों का भुगतान मांगा था। इस पर ज्वाइंट मजिस्ट्रेट ने भी किसानों को भुगतान करने के निर्देश दिए थे। इसमें उत्तम शुगर मिल प्रबंधन ने वादा किया था कि वह 30 जून तक 12 करोड़ रुपये का भुगतान कर देगा। साथ ही इकबालपुर मिल की ओर से भी छह करोड़ का भुगतान छह जुलाई तक करने का भरोसा दिया था। उत्तम मिल की ओर से भुगतान के लिए महज चार दिन है, लेकिन मिल की ओर से अभी तक कोई कागजी कार्रवाई शुरू नहीं की। इससे किसानों एवं प्रशासन को फिर से मिल प्रबंधन के वादे पर आशंका है। समिति के सचिव प्रदीप कुमार वर्मा ने बताया कि 30 जून तक भुगतान नहीं करने पर मिल के खिलाफ ज्वाइंट मजिस्ट्रेट के निर्देशों के अनुपालन में कार्रवाई की जाएगी।
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उत्तम शुगर मिल की ओर से गन्ना का भुगतान करने के लिए मात्र चार दिन शेष हैं। इकबालपुर मिल को भी जुलाई के पहले सप्ताह में वादे के अनुसार भुगतान करना है, लेकिन अभी तक किसी की ओर से कोई तैयारी नहीं हैं। ऐसे में किसान समय से भुगतान करने के लिए आशंकित है।
22 जून को ज्वाइंट मजिस्ट्रेट मयूर दीक्षित ने किसानों का बकाया गन्ना भुगतान कराने के लिए शुगर मिलों के साथ बैठक की थी। इसमें किसान संगठनों के नेताओं ने भी भाग लिया था। बैठक में किसान नेताओं की ओर से मिल प्रबंधन से किसानों का भुगतान मांगा था। इस पर ज्वाइंट मजिस्ट्रेट ने भी किसानों को भुगतान करने के निर्देश दिए थे। इसमें उत्तम शुगर मिल प्रबंधन ने वादा किया था कि वह 30 जून तक 12 करोड़ रुपये का भुगतान कर देगा। साथ ही इकबालपुर मिल की ओर से भी छह करोड़ का भुगतान छह जुलाई तक करने का भरोसा दिया था। उत्तम मिल की ओर से भुगतान के लिए महज चार दिन है, लेकिन मिल की ओर से अभी तक कोई कागजी कार्रवाई शुरू नहीं की। इससे किसानों एवं प्रशासन को फिर से मिल प्रबंधन के वादे पर आशंका है। समिति के सचिव प्रदीप कुमार वर्मा ने बताया कि 30 जून तक भुगतान नहीं करने पर मिल के खिलाफ ज्वाइंट मजिस्ट्रेट के निर्देशों के अनुपालन में कार्रवाई की जाएगी।
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