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नए सत्र का एक महीना बीता, किताबों का संकट बरकरार
Updated Tue, 01 May 2018 02:04 AM IST
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ब्यूरो/अमर उजाला/देहरादून।
नए शैक्षिक सत्र का एक महीना बीत चुका है, लेकिन बाजार में अभी तक एनसीआरटी की किताबों का संकट बना हुआ है। गणित की किताबों को लेकर अभिभावक पुस्तक विक्रेताओं के चक्कर लगा रहे हैं। वहीं पुस्तक विक्रेताओं के मुताबिक किताबों की समस्या मई में खत्म हो पाएगी।
सभी स्कूलों में एनसीईआरटी पाठ्यक्रम की पुस्तकों की अनिवार्यता के सरकार के फैसले को एक महीना पूरा हो चुका है, लेकिन बाजार में किताबों की किल्लत खत्म होने का नाम नहीं ले रही है। एनसीईआरटी पाठ्यक्रम वाली कक्षा चार से नौ तक की गणित की किताबें अभी भी बाजार में नहीं मिल रही है। इस समस्या के बाबत अभिभावक कई बार शिक्षा अधिकारियों से गुहार लगा चुके हैं, लेकिन कोई हल नहीं निकल सका। अभिभावकों की भीड़ सोमवार को भी पुस्तक विक्रेताओं के पास चक्कर लगाते दिखे। उधर, हाई कोर्ट के निर्देश के बाद भी बाजार में सस्ती रेफरेंस बुक भी नहीं मिल रही हैं।
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नए शैक्षिक सत्र का एक महीना बीत चुका है, लेकिन बाजार में अभी तक एनसीआरटी की किताबों का संकट बना हुआ है। गणित की किताबों को लेकर अभिभावक पुस्तक विक्रेताओं के चक्कर लगा रहे हैं। वहीं पुस्तक विक्रेताओं के मुताबिक किताबों की समस्या मई में खत्म हो पाएगी।
सभी स्कूलों में एनसीईआरटी पाठ्यक्रम की पुस्तकों की अनिवार्यता के सरकार के फैसले को एक महीना पूरा हो चुका है, लेकिन बाजार में किताबों की किल्लत खत्म होने का नाम नहीं ले रही है। एनसीईआरटी पाठ्यक्रम वाली कक्षा चार से नौ तक की गणित की किताबें अभी भी बाजार में नहीं मिल रही है। इस समस्या के बाबत अभिभावक कई बार शिक्षा अधिकारियों से गुहार लगा चुके हैं, लेकिन कोई हल नहीं निकल सका। अभिभावकों की भीड़ सोमवार को भी पुस्तक विक्रेताओं के पास चक्कर लगाते दिखे। उधर, हाई कोर्ट के निर्देश के बाद भी बाजार में सस्ती रेफरेंस बुक भी नहीं मिल रही हैं।
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