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भारी सुरक्षा के बीच ज्वालापुर में हटाया अतिक्रमण
Updated Thu, 20 Sep 2018 01:28 AM IST
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ब्यूरो/ अमर उजाला, हरिद्वार
अतिक्रमण हटाओ अभियान के तहत आठवें दिन जिला प्रशासन की टीम ने जटवाड़ा पुल से आगे ज्वालापुर कोतवाली से सड़क चौड़ीकरण के लिए अतिक्रमण हटाना शुरू किया। इसमेें कोतवाली से लेकर दोनों तरफ की दुकानें एवं मकानों को आगे से तोड़ा गया। अतिक्रमण की चपेट में मदरसा, मस्जिद के सामने बने बाथरूम आदि के साथ नगर निगम की दुकानों को भी तोड़ गिराया।
बुधवार को ज्वालापुर में पीडब्ल्यूडी की सड़क पर हुए अतिक्रमण को हटाने के लिए जिला प्रशासन की टीम ने भारी पुलिस बल के साथ अभियान शुरू किया। सिटी मजिस्ट्रेट मनीष सिंह और नगर आयुक्त ललित नारायण मिश्रा के नेतृत्व में पांच जेसीबी एवं बुलडोजर को मैदान में उतारा। टीम ने जटवाड़ा कोतवाली के बोर्ड के साथ नगर निगम की दुकानों को तोड़ना शुरू किया। यहां से कई दुकानों को तोड़ते हुए टीम आगे बढ़ी। यहां से टीम मस्जिद के सामने पहुंची तो प्रबंधक अब्दुल समद अंसारी ने मस्जिद के सामने बने शौचालयों को स्वयं तुड़वाने का आश्वासन दिया और एक युवक को तोड़ने पर लगा दिया। मस्जिद के सामने के मदरसे के अगले हिस्से को भी लोगों ने स्वयं तोड़ने का काम जारी रखा। इसके बाद मदरसे के आगे एक मकान को तोड़ने के लिए जेसीबी लगी तो मकान मालिक ने विरोध किया। इस पर सिटी मजिस्ट्रेट के साथ पुलिस बल ने लाठी फटकार कर भीड़ को मौके से हटाया। अतिक्रमण हटाने को पूरा अमला आगे बढ़ता रहा और रेलवे ट्रेक पर बने ऊंचे पुल की शुरुआत तक अतिक्रमण हटाते हुए रेलवे स्टेशन की रोड रेल पुलिस चौकी तक कारवां चला गया। अतिक्रमण हटाने के दौरान भारी संख्या में लोग एकत्र रहे।
रहने और व्यापार करने लायक नहीं छोड़े प्रतिष्ठान
सिंहद्वार से कनखल में बूढ़ी माता मंदिर तिराहे के बाद अब ज्वालापुर में कोतवाली से लेकर रेल पुलिस चौकी तक मकान और दुकान को नहीं बख्शा। सड़क किनारे वाले लोग न तो अब मकान में रह सकते और न ही व्यापार करने लायक छोड़ा। प्रशासन की टीम ने अतिक्रमण हटाने के दौरान दुकान और मकानों को आगे से तोड़ दिया है। मजबूरी में व्यापारी मकान और दुकान छोड़कर अन्य स्थान पर सामान शिफ्ट करने में लगे रहे।
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अतिक्रमण हटाओ अभियान के तहत आठवें दिन जिला प्रशासन की टीम ने जटवाड़ा पुल से आगे ज्वालापुर कोतवाली से सड़क चौड़ीकरण के लिए अतिक्रमण हटाना शुरू किया। इसमेें कोतवाली से लेकर दोनों तरफ की दुकानें एवं मकानों को आगे से तोड़ा गया। अतिक्रमण की चपेट में मदरसा, मस्जिद के सामने बने बाथरूम आदि के साथ नगर निगम की दुकानों को भी तोड़ गिराया।
बुधवार को ज्वालापुर में पीडब्ल्यूडी की सड़क पर हुए अतिक्रमण को हटाने के लिए जिला प्रशासन की टीम ने भारी पुलिस बल के साथ अभियान शुरू किया। सिटी मजिस्ट्रेट मनीष सिंह और नगर आयुक्त ललित नारायण मिश्रा के नेतृत्व में पांच जेसीबी एवं बुलडोजर को मैदान में उतारा। टीम ने जटवाड़ा कोतवाली के बोर्ड के साथ नगर निगम की दुकानों को तोड़ना शुरू किया। यहां से कई दुकानों को तोड़ते हुए टीम आगे बढ़ी। यहां से टीम मस्जिद के सामने पहुंची तो प्रबंधक अब्दुल समद अंसारी ने मस्जिद के सामने बने शौचालयों को स्वयं तुड़वाने का आश्वासन दिया और एक युवक को तोड़ने पर लगा दिया। मस्जिद के सामने के मदरसे के अगले हिस्से को भी लोगों ने स्वयं तोड़ने का काम जारी रखा। इसके बाद मदरसे के आगे एक मकान को तोड़ने के लिए जेसीबी लगी तो मकान मालिक ने विरोध किया। इस पर सिटी मजिस्ट्रेट के साथ पुलिस बल ने लाठी फटकार कर भीड़ को मौके से हटाया। अतिक्रमण हटाने को पूरा अमला आगे बढ़ता रहा और रेलवे ट्रेक पर बने ऊंचे पुल की शुरुआत तक अतिक्रमण हटाते हुए रेलवे स्टेशन की रोड रेल पुलिस चौकी तक कारवां चला गया। अतिक्रमण हटाने के दौरान भारी संख्या में लोग एकत्र रहे।
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रहने और व्यापार करने लायक नहीं छोड़े प्रतिष्ठान
सिंहद्वार से कनखल में बूढ़ी माता मंदिर तिराहे के बाद अब ज्वालापुर में कोतवाली से लेकर रेल पुलिस चौकी तक मकान और दुकान को नहीं बख्शा। सड़क किनारे वाले लोग न तो अब मकान में रह सकते और न ही व्यापार करने लायक छोड़ा। प्रशासन की टीम ने अतिक्रमण हटाने के दौरान दुकान और मकानों को आगे से तोड़ दिया है। मजबूरी में व्यापारी मकान और दुकान छोड़कर अन्य स्थान पर सामान शिफ्ट करने में लगे रहे।
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