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अग्नि सुरक्षा समितियों के गठन करें
Updated Sat, 10 Feb 2018 02:00 AM IST
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अग्नि सुरक्षा समितियों के गठन करें
ब्यूरो/अमर उजाला
देहरादून।
वनाग्नि से वनों की सुरक्षा को लेकर कलेक्ट्रेट सभागार में आयोजित बैठक में जिलाधिकारी एसए मुरुगेशन ने वन विभाग के अधिकारियों एवं उप जिलाधिकारियों को निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि पिछले वर्ष की तरह इस वर्ष भी अग्नि सुरक्षा समितियों का गठन किया जाए।
जिलाधिकारी ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि वनों की आग से की जाने वाली सुरक्षा एवं व्यवस्था के लिए सभी तैयारियां एवं व्यवस्था करें। जिन क्षेत्र में वनाग्नि की अधिक आशंका रहती है, उन क्षेत्रों में अधिक वन समितियों का गठन किया जाए। उन्होंने सभी उप जिलाधिकारियों को भी निर्देश दिए कि वे अपने क्षेत्रों में सिविल, वन पंचायतों में तहसीलदारों, पटवारियों और लेखपालों को सतर्क रहने के निर्देश दें।
प्रभागीय वनाधिकारी देहरादून राजीव धीमान ने कहा कि वनों की आग से सुरक्षा के लिए विभाग की ओर से कार्य योजना तैयार की गई है जिसमें मुख्य सड़कों के किनारे बफर जोन एवं अग्नि पट्टियों को साफ रखना, वनों के समीप रहने वाले लोगों को अग्नि दुघर्टनाओं से होने वाली हानियों की जानकारी देकर उन्हें जागरूक किया जाएगा। इसके अलावा क्रू स्टेशनों की स्थापना एवं फायर वाचरों की तैनाती की गई है। जनपद में 116 क्रू स्टेशन बनाए गए हैं। इसमें देहरादून वन प्रभाग में 33, कालसी में 25, चकराता में 27, मसूरी में 19, राजाजी टाइगर रिजर्व में 12 स्टेशन हैं।
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बैठक में उप जिलाधिकारी ऋषिकेश हरि गिरि, उप जिलाधिकारी डोईवाला कुसुम चौहान, प्रभागीय वन अधिकारी मसूरी कहकशां नसीम, प्रभागीय वनाधिकारी कालसी सुरेंद्र कुमार, प्रभागीय वन अधिकारी चकराता डीसी आर्य, जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी दीपशिखा रावत आदि मौजूद रहे।
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ब्यूरो/अमर उजाला
देहरादून।
वनाग्नि से वनों की सुरक्षा को लेकर कलेक्ट्रेट सभागार में आयोजित बैठक में जिलाधिकारी एसए मुरुगेशन ने वन विभाग के अधिकारियों एवं उप जिलाधिकारियों को निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि पिछले वर्ष की तरह इस वर्ष भी अग्नि सुरक्षा समितियों का गठन किया जाए।
जिलाधिकारी ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि वनों की आग से की जाने वाली सुरक्षा एवं व्यवस्था के लिए सभी तैयारियां एवं व्यवस्था करें। जिन क्षेत्र में वनाग्नि की अधिक आशंका रहती है, उन क्षेत्रों में अधिक वन समितियों का गठन किया जाए। उन्होंने सभी उप जिलाधिकारियों को भी निर्देश दिए कि वे अपने क्षेत्रों में सिविल, वन पंचायतों में तहसीलदारों, पटवारियों और लेखपालों को सतर्क रहने के निर्देश दें।
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प्रभागीय वनाधिकारी देहरादून राजीव धीमान ने कहा कि वनों की आग से सुरक्षा के लिए विभाग की ओर से कार्य योजना तैयार की गई है जिसमें मुख्य सड़कों के किनारे बफर जोन एवं अग्नि पट्टियों को साफ रखना, वनों के समीप रहने वाले लोगों को अग्नि दुघर्टनाओं से होने वाली हानियों की जानकारी देकर उन्हें जागरूक किया जाएगा। इसके अलावा क्रू स्टेशनों की स्थापना एवं फायर वाचरों की तैनाती की गई है। जनपद में 116 क्रू स्टेशन बनाए गए हैं। इसमें देहरादून वन प्रभाग में 33, कालसी में 25, चकराता में 27, मसूरी में 19, राजाजी टाइगर रिजर्व में 12 स्टेशन हैं।
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बैठक में उप जिलाधिकारी ऋषिकेश हरि गिरि, उप जिलाधिकारी डोईवाला कुसुम चौहान, प्रभागीय वन अधिकारी मसूरी कहकशां नसीम, प्रभागीय वनाधिकारी कालसी सुरेंद्र कुमार, प्रभागीय वन अधिकारी चकराता डीसी आर्य, जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी दीपशिखा रावत आदि मौजूद रहे।