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जल निगम की टीम ने किया दोगी पट्टी के गांवों का दौरा
Updated Sun, 29 Apr 2018 02:32 AM IST
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ब्यूरो/अमर उजाला,ऋषिकेश।
नरेंद्रनगर प्रखंड की दोगी पट्टी के गांवों में गहराए पेयजल संकट को लेकर जल निगम मुनिकीरेती डिवीजन ने आखिरकार सुध ले ली है। विभागीय टीम ने शनिवार को दोगी पट्टी के पेयजल किल्लत से जूझ रहे गांवों का दौरा किया और एक सप्ताह में वैकल्पिक व्यवस्था के तहत प्रभावित गांवों में पानी उपलब्ध कराने की बात कही है। बूंद-बूंद पानी को मोहताज गांवों के लोगों को फिलहाल सुदूर पेयजल स्रोतों से जरुरत का पानी ढोने को मजबूर होना पड़ रहा है।
शनिवार को अमर उजाला ने ‘पारा चढ़ते ही दोगी पट्टी में गहराया पेयजल संकट’ शीर्षक से ग्रामीणों की पेयजल समस्या का समाचार प्रकाशित किया था। खबर प्रकाशित होने के बाद जल निगम मुनिकीरेती डिवीजन हरकत में आया। शनिवार को कर्मचारियों की टीम पेयजल किल्लत से जूझ रहे गांवों में पहुंची। विभागीय सहायक अभियंता एसएन सिंह ने बताया कि विभाग पीबीसी पाइपों के माध्यम से सूरजकुंड रानीताल पेयजल योजना के तहत बने पेयजल टैंकों से अत्यधिक प्रभावित गांवों तक पेयजल उपलब्ध कराएगा। इस पर कार्य शुरू करा दिया गया है।
बताया कि सप्ताह भर में ऐसे सभी गांवों जिनमें पूर्व में टैंकरों के जरिए सप्लाई दी जाती रही है उनमें पेयजल आपूर्ति की अस्थायी व्यवस्था करा दी जाएगी। योजना के तहत वितरण प्रणाली की टेंडरिंग प्रक्रिया पूरी की जा चुकी है। जल्द गांवों तक स्थायी पेयजल लाइनें बिछाने का कार्य भी विभाग शुरू कराएगा। गौरतलब है कि पट्टी के लोयल, पावकी देवी, गुरालीधार, नाई खेतू, काकड़सैण, लोकल, डाबर, बबलाणा, बागी, बैराईगांव खेतू,सिलकणी, पजैगांव आदि गांव करीब एक पखवाड़े से पेयजल संकट से जूझ रहे हैं।
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नरेंद्रनगर प्रखंड की दोगी पट्टी के गांवों में गहराए पेयजल संकट को लेकर जल निगम मुनिकीरेती डिवीजन ने आखिरकार सुध ले ली है। विभागीय टीम ने शनिवार को दोगी पट्टी के पेयजल किल्लत से जूझ रहे गांवों का दौरा किया और एक सप्ताह में वैकल्पिक व्यवस्था के तहत प्रभावित गांवों में पानी उपलब्ध कराने की बात कही है। बूंद-बूंद पानी को मोहताज गांवों के लोगों को फिलहाल सुदूर पेयजल स्रोतों से जरुरत का पानी ढोने को मजबूर होना पड़ रहा है।
शनिवार को अमर उजाला ने ‘पारा चढ़ते ही दोगी पट्टी में गहराया पेयजल संकट’ शीर्षक से ग्रामीणों की पेयजल समस्या का समाचार प्रकाशित किया था। खबर प्रकाशित होने के बाद जल निगम मुनिकीरेती डिवीजन हरकत में आया। शनिवार को कर्मचारियों की टीम पेयजल किल्लत से जूझ रहे गांवों में पहुंची। विभागीय सहायक अभियंता एसएन सिंह ने बताया कि विभाग पीबीसी पाइपों के माध्यम से सूरजकुंड रानीताल पेयजल योजना के तहत बने पेयजल टैंकों से अत्यधिक प्रभावित गांवों तक पेयजल उपलब्ध कराएगा। इस पर कार्य शुरू करा दिया गया है।
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बताया कि सप्ताह भर में ऐसे सभी गांवों जिनमें पूर्व में टैंकरों के जरिए सप्लाई दी जाती रही है उनमें पेयजल आपूर्ति की अस्थायी व्यवस्था करा दी जाएगी। योजना के तहत वितरण प्रणाली की टेंडरिंग प्रक्रिया पूरी की जा चुकी है। जल्द गांवों तक स्थायी पेयजल लाइनें बिछाने का कार्य भी विभाग शुरू कराएगा। गौरतलब है कि पट्टी के लोयल, पावकी देवी, गुरालीधार, नाई खेतू, काकड़सैण, लोकल, डाबर, बबलाणा, बागी, बैराईगांव खेतू,सिलकणी, पजैगांव आदि गांव करीब एक पखवाड़े से पेयजल संकट से जूझ रहे हैं।
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