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जागरूकता से ही ब्रेस्ट कैंसर से बचाव
Updated Wed, 11 Apr 2018 02:04 AM IST
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ब्यूरो/अमर उजाला/ऋषिकेश।
एम्स में सामुदायिक व पारिवारिक चिकित्सा विभाग की ओर से मंगलवार को सर्जरी विभाग के सहयोग से ब्रेस्ट कैंसर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। इसमें एम्स कर्मचारियों को ब्रेस्ट कैंसर के लक्षण व उनके उपचार के बारे में बताया गया। आयोजन में एम्स में कार्य करने वाले सभी वर्गों की 80 महिलाओं ने प्रतिभाग किया। कैंसर सर्जन डॉ. बीना रवि ने कहा कि उत्तराखंड में महिलाओं में ब्रेस्ट कैंसर के कई मामले सामने आए हैं। इसकी पहचान समय पर हो जाए तो कई जिंदगियां बच सकती हैं। इसके लिए जरूरी है कि महिलाएं अपनी नियमित जांच कराएं और प्रारंभिक लक्षण की पहचान करें। इस दौरान प्रतिभागियों को डमी के माध्यम से हैंड्स ऑन एक्सपीरियंस और सेल्फ एग्जामिनेशन की तालीम दी गई। जागरूकता कार्यक्रम में डीन प्रोफेसर सुलेखा किशोर, डॉ. मीनाक्षी खबरे, डॉ. सौम्या मोहंती, डॉ. सुरभि मिश्रा, डॉ. प्रियंका डोभाल, डॉ. अश्वनी शर्मा ने सहयोग दिया।
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एम्स में सामुदायिक व पारिवारिक चिकित्सा विभाग की ओर से मंगलवार को सर्जरी विभाग के सहयोग से ब्रेस्ट कैंसर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। इसमें एम्स कर्मचारियों को ब्रेस्ट कैंसर के लक्षण व उनके उपचार के बारे में बताया गया। आयोजन में एम्स में कार्य करने वाले सभी वर्गों की 80 महिलाओं ने प्रतिभाग किया। कैंसर सर्जन डॉ. बीना रवि ने कहा कि उत्तराखंड में महिलाओं में ब्रेस्ट कैंसर के कई मामले सामने आए हैं। इसकी पहचान समय पर हो जाए तो कई जिंदगियां बच सकती हैं। इसके लिए जरूरी है कि महिलाएं अपनी नियमित जांच कराएं और प्रारंभिक लक्षण की पहचान करें। इस दौरान प्रतिभागियों को डमी के माध्यम से हैंड्स ऑन एक्सपीरियंस और सेल्फ एग्जामिनेशन की तालीम दी गई। जागरूकता कार्यक्रम में डीन प्रोफेसर सुलेखा किशोर, डॉ. मीनाक्षी खबरे, डॉ. सौम्या मोहंती, डॉ. सुरभि मिश्रा, डॉ. प्रियंका डोभाल, डॉ. अश्वनी शर्मा ने सहयोग दिया।