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हेमकुंड साहिब में मात्र साढ़े तीन फीट बर्फ-compat
Updated Sun, 08 Apr 2018 10:28 PM IST
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गोपेश्वर। इस बार हेमकुंड साहिब की यात्रा पर आने वाले तीर्थयात्रियों को बर्फ से मुश्किलों का सामना नहीं करना पड़ेगा। हेमकुंड में अभी मात्र साढ़े तीन फीट बर्फ है, जबकि पिछले वर्ष इन दिनों यहां करीब सात फीट बर्फ जमीं हुई थी। यात्रा के मुख्य पड़ाव घांघरिया में करीब एक फीट बर्फ जमीं हुई है। यात्रा मार्ग पर अटलाकुड़ी में करीब 15 फीट का हिमखंड पसरा हुआ है, जिसे हटाने के लिए सेना के 40 जवान एक मई से कार्य शुरू करेंगे।
हेमकुंड साहिब और लक्ष्मण लोकपाल मंदिर के कपाट आगामी 25 मई को श्रद्धालुओं के दर्शनार्थ खुलेंगे। गुरुद्वारा प्रबंधन कमेटी को इस बार यात्रा के बेहतर चलने की उम्मीद है। गोविंदघाट गुरुद्वारे के वरिष्ठ प्रबंधक सरदार सेवा सिंह का कहना है कि 418 इंडिपेंडेंट इंजीनियर कोर के 40 जवान 20 अप्रैल को गोविंदघाट पहुंचेंगे। वे चार दिनों तक गोविंदघाट में ठहरने के बाद एक मई से हेमकुंड साहिब से घांघरिया तक छह किलोमीटर पैदल पथ से बर्फ हटाने का कार्य करेंगे। 20 मई तक आस्था पथ को पूरी तरह खोल दिया जाएगा।
हेमकुंड साहिब और लक्ष्मण लोकपाल मंदिर के कपाट आगामी 25 मई को श्रद्धालुओं के दर्शनार्थ खुलेंगे। गुरुद्वारा प्रबंधन कमेटी को इस बार यात्रा के बेहतर चलने की उम्मीद है। गोविंदघाट गुरुद्वारे के वरिष्ठ प्रबंधक सरदार सेवा सिंह का कहना है कि 418 इंडिपेंडेंट इंजीनियर कोर के 40 जवान 20 अप्रैल को गोविंदघाट पहुंचेंगे। वे चार दिनों तक गोविंदघाट में ठहरने के बाद एक मई से हेमकुंड साहिब से घांघरिया तक छह किलोमीटर पैदल पथ से बर्फ हटाने का कार्य करेंगे। 20 मई तक आस्था पथ को पूरी तरह खोल दिया जाएगा।
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