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राजधानी के लिए शहीद स्मारक पर कांग्रेस ने किया सत्याग्रह

Sun, 28 Jan 2018 09:40 PM IST
Updated Sun, 28 Jan 2018 09:40 PM IST
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राजधानी के लिए शहीद स्मारक पर कांग्रेस ने किया सत्याग्रह

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कर्णप्रयाग। प्रदेश की स्थायी राजधानी गैरसैंण को घोषित करने की मांग को लेकर कांग्रेस ने स्थानीय लोगों के साथ मिलकर रविवार को बेनीताल स्थित शहीद स्मारक पर एक दिवसीय सत्याग्रह किया। कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने गैरसैंण राजधानी के लिए चलाए जा रहे आंदोलन को समर्थन देते हुए कहा यदि सरकार जल्द गैरसैंण को स्थायी राजधानी घोषित नहीं करती तो प्रदेश स्तर पर उग्र आंदोलन किया जाएगा।

रविवार को बेनीताल पहुंचे कांग्रेसी कार्यकर्ताओं ने सुबह दस बजे बाबा मोहन उत्तराखंडी शहीद स्मारक पर सत्याग्रह शुरू किया। समर्थन में कई लोग भी सत्याग्रह में शामिल हुए। पूर्व जिला पंचायत सदस्य वीरेंद्र मिंगवाल ने कहा कि 2 जुलाई 2004 से 8 अगस्त 2004 तक राज्य आंदोलनकारी बाबा मोहन उत्तराखंडी ने गैरसैंण को प्रदेश की स्थायी राजधानी बनाने के लिए बेनीताल में 38 दिनों तक भूख हड़ताल की। भूख हड़ताल के दौरान ही प्रशासन की कस्टडी में बाबा ने 9 अगस्त को राजधानी की मांग के लिए अपने प्राणों की आहुति दे दी थी, लेकिन सरकारों ने आज तक गैरसैंण राजधानी के मामले को हाशिए पर रखा। शाम पांच बजे तक चले सत्याग्रह से पूर्व आंदोलनकारियों ने बाबा को श्रद्धासुमन भी अर्पित किए। सत्याग्रह करने वालों में यूथ कांग्रेस के जिलाध्यक्ष देवराज रावत, नगर अध्यक्ष महेश खंडूड़ी, संजय रावत, ऐरवाड़ी के प्रधान कलम सिंह, राकेश कोटियाल, बलवंत सिंह, राजेश नेगी, पुष्कर रावत, भारती मिंगवाल, ज्येष्ठ उपप्रमुख गौतम मिंगवाल आदि शामिल थे।
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