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सतर्कता से बच गई साढ़े पचास लाख की ठगी
Updated Thu, 08 Jun 2017 10:03 PM IST
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उत्तरकाशी। जिले में एक सरकारी विभाग के खाते से साढ़े पचास लाख रुपये की ठगी होने से बच गई। खाते में रकम ट्रांजेक्शन होने से पहले ही बैैंक ने भुगतान रोक दिया। मामले में ईई की ओर से पुलिस में तहरीर दी गई है।
मामला उत्तरकाशी के ज्ञानसू स्थित विश्व बैंक खंड लोनिवि कार्यालय का है। सात जून को किसी अज्ञात शख्स ने विश्व बैंक खंड लोनिवि के खाते में साढ़े पचास लाख का फर्जी चेक लगाया। यह चेक हरियाणा के महेंद्रगढ़ से स्टेट बैंक की पटियाला की शाखा से लगाया गया था। इस पर जैसे ही बैंक ने विश्व बैंक के अधिशासी अभियंता के मोबाइल पर फोन कर उनकी ओर से लगाए गए चेक के भुगतान की बात कही तो उन्होंने तत्काल भुगतान करने से मना कर दिया। अधिशासी अभियंता रमेश चंद्र ने बताया कि जिस नंबर से फोन आया उसने खुद को स्टेट बैंक ऑफ पटियाला महेंद्रगढ़ का कर्मचारी बताया और जिस चेक नंबर से यह रकम निकालने के लिए आवेदन किया गया था, उसकी चेक बुक कार्यालय के डबल लॉकर में है। अधिशासी अभियंता रमेश चंद्र व नवीन कुमार ने बताया कि बैंक को भुगतान न करने के लिए बकायदा ईमेल और फोन पर सूचना दे दी गई थी, जिसके बाद रकम दूसरे खाते में नहीं जा पाई। वहीं प्रभारी थानाध्यक्ष विनोद थपलियाल ने बताया कि मामला संज्ञान में आया है, जिसने यह फर्जी चेक लगाया है उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
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मामला उत्तरकाशी के ज्ञानसू स्थित विश्व बैंक खंड लोनिवि कार्यालय का है। सात जून को किसी अज्ञात शख्स ने विश्व बैंक खंड लोनिवि के खाते में साढ़े पचास लाख का फर्जी चेक लगाया। यह चेक हरियाणा के महेंद्रगढ़ से स्टेट बैंक की पटियाला की शाखा से लगाया गया था। इस पर जैसे ही बैंक ने विश्व बैंक के अधिशासी अभियंता के मोबाइल पर फोन कर उनकी ओर से लगाए गए चेक के भुगतान की बात कही तो उन्होंने तत्काल भुगतान करने से मना कर दिया। अधिशासी अभियंता रमेश चंद्र ने बताया कि जिस नंबर से फोन आया उसने खुद को स्टेट बैंक ऑफ पटियाला महेंद्रगढ़ का कर्मचारी बताया और जिस चेक नंबर से यह रकम निकालने के लिए आवेदन किया गया था, उसकी चेक बुक कार्यालय के डबल लॉकर में है। अधिशासी अभियंता रमेश चंद्र व नवीन कुमार ने बताया कि बैंक को भुगतान न करने के लिए बकायदा ईमेल और फोन पर सूचना दे दी गई थी, जिसके बाद रकम दूसरे खाते में नहीं जा पाई। वहीं प्रभारी थानाध्यक्ष विनोद थपलियाल ने बताया कि मामला संज्ञान में आया है, जिसने यह फर्जी चेक लगाया है उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
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