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दिव्यांग शिविर में देर से पहुंचे डॉक्टर, हंगामा

Mon, 18 Dec 2017 10:33 PM IST
Updated Mon, 18 Dec 2017 10:33 PM IST
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दिव्यांग शिविर में देर से पहुंचे डॉक्टर, हंगामा

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कर्णप्रयाग। समाज कल्याण विभाग की ओर से आयोजित दिव्यांग शिविर में डॉक्टरों की टीम नहीं पहुंचने पर लोगों ने हंगामा किया। उन्होंने शिविर स्थल से लेकर तहसील तक नारेबाजी के साथ प्रदर्शन किया। लोगों ने आक्रोश जताते हुए कहा कि डॉक्टरों के न आने से दूर-दराज से आने वाले लोगों को फजीहत झेलनी पड़ी। प्रदर्शन का कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने भी समर्थन किया। इसके बाद डीएम को फोन पर समस्या बताई, जिसके बाद अपराह्न साढ़े तीन बजे डॉक्टरों की टीम पहुंची, लेकिन तब तक अधिकतर दिव्यांग लौट चुके थे। ऐसे में महज चार दिव्यांगों को परीक्षण के बाद प्रमाणपत्र जारी किए गए।

सोमवार को राजकीय इंटर कालेज मैदान में समाज कल्याण विभाग की ओर से पेंशन, आधार कार्ड सहित दिव्यांग परीक्षण शिविर लगाया गया था। शिविर में सुबह 8 बजे से लोगों का पहुंचना तो शुरू हो गया था, लेकिन दोपहर साढ़े बारह बजे तक जब शिविर में कोई डॉक्टर नहीं पहुंचा तो इंतजार कर रहे लोगों का गुस्सा फूट पड़ा। इस पर दिव्यांगों के तीमारदार पुष्कर सिंह रावत, मनोज सिंह सहित अन्य लोग समाज कल्याण और स्वास्थ्य विभाग के खिलाफ जीआईसी मैदान से तहसील तक नारेबाजी के साथ प्रदर्शन किया। इस दौरान कांग्रेस कार्यकर्ता भी यहां पहुंचे और प्रदर्शन को समर्थन देते हुए शिविर स्थल पहुंच गए। इसके बाद यहां हंगामा किया। कांग्रेस के प्रांतीय प्रवक्ता ने डीएम को फोन कर अव्यवस्था से अवगत कराया। इसके बाद दोपहर डेढ़ बजे एनएचएम की स्कूल हेल्थ चिकित्सकों की टीम तो यहां पहुंची, लेकिन लोगों ने जिम्मेदार डॉक्टरों की ओर से परीक्षण की बात कही। दो बजे तक डॉक्टरों का इंतजार करने के बाद करीब 35 से अधिक दिव्यांग लौट गए। पुष्कर रावत ने बताया कि स्वर्का से दो लोग 14 किमी पैदल चलकर यहां पहुंचे। कई लोगों को पीठ पर यहां लाया गया, लेकिन दिव्यांग प्रमाणपत्र न बनने से लौटना पड़ा। साढ़े तीन बजे विशेषज्ञ डॉक्टरों की टीम यहां पहुंची, लेकिन अधिकतर दिव्यांगों के लौट जाने के कारण मात्र चार लोगों के प्रमाणपत्र ही बन पाए। वहीं सहायक समाज कल्याण अधिकारी धनंजय लिंगवाल ने बताया कि स्वास्थ्य विभाग को कई दिन पहले अवगत कराया गया था, लेकिन समय से नहीं पहुंचने के कारण दूरस्थ क्षेत्र से आए लोग वापस चले गए। अब बाद में तिथि तय कर शिविर लगाया जाएगा। उन्होंने बताया कि शिविर में 26 पेंशन के आवेदन लिए गए हैं। साथ ही कई आधार नंबर लिंक किए गए हैं। प्रदर्शन करने वालों में वीरेंद्र रावत, राजेश्वरी नेगी, प्रमुख राधा देवी, हरीश सती और महेश खंडूड़ी सहित कई लोग शामिल थे।
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