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ढाई साल बाद भी 22 करोड़ की योजना अधूरी
Updated Wed, 11 Jul 2018 12:33 AM IST
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हरिद्वार। एशियन डेवलपमेंट बैंक की सहायातित पर्यटन संरचना विकास निवेश कार्यक्रम के तहत निर्धारित समय पर कांवड़ पटरी का निर्माण कार्य पूरा नहीं हो सका है। जबकि पटरी सहित मार्ग पर विभिन्न प्रकार की सुविधाओं के लिए 22 करोड़ रुपये का बजट जारी किया गया है।
कार्यक्रम के अंतर्गत 19 सितंबर 2015 को कांवड़ पटरी का निर्माण कार्य शुरू किया गया था। योजना के तहत शंकराचार्य चौक से पुल जटवाड़ा तक कांवड़ पटरी के पैदल मार्ग पर लोगों के बैठने के लिए बेंच लगाई जानी है। पथ प्रकाश के लिए सोलर लाइट, पेयजल की व्यवस्था के लिए जगह-जगह नल और पौधारोपण भी किया जाना है। गुरुकुल कांगड़ी महाविद्यालय के समीप ढाई करोड़ रुपये की लागत से मल्टीफैसिलिटी सेंटर का निर्माण किया जाना है। मल्टीफैसिलिटी सेंटर में बीस शौचालय, एक रेस्टोरेंट, लंगर के लिए हॉल और लगभग तीन सौ लोगों के बैठने की सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी। लेकिन निर्माण कार्य पूर्ण करने की समयावधि को जुलाई 2017 में ही समाप्त हो गई है। लेकिन मार्ग पर न ही पौधारोपण किया गया है और न ही अब तक पथ प्रकाश के लिए लाइटें लगाई गई हैं। यहां तक की मल्टीफैसिलिटी सेंटर का निर्माण भी अधूरा है।
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कार्यक्रम के अंतर्गत 19 सितंबर 2015 को कांवड़ पटरी का निर्माण कार्य शुरू किया गया था। योजना के तहत शंकराचार्य चौक से पुल जटवाड़ा तक कांवड़ पटरी के पैदल मार्ग पर लोगों के बैठने के लिए बेंच लगाई जानी है। पथ प्रकाश के लिए सोलर लाइट, पेयजल की व्यवस्था के लिए जगह-जगह नल और पौधारोपण भी किया जाना है। गुरुकुल कांगड़ी महाविद्यालय के समीप ढाई करोड़ रुपये की लागत से मल्टीफैसिलिटी सेंटर का निर्माण किया जाना है। मल्टीफैसिलिटी सेंटर में बीस शौचालय, एक रेस्टोरेंट, लंगर के लिए हॉल और लगभग तीन सौ लोगों के बैठने की सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी। लेकिन निर्माण कार्य पूर्ण करने की समयावधि को जुलाई 2017 में ही समाप्त हो गई है। लेकिन मार्ग पर न ही पौधारोपण किया गया है और न ही अब तक पथ प्रकाश के लिए लाइटें लगाई गई हैं। यहां तक की मल्टीफैसिलिटी सेंटर का निर्माण भी अधूरा है।
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