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उपनल कर्मचारी भी सरकार से नाराज
Updated Sun, 13 May 2018 02:36 AM IST
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ब्यूरो/ अमर उजाला, देहरादून
11 माह के अनुबंध के साथ रोस्टर व्यवस्था लागू किए जाने के विरोध में प्रदेशभर के उपनल कर्मचारी आंदोलन का मन बना रहे हैं। रणनीति बनाने के लिए उपनल कर्मचारी महासंघ की आज एक महत्वपूर्ण बैठक होगी।
27 अप्रैल को लागू हुए शासनादेश के अनुसार उपनलकर्मियों के 11 माह के अनुबंध के दौरान रोस्टर व्यवस्था लागू की जाएगी। इसका तात्पर्य है कि कर्मचारी का नया अनुबंध किसी दूसरे पटल पर किया जाएगा। इसको लेकर प्रदेशभर से उपनल कर्मचारी खासे नाराज हैं। विरोध में कर्मचारी रविवार सुबह कालूमल धर्मशाला में बैठक करेंगे। देहरादून जिले के सभी विभागों के प्रमुख नेता आंदोलन को लेकर रणनीति बनाएंगे।
उपनल कर्मचारी महासंघ के प्रदेश मीडिया प्रभारी हेमंत रावत ने कहा कि शासनादेश के अनुसार नए अनुबंध के बाद वर्षों से एक ही जगह काम कर रहे कर्मचारियों को नई जगह शिफ्ट कर दिया जाएगा। नए कर्मचारी को काम समझने में वक्त भी लगेगा, वहीं पूर्व में काम करने वाले कर्मचारी के अनुभव का लाभ विभाग को नहीं मिलेगा। इससे विभाग का भी नुकसान होगा।
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11 माह के अनुबंध के साथ रोस्टर व्यवस्था लागू किए जाने के विरोध में प्रदेशभर के उपनल कर्मचारी आंदोलन का मन बना रहे हैं। रणनीति बनाने के लिए उपनल कर्मचारी महासंघ की आज एक महत्वपूर्ण बैठक होगी।
27 अप्रैल को लागू हुए शासनादेश के अनुसार उपनलकर्मियों के 11 माह के अनुबंध के दौरान रोस्टर व्यवस्था लागू की जाएगी। इसका तात्पर्य है कि कर्मचारी का नया अनुबंध किसी दूसरे पटल पर किया जाएगा। इसको लेकर प्रदेशभर से उपनल कर्मचारी खासे नाराज हैं। विरोध में कर्मचारी रविवार सुबह कालूमल धर्मशाला में बैठक करेंगे। देहरादून जिले के सभी विभागों के प्रमुख नेता आंदोलन को लेकर रणनीति बनाएंगे।
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उपनल कर्मचारी महासंघ के प्रदेश मीडिया प्रभारी हेमंत रावत ने कहा कि शासनादेश के अनुसार नए अनुबंध के बाद वर्षों से एक ही जगह काम कर रहे कर्मचारियों को नई जगह शिफ्ट कर दिया जाएगा। नए कर्मचारी को काम समझने में वक्त भी लगेगा, वहीं पूर्व में काम करने वाले कर्मचारी के अनुभव का लाभ विभाग को नहीं मिलेगा। इससे विभाग का भी नुकसान होगा।
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