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विस सत्रः राज्य में गुलदार के बड़े हमलों को लेकर प्रदर्शन
टीम डिजिटल/ अमर उजाला, देहरादून
Updated Thu, 10 Mar 2016 09:13 PM IST
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राज्य में गुलदार के बड़े हमलों को लेकर प्रदर्शन
- फोटो : amar ujala
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बृहस्पतिवार को विधानसभा सदन में हंगामा तय है। बुधवार को विपक्ष ने इस बात का संकेत दिया था। प्रश्नकाल और शून्यकाल में विपक्ष की पुरजोर कोशिश होगी की मंत्रियों को घेरा जाए।
गुरुवार को प्रश्नकाल और शून्यकाल के बाद दोपहर तीन बजे से राज्यपाल के बजट अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव दिया जाएगा और चर्चा होगी। उधर, सदन की कार्यवाही के दौरान भाजपा विधायकों ने गुलदार के बड़े हमलों सहित अन्य मामलों को लेकर प्रदर्शन किया।
राज्यपाल के अभिभाषण को पहले भी विपक्ष झूठ का पुलिंदा बता चुका है। विपक्ष के विरोध का आलम यह रहा कि भोजनावकाश के बाद की कार्यवाही मात्र पांच मिनट में ही सिमट गई। तकनीकी रूप से पहले दिन सदन की कार्यवाही मात्र पांच मिनट की ही रही।
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राज्यपाल के अभिभाषण के दौरान विपक्ष को पूरी तरह से शांत देखकर सत्ता पक्ष को लगा था कि इस बार खास परेशानी नहीं होगी। लेकिन, भोजन अवकाश के बाद राज्यपाल के अभिभाषण का पाठ जैसे ही विधानसभा अध्यक्ष ने करना शुरू किया, विपक्ष के तेवर सामने आ गए।
ऐसे में विधानसभा अध्यक्ष ने भी अभिभाषण के मात्र दो ही पैराग्राफ पढ़े। यह पूरी कार्यवाही मात्र पांच मिनट में ही सिमट कर रह गई।
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गुरुवार को प्रश्नकाल और शून्यकाल के बाद दोपहर तीन बजे से राज्यपाल के बजट अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव दिया जाएगा और चर्चा होगी। उधर, सदन की कार्यवाही के दौरान भाजपा विधायकों ने गुलदार के बड़े हमलों सहित अन्य मामलों को लेकर प्रदर्शन किया।
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राज्यपाल के अभिभाषण को पहले भी विपक्ष झूठ का पुलिंदा बता चुका है। विपक्ष के विरोध का आलम यह रहा कि भोजनावकाश के बाद की कार्यवाही मात्र पांच मिनट में ही सिमट गई। तकनीकी रूप से पहले दिन सदन की कार्यवाही मात्र पांच मिनट की ही रही।
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राज्यपाल के अभिभाषण के दौरान विपक्ष को पूरी तरह से शांत देखकर सत्ता पक्ष को लगा था कि इस बार खास परेशानी नहीं होगी। लेकिन, भोजन अवकाश के बाद राज्यपाल के अभिभाषण का पाठ जैसे ही विधानसभा अध्यक्ष ने करना शुरू किया, विपक्ष के तेवर सामने आ गए।
ऐसे में विधानसभा अध्यक्ष ने भी अभिभाषण के मात्र दो ही पैराग्राफ पढ़े। यह पूरी कार्यवाही मात्र पांच मिनट में ही सिमट कर रह गई।