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33 नक्सलियों ने छोड़ा हथियार: मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने किया स्वागत, बोले- सरकार की पुनर्वास नीति का असर
Sun, 26 May 2024 12:43 PM IST
अमन कोशले
अमर उजाला नेटवर्क, रायपुर
अमर उजाला नेटवर्क, रायपुर
Published by: अमन कोशले
Updated Sun, 26 May 2024 12:43 PM IST
सार
छत्तीसगढ़ के बीजापुर में 33 नक्सलियों ने हथियार छोड़कर समाज की मुख्य धारा को अपनाया है। बीजापुर के 33 नक्सलियों में से तीन माओवादी 5-5 लाख के ईनामी थे, जिन्होंने आत्मसमर्पण किया है। इस पर मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने खुशी जाहिर की है।
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मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
छत्तीसगढ़ के बीजापुर में 33 नक्सलियों ने हथियार छोड़कर समाज की मुख्य धारा को अपनाया है। बीजापुर के 33 नक्सलियों में से तीन माओवादी 5-5 लाख के ईनामी थे, जिन्होंने आत्मसमर्पण किया है। इस पर मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने खुशी जाहिर की है।
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सीएम साय ने कहा कि माओवादियों की विचारधारा से क्षुब्ध होकर साथ ही राज्य सरकार की आत्मसमर्पण और पुनर्वास नीति से प्रभावित होकर लगातार नक्सली बंदूक छोड़कर समाज की मुख्य धारा में लौट रहे हैं। बीजापुर जिले में 33 नक्सलियों ने आत्मसमर्पण किए जाने पर मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने खुशी जताई है। उन्होंने आत्मसमर्पण करने वाले नक्सलियों के पुनरुत्थान के लिए कार्य करने की बात कही है।
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उन्होंने अपने सोशल मीडिया हैंडल एक्स पर लिखा कि माओवादियों की विचारधारा बदलने और पुनर्वास नीति से प्रभावित होकर बीजापुर जिले के 33 माओवादियों का पुलिस के समक्ष आत्मसमर्पण किया जाना अत्यंत ही सुखद है। बंदूक छोड़कर समाज की मुख्य धारा में लौटे इन माओवादियों का स्वागत है। हमारी सरकार इनके पुनरुत्थान के लिए तत्पर है। इस महत्वपूर्ण कामयाबी के लिए पुलिस और सुरक्षाबलों को बहुत-बहुत बधाई।
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सीएम साय ने बताया कि नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में सुरक्षा कैंप खोले जा रहे हैं, जो ग्रामीणों के लिए सहायता कैंप की तरह काम कर रही है। इसके साथ ही सरकार की आत्मसमर्पण और पुनर्वास नीति से भी नक्सली प्रभावित होकर बंदूक छोड़ रहे हैं। बता दें कि आत्मसमर्पण करने वाले तैंतीस नक्सलियों में 3 नक्सली पांच-पांच लाख के इनामी थे। 2024 में अब तक 189 नक्सली गिरफ्तार हुए हैं। वहीं 109 नक्सली आत्मसमर्पण कर चुके हैं।