सुन रही हो भत्स! मैं जानता हूं तुम्हारे कातिलों को। मैं तुम्हारा बदला लूंगा। सुनकर ऐसा लगा ना जैसे कि कोई अपनी निजी जिंदगी का वाक्या शेयर कर रहा हो। लेकिन यह है जी टीवी के अगले प्राइमटाइम शो ‘कुर्बान हुआ’ की स्क्रिप्ट। इसमें नील अपनी बहन जिसे वह प्यार से भत्स कहता है, की मौत का बदला लेने की बात कर रहा है। दूसरी ओर चाहत अपने अब्बू को निर्दोष साबित करने की जिद पर अड़ी है क्योंकि उसे यकीन है कि नील की बहन की मौत में उसके अब्बू का कोई हाथ नहीं है।
परिवार के प्यार और सम्मान में ‘कुर्बान हुआ’, नील और चाहत से जानिए परिवार की अहमियत
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ऐसे में दोनों अपने-अपने परिवार के सम्मान में किस तरह शादी करेंगे, कुर्बान होंगे यह दिखाएगा 25 फरवरी से हर सोमवार से शुक्रवार रात 10 बजे जी टीवी पर प्रसारित होने वाला सीरियल ‘कुर्बान हुआ’। यह सीरियल ऐसे दो लोगों के इर्दगिर्द घूमता है जिनके लिए परिवार ही सब कुछ है। नील की भूमिका में करण जोतवानी और चाहत बेग के रोल में नवोदित कलाकार प्रतिभा रांटा हैं। लड़का हिंदू और लड़की मुस्लिम है।
एनिमल लवर हैं नील
‘आपके आ जाने से’ सीरियल में साहिल अग्रवाल की भूमिका निभाकर खूब नाम कमाने वाले करण जोतवानी इस सीरियल में एक रुढ़िवादी परिवार से ताल्लुक रखते हैं और नील का किरदार निभा रहे हैं। नील के पिता एक महंत हैं, लेकिन उसे शंख बजाना तक नहीं आता, वे शेफ बनना चाहते हैं। इस सीरियल में नील की भूमिका निभा रहे करण बताते हैं कि इतनी सर्दी में ऋषिकेश और देवप्रयाग में शूटिंग के समय छाती तक फ्रीज हो जाते थे।
इसके बावजूद कुल मिलाकर यहां शूटिंग में उन्होंने बेहद एन्जॉय किया। जालंधर में पैदा हुए करण ने एचआर कॉलेज ऑफ कॉमर्स एंड इकोनॉमिक्स से स्नातक किया है और असल जिंदगी में वे एनिमल लवर हैं।
हिमाचली खाना मिस करती हैं चाहत
फिल्म मेकिंग में ग्रेजुएशन की डिग्री कर रहीं नवोदित कलाकार चाहत का कहना है कि वह हिमाचली खाना मिस करती हैं। हिमाचल के शिमला जिले की टिक्कर तहसील के दरोटी गांव की रहने वाली प्रतिभा रांटा का कहना है कि उसे मुंबई में हिमाचली खाना नहीं मिलता। जो स्वाद हिमाचल के पानी में है वह वहां नहीं।
चाहत का फेवरेट कलर ब्लू है। इस सीरियल में वह एक मुस्लिम लड़की का रोल निभा रही हैं। प्रतिभा की बड़ी बहन आभा भी मुंबई में उनके साथ रहती हैं। उनके इस सीरियल से दादा अमीचंद, दादी शांति रांटा, पिता राजेश और माता संधीशना रांटा भी उत्साहित हैं।
दोनों ही काम के प्रति समर्पित हैं : सोनाली जाफर
जब प्रोड्यूसर सोनाली जाफर से पूछा गया कि काम के प्रति दोनों में से कौन ज्यादा सीरियस है। सोनाली का कहना है कि चूंकि करण के साथ वो काम कर चुकी हैं और प्रतिभा का यह पहला सीरियल है। फिर भी दोनों ही काम के प्रति पूरी तरह से समर्पित हैं।
सोनाली इसकी शूटिंग देवप्रयाग में करने के बारे में बताती हैं कि देवप्रयाग संगम स्थल है जहां अलकनंदा शांत रूप में और भागीरथी रौद्र रूप में मिलती हैं, बिल्कुल हमारे सीरियल के दो किरदारों की तरह। इसमें भी एक किरदार शांत स्वभाव का है और एक अपने गुस्से वाला, तो इससे अच्छी जगह शूटिंग की हो ही नहीं सकती थी।
जब यह पूछा गया कि इसमें युवाओं के लिए संदेश क्या है तो सोनाली कहती हैं कि यूथ के लिए संदेश यह है कि परिवार से ऊपर कुछ नहीं है। इसमें नायक और नायिका अपने-अपने परिवार के सम्मान के लिए एक-दूसरे से शादी करते हैं। दोनों अपनों के प्यार की खातिर कुर्बान हो जाते हैं।