बुरी खबर: पंजाब में भी लगी वेब कैब पर पाबंदी
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आखिरकार स्टेट ट्रांसपोर्ट कमिश्नर ने पंजाब में वेब कैब पर पाबंदी के आदेश लागू कर दिए हैं। स्टेट ट्रांसपोर्ट कमिश्नर ने तमाम डीटीओ व आरटीओ को तत्काल प्रभाव से आदेश दिए हैं कि वह वेब कैब पर कानूनी कार्रवाई करें।
दिल्ली में उबर की कैब में युवती से दुराचार के बाद पूरे देश में केंद्रीय गृहमंत्री राजनाथ सिंह ने वेब कैब पर प्रतिबंध लगाने की घोषणा की थी, मगर पंजाब में ये आदेश लागू नहीं किए जा रहे थे, जबकि चंडीगढ़ व अन्य प्रदेशों में वेब कैब पर प्रतिबंध लगाकर परिवहन अधिकारियों ने कार्रवाई शुरू कर दी थी।
पंजाब में वेब टैक्सी पर प्रतिबंध की बात पर पंजाब के परिवहन मंत्री ने वीरवार को जालंधर में कहा था कि केंद्रीय गृहमंत्री के आदेशों पर विचार किया जाएगा, तभी प्रदेश में दोनों वेब कंपनियों की गाड़ियां बंद की जाएंगी।
पंजाब में वेब कैब की दो कंपनियां
पंजाब में ओला कैब व टैक्सी फॉर श्योर वेब आप्रेटिंग दो कंपनी हैं। दोनों ने अपनी वेबसाइट बना रखी है और उनके लिए बकायदा कॉल सेंटर दिल्ली व मुंबई में स्थापित कर पंजाब में कारोबार चलाया जा रहा था।
वेब कंपनियों ने स्थानीय टैक्सी चालकों से कांट्रेक्ट कर रखा है, जिनको 40 हजार रुपये प्रति माह अदा किया जा रहा है, यह भी शर्त रखी हुई है कि टैक्सी 300 घंटे चलेगी। कंपनी किस टैक्सी चालक को कहां भेजेगी, उसके लाइसेंस से लेकर उसके चरित्र तक की वेब कंपनी जिम्मेदार नहीं है।
जारी किए आदेश
मामले को उमर उजाला ने प्रमुखता से उठाया था कि सूबे में केंद्रीय गृहमंत्री के आदेशों पर वेब कैब पर प्रतिबंध नहीं लगाया जा रहा है। वीरवार शाम को ट्रांसपोर्ट कमिश्नर ने ई-मेल कर सभी डीटीओ व आरटीओ को आदेश जारी किए कि वेब कैब पर तत्काल कार्रवाई की जाए। पंजाब में उन टैक्सी व कैब को ही चलने की परमिशन है, जो सरकार से पंजीकृत हैं और नियमानुसार चल रही हैं।