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यूटी पुलिस का फरमान, 15 साल पुराने कामर्शियल वाहनों पर रोक, जानें कब से?

Tue, 30 Aug 2016 11:24 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़ Updated Tue, 30 Aug 2016 11:24 PM IST
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UT police order, ban on 15-year-old commercial vehicles
Commercial vehicles - फोटो : Amar Ujala
यूटी पुलिस ने नया फरमान जारी किया है। जिसके अनुसार शहर में 15 साल पूरे कर चुके कामर्शियल वाहन नहीं चल पाएंगे। 1 सितंबर से यूटी स्टेट ट्रांसपोर्ट अथॉरिटी (एसटीए) की ओर से ट्रैफिक पुलिस के साथ मिलकर शहर के एंट्री प्वाइंट्स पर विशेष नाके लगाकर चालान किया जाएगा।
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 स्टेट ट्रांसपोर्ट सेक्रेटरी केके जिंदल ने एसटीए के अफसरों के साथ मीटिंग की थी। मीटिंग में सभी गुड्स करियर व्हीकल, प्राइवेट सर्विस व्हीकल और हर तरह के कामर्शियल वाहनों के लिए 15 साल का समय तय कर दिया गया था। इसी साल जनवरी महीने में यूटी प्रशासन ने बड़ा फैसला लेते हुए सभी डीजल ऑटो पर पाबंदी लगा दी थी। उस समय स्पेशल ड्राइव चलाकर डीजल ऑटो की एंट्री बैन की गई थी। इस दौरान प्रदूषण स्तर में काफी गिरावट हुई थी।
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शहर में कामर्शियल वाहनों की संख्या काफी बढ़ चुकी है। अब तक कामर्शियल वाहनों के लिए कोई समय सीमा तय नहीं थी, इस कारण पुरानी और कंडम हो चुकीं गाड़ियां भी चल रही हैं। रोजाना शहर में 10 हजार से ज्यादा कामर्शियल वाहनों की एंट्री हो रही है, इनमें ज्यादातर पंजाब और हरियाणा से रजिस्टर्ड हैं। इसके अलावा हिमाचल से भी बड़ी संख्या में बड़ी गाड़ियां चंडीगढ़ में प्रवेश करती हैं। पुराने वाहनों से चंडीगढ़ में प्रदूषण का स्तर बढ़ रहा है। हालांकि चंडीगढ़ से रजिस्टर्ड कामर्शियल वाहनों की संख्या कम है। करीब 5400 ऑटो रिक्शा, 800 स्कूल बसें और 200 ऑल इंडिया टूरिस्ट बसें और 2500 के करीब गुड्स व्हीकल्स चंडीगढ़ से रजिस्टर्ड हैं।
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