केंद्रीय मंत्री रामदास अठावले ने कहा, सेना में दलितों की अलग रेजिमेंट बनाने की करेंगे मांग
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
जींद के सैनी रामलीला मैदान में रिपब्लिक पार्टी ऑफ इंडिया ने जाति तोड़ो मानव जोड़ो कार्यक्रम का आयोजन किया गया जिसमें केंद्रीय राज्य मंत्री रामदास अठावले शामिल हुए। उन्होंने अपने अलग अंदाज में कहा कि ‘मैं नहीं करता किसी को सलाम, क्योंकि मैं नहीं हूं किसी का गुलाम और बाबा के सिद्धांतों को नहीं होने दूंगा नीलाम’। अठावले ने कहा कि वह लोकसभा में किसी से नहीं दबते और दलित और पिछड़ों की आवाज उठाते हैं।
उन्होंने कहा कि देश को पहली बार ओबीसी का पीएम मिला है। वह लोकसभा में दलितों की आवाज को नहीं दबने देंगे। वे सरकार से सेना में दलितों की अलग से रेजिमेंट बनाने की मांग करेंगे। इस अवसर पर प्रदेशाध्यक्ष अनिल बाबा, प्रदेश सचिव रुकसाना चौहान, अजय ओबेराय, वीरेंद्र मौजूद रहे।
हरियाणा जाट आरक्षण आंदोलन सबसे हिंसक
अठावले ने पत्रकारों से बातचीत में कहा कि देश में कई समाजों ने आरक्षण के लिए आंदोलन किए हैं, लेकिन हरियाणा का जाट आरक्षण आंदोलन सबसे हिंसक रहा है। ऐसे में उन्होंने ही सरकार से सवर्णों को भी आरक्षण की मांग की थी।
अंतरजातीय विवाह से टूट रहा जातीय बंधन
उन्होंने कहा कि जींद जिला में वर्तमान वित्त वर्ष में 18 लोगों ने अंतरजातीय विवाह किए हैं। इस पर सरकार द्वारा उन्हें आर्थिक मदद भी दी जा रही है। इससे जातीय बंधन टूट रहा है। आने वाले समय में इसके सकारात्मक परिणाम आएंगे। अठावले ने माना कि अभी भी लोगों के मन में अनुसूचित जाति के लोगों के प्रति एक विचार है, जो दूर किया जाना चाहिए।
इसी का परिणाम है कि पिछले साल जींद जिले में एससी-एसटी अधिनियम के तहत 54 केस दर्ज हुए हैं। इसके बावजूद अत्याचार बढ़ रहे हैं। उन्होंने कहा कि यह राजनीतिक नहीं, सामाजिक समस्या है।
दोबार एनडीए सरकार बनने पर हर घोषणा होगी पूरी
अठावले ने कहा कि केंद्र सरकार ने देश के विकास के लिए हर क्षेत्र में काम किया है। नोटबंदी और जीएसटी से व्यापारियों को कुछ परेशानी हुई हैं, लेकिन जीएसटी में सुधार के लिए लगातार काम हो रहा है। जब उनसे सवार पूछा गया कि अनुच्छेद 370 हटाने पर सरकार ने अभी तक कोई काम नहीं किया तो उन्होंने कहा कि दोबारा एनडीए की सरकार बनने पर तमाम घोषणाएं पूरी की जाएंगी।