तीन माह का रिकॉर्ड टूटा : हरियाणा में 1053 पॉजिटिव मिले, सात मरीजों की मौत, नए स्ट्रेन का खतरा
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
हरियाणा में गुरुवार को 1053 नए मामले सामने आए, जबकि सात मरीजों की मौत हो गई। ये मामले पिछले तीन माह में सबसे अधिक हैं। पिछले चार माह के बाद पहली बार नमूनों की संख्या बढ़कर 27119 तक पहुंच गई है। जैसे- जैसे सैंपलों की संख्या बढ़ रही है, अलग-अलग जिलों में पॉजिटिव मरीजों की संख्या बढ़ रही है। हालांकि, गुरुवार को एक ही दिन में 562 लोगों को ठीक होने पर अस्पतालों से डिस्चार्ज किया गया। प्रदेश में कुल एक्टिव केसों की संख्या बढ़कर 7229 पहुंच गई है।
गुरुवार को करनाल और पानीपत में दो-दो, फतेहाबाद, हिसार, फरीदाबाद में एक एक कोरोना मरीज की मौत हुई है। गंभीर मरीजों की संख्या भी बढ़कर 112 तक पहुंच गई है। इनमें से 95 ऑक्सीजन और 17 मरीज वेंटिलेटर सपोर्ट पर हैं। कोरोना से मरने वालों की कुल संख्या बढ़कर 3117 पहुंच गई है। संक्रमण दर बढ़कर 4.64 और रिकवरी दर घटकर 96.35 प्रतिशत रह गई है।
गुरुग्राम 250 पार और पंचकूला-करनाल 100 पार
संक्रमण के मामले में गुरुग्राम, करनाल, पंचकूला टॉप पर हैं। गुरुवार को गुरुग्राम में 256, पंचकूला में 116 और करनाल में 101 नए केस मिले हैं। फरीदाबाद-कुरुक्षेत्र 89, यमुनानगर 99, अंबाला 86, जींद 42, कैथल 32 और सिरसा में 20 मामले सामने आए हैं। चरखी दादरी, पलवल, भिवानी और महेंद्रगढ़ में कोई केस नहीं मिला है, जबकि पानीपत, रेवाड़ी, हिसार समेत अन्य जिलों में नाममात्र के केस मिले हैं। वहीं, 45969 लोगों ने पहली डोज और 2180 ने टीके का दूसरा डोज लगवाया। अब तक कुल 1261799 लोगों को टीका लगाया जा चुका है।
पिहोवा के एसडीएम, तीन डॉक्टर और आठ विद्यार्थी संक्रमित
कुरुक्षेत्र जिले के उपमंडल पिहोवा के एसडीएम समेत प्रदेश में आठ विद्यार्थी और एक अध्यापिका और तीन डॉक्टर संक्रमित मिले हैं। रोहतक में छह विद्यार्थी, तीन डॉक्टर, हिसार में दो विद्यार्थी, एक अध्यापिका कोरोना पॉजिटिव मिले हैं। बता दें कि इससे पहले भी काफी संख्या में स्कूल और कॉलेज के विद्यार्थी संक्रमित आ चुके हैं।
प्रदेश में बढ़ा कोरोना के नए स्ट्रेन का खतरा
हरियाणा में बढ़ते कोरोना के मामलों के बीच अब कोरोना के नए स्ट्रेन का खतरा बढ़ने लगा है। खासकर महाराष्ट्र, केरल व दिल्ली समेत विदेश से आने वाले लोगों पर स्वास्थ्य विभाग निगरानी रख रहा है। इनके सैंपल लेकर जांच के लिए पुणे स्थित राष्ट्रीय विषाणु संस्थान (नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ वायरोलाजी) भेजे जा रहे हैं। क्योंकि स्ट्रेन की जांच की व्यवस्था प्रदेश में नहीं है।
करनाल स्थित कल्पना चावला मेडिकल कॉलेज की ओर से विदेश से लौटे दो लोगों के सैंपल पुणे भेजे हैं। संभावना है कि आगामी दो से तीन दिनों में रिपोर्ट आ जाएगी। बता दें कि ब्रिटेन, साउथ अफ्रिका समेत अन्य देशों में कोरोना का नया स्ट्रेन मिल चुका है। इसी प्रकार, महाराष्ट्र, केरल और दिल्ली में नया स्ट्रेन मिल चुका है।
चंडीगढ़ पीजीआई के निदेशक पहले ही आशंका जता चुके हैं कि (यूके) स्ट्रेन पहले से ज्यादा खतरनाक हो सकता है। कोविड-19 के प्रदेश के नोडल अधिकारी डॉ. ध्रुव चौधरी का कहना है कि अभी प्रदेश में कोरोना के नए स्ट्रेन का कोई मामला सामने नहीं आया है। लोगों को पहले की तरह ही सावधानी बरतने की जरूरत है। विदेश से आ रहे लोगों के सैंपल लेकर जांच के लिए भेजे जा रहे हैं।