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सुखबीर ने दी चुनौती, एसवाईएल पर चुप्पी तोड़ें केजरीवाल

Mon, 18 Apr 2016 03:54 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़।
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़। Updated Mon, 18 Apr 2016 03:54 PM IST
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syl issue, arvind kejriwal, sukhbir badal, delhi goverment, supreme court, punjab
पंजाब के डिप्टी सीएम सुखबीर बादल - फोटो : amarujala
पंजाब के डिप्टी सीएम सुखबीर बादल ने दिल्ली सरकार की ओर से एसवाईएल के  मुद्दे पर सुप्रीम कोर्ट में दायर हलफनामे को लेकर सीएम अरविंद केजरीवाल पर हमला बोला है। उन्होंने केजरीवाल को इस मुद्दे पर दिल्ली में बोली भाषा पंजाब आकर दोहराने की चुनौती दी है।
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सुखबीर ने केजरीवाल से कहा कि वह नदी जल पर दावेदारियों संबंधी राइपेरियन सिद्धांतों के बारे में अपना पक्ष स्पष्ट करें। सुप्रीम कोर्ट में दायर हलफनामे पर अपनी धोखे वाली चुप्पी तोड़े। जिसके द्वारा नदी जल पर पंजाब के दावे को चुनौती दी गई है। हलफनामे में पंजाब की मांग को राष्ट्र विरोधी कहा गया है।
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सुखबीर ने कहा कि यह बहुत दुखदायी है कि पंजाब न्याय की मांग करता है तो केजरीवाल जैसे लोग हमें राष्ट्रविरोधी घोषित करने को तत्पर रहते हैं। केजरीवाल सरकार द्वारा सुप्रीम कोर्ट में दिया हलफनामा पंजाब की मांग को देश की एकता व अखंडता के लिए फूट डालने वाला बताता है। इसी हलफनामे में धमकी दी गई है कि पंजाबियों को यह याद रखने की जरूरत है कि संविधान देश की एकता व अखंडता की रक्षा के लिए काफी शक्तिशाली है।
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उन्होंने कहा कि एसवाईएल पंजाब के लिए मौत का वारंट है। यह बनाई नहीं जा सकती और हम इसका किसी भी सूरत में निर्माण नहीं होने देंगे। सुखबीर ने केजरीवाल की उस टिप्पणी का भी मजाक उड़ाया, जिसमें उन्होंने कहा है कि यह मुद्दा अदालत में होने के कारण वह इस पर कुछ नहीं बोलेंगे।


उन्होंने कहा कि लोगों के सामने अपने विचार रखने के लिए केजरीवाल पर सुप्रीम कोर्ट ने कोई पाबंदी नहीं लगाई है। सुखबीर ने केजरीवाल से कहा कि वह एक सियासी बहुरूपिये के तौर पर बर्ताव करना बंद करें। पंजाबियों की भावनाओं से न खेलें। जब वह पंजाब में होते हैं तो पंजाब की मांगों के प्रति समर्थक का पाखंड करते हैं पर जब दिल्ली जाते हैं तो बिल्कुल उल्टा बयान देते हैं। पंजाब के पानी को राष्ट्रीय संपत्ति और इसमें अन्य राज्यों का भी हिस्सा होने की बात करते हैं।
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