फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Chandigarh ›   Summers, Health, Doctor, Health Tips

बदलते मौसम में संक्रमण से बचना है तो जरूर पढ़ें

Sun, 06 Apr 2014 09:24 AM IST
दीपक शाही/अमर उजाला, पंचकूला
दीपक शाही/अमर उजाला, पंचकूला Updated Sun, 06 Apr 2014 09:24 AM IST
विज्ञापन
Summers, Health, Doctor, Health Tips
मौसम के बार-बार करवट लेने से संक्रामक बीमारियां भी असर दिखाने लगी हैं। इन संक्रामक बीमारियों की चपेट में बच्चे जल्दी आते हैं। शहर के कई अस्पतालों में ऐसे मामलों की संख्या दिन-प्रतिदिन बढ़ रही है। 
विज्ञापन


मौसम के करवट बदलने की अनदेखी लोगों की सेहत पर भारी पड़ रही है। सेक्टर-6 के जनरल अस्पताल में वायरल और निमोनिया से पीड़ित बच्चों की तादात बढ़ने लगी है।
विज्ञापन


डाक्टरों के अनुसार सर्दी में अक्सर निमोनिया के केस ज्यादातर देखे जाते हैं, फरवरी के बाद निमोनिया के केस कम होने लगते हैं। लेकिन, इस बार मौसम में अचानक आ रहे बार-बार बदलाव के कारण निमोनिया के केस की संख्या में गिरावट नहीं आई है।
विज्ञापन
विज्ञापन


जनरल अस्पताल के आंकड़ों के अनुसार रोजाना वायरल से पीड़ित सौ बच्चे पहुंच रहे हैं। इनमें से 40 प्रतिशत केस चेस्ट इंफेक्शन और निमोनिया के हैं। पांच साल तक के बच्चों में ज्यादातर केस निमोनिया और चेस्ट इंफेक्शन के देखे जा रहे हैं।

चेस्ट इंफेक्शन निमोनिया के लक्षण
जुखाम, बुखार, खासी, ठंड के साथ बुखार, तेज सांस लेना, सांस लेने में दिक्कत, कम भूख लगना।

बड़े भी वायरल की चपेट में  
इस मौसम में अस्पताल में रोजाना 30-40 मरीज वायरल फीवर के पहुंच रहे हैं। वायरल में सर्दी, जुकाम, बदन दर्द के साथ तेज बुखार से पीड़ित मरीजों की संख्या बढ़ गई है। डॉक्टर के अनुसार जब भी मौसम चेंज होता है, तो सावधानी बरतनी चाहिए। साथ ही ऐसे मौसम में हाइड्रेंट का खास ध्यान रखना चाहिए।  

बच्चों का ऐसे रखें ध्यान
- घर में एक बच्चे को इंफेक्शन हो तो अन्य को उससे दूर रखें
- सुबह-शाम हवा चलने पर बच्चों को पूरे कपड़े जरूर पहनाएं
- बच्चों को पानी खूब पिलाएं
- ठंडे पानी से करें परहेज
- हाइजीन का रखें खास ध्यान

बड़े रखें इन बातों का ध्यान
- फ्रीज का ठंडा पानी पीने से बचें
- ज्यादा ठंडी कोल्ड ड्रिंक न पीए
- आइक्रीम खाने से बचें
- हाथ धोकर खाना खाएं
- रेहड़ी का जूस पीने से बचें
- डेली 10 से 15 गिलास पानी पीए

फरवरी के बाद बच्चों में निमोनिया के केस कम होने लगते हैं, लेकिन इस बार मौसम के बार-बार बदलने से बच्चों में निमोनिया के केस में गिरावट नहीं आई है। रोजाना वायरल के सौ केस आ रहे हैं। इनमें 40 केस चेस्ट इंफेक्शन और निमोनिया के शामिल हैं।

-डॉ. रोहित, चाइल्ड स्पेशलिस्ट, सेक्टर-6 जनरल अस्पताल, पंचकूला

बड़ों की बात करें तो रोजाना 30 से 40 मरीज वायरल के आ रहे हैं। मौसम में अचानक बदलाव आ रहा हैं। ऐसे में खास सावधानी बरतनी चाहिए। डेली दस से पंद्रह गिलास पानी जरूर पीएं और सुबह-शाम सैर के वक्त पूरे कपड़ें पहनें।
-डॉ. अश्वनी, जनरल अस्पताल, सेक्टर-6, पंचकूला
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed