भाजपा-हजकां गठबंधन में बढ़ी दरार, बातचीत बंद
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भाजपा नेताओं ने गठबंधन में हजकां की सीटें 45 से घटाकर कम करने की जब से सार्वजनिक बात की है तब से हजकां अध्यक्ष कुलदीप बिश्नोई ने प्रदेश के भाजपा नेताओं से बातचीत बंद कर रखी है। इक्का-दुक्का बातचीत होती है। दोनों दलों के नेताओं की बयानबाजी से गठबंधन की दरार बढ़ती जा रही है।
हजकां ने गठबंधन की परवाह किए बगैर अपने उम्मीदवार घोषित करने शुरू कर दिए हैं। इससे भाजपा नेताओं में नाराजगी बढ़ गई है। बिश्नोई के बड़े भाई और पूर्व डिप्टी सीएम चंद्रमोहन की तीखी बयानबाजी से तो भाजपा नेता अब गठबंधन को तोड़ने के लिए केंद्रीय नेतृत्व पर दबाव बना रहे हैं।
कुलदीप ने भाजपा-हजकां के बीच 45-45 सीटों का बंटवारा करने के लिए 15 जून तक का समय दिया था। भाजपा ने इस अल्टीमेटम पर कोई गौर नहीं किया। उलटा, रोहतक में कोर कमेटी की बैठक कर गठबंधन की शर्तों में बदलाव करने का फैसला किया। जिसके बारे में भाजपा अध्यक्ष और गृह मंत्री राजनाथ सिंह को भी बता दिया।
जब से कोर कमेटी की बैठक की खबरें छपी हैं तब से भाजपा नेताओं से कुलदीप बिश्नोई की बातचीत आसानी से नहीं हो रही है। कुरुक्षेत्र में दो दिन कार्यसमिति की बैठक में भी जिक्र हुआ था कि कुलदीप बिश्नोई से बातचीत आसानी से नहीं होती है।
हजकां शुरू कर रहा है रैलियों का दौर
चंद्रमोहन ने भाजपा नेताओं प्रो. गणेशी लाल, कैप्टन अभिमन्यु और प्रदेश अध्यक्ष प्रो. रामबिलास शर्मा पर निशाना साध रखा है। हजकां ने गठबंधन की परवाह किए बगैर 17 जून से रैलियां शुरू कर रखी हैं।
रैलियों में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी तक के फोटो नहीं लगे हैं। कुलदीप बिश्नोई ने मीडिया से भी दूरी बनाई हुई है। जो भी बयान दिए जा रहे हैं वे चंद्रमोहन, धर्मपाल मलिक और देवीलाल बिश्नोई की मार्फत दिलवाए जा रहे हैं। अलबत्ता, कुलदीप बिश्नोई इन रैलियों में लोगों से संवाद करते हुए गठबंधन में धोखा दिए जाने की संभावना जता रहे हैं।
राजनाथ से मिले कुलदीप
बुधवार को नई दिल्ली में भाजपा अध्यक्ष राजनाथ से कुलदीप बिश्नोई ने मुलाकात की। उनसे मुलाकात करने के बाद उन्होंने पत्रकारों को कुछ भी नहीं बताया। सूत्रों के अनुसार भाजपा-हजकां गठबंधन पर दोनों नेताओं की बीच चर्चा हुई है। हजकां प्रमुख कुलदीप बिश्नोई को कम सीटों के बारे में बता दिया गया है।
ये कहना है भाजपा नेताओं का
कुलदीप बिश्नोई हमारे साथ चर्चा नहीं कर रहे हैं। हमारे राष्ट्रीय नेताओं और खासकर प्रधानमंत्री की फोटो भी नहीं लगा रहे हैं। पूर्व डिप्टी सीएम चंद्रमोहन हमारे नेताओं के खिलाफ बयानबाजी कर रहे हैं। वे सीधे तौर पर गठबंधन धर्म का उल्लंघन कर रहे हैं। हजकां ने एकतरफा उम्मीदवार घोषित करने शुरू कर दिए हैं। इनसे साफ है कि हजकां ने अलग होने का फैसला कर लिया है।
- वीर कुमार यादव, प्रवक्ता, हरियाणा भाजपा।
जबसे हमने कोर ग्रुप की बैठक में फैसला किया और अध्यक्ष राजनाथ सिंह को प्रदेश नेताओं की राय बता दी। उसके बाद से मेरी न तो कुलदीप से बात हुई है और न धर्मपाल मलिक से। कुलदीप बिश्नोई प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और राजनाथ सिंह से समय मांग रखा है। गठबंधन के बारे में भाजपा संसदीय बोर्ड फैसला करेगा।
- प्रो. गणेशी लाल, कन्वीनर, गठबंधन कोआर्डिनेशन कमेटी।
मैं गठबंधन के बारे में कोई चर्चा नहीं करना चाहता। गठबंधन के बारे में संसदीय बोर्ड फैसला करेगा।
- कृष्णपाल गुर्जर, केंद्रीय राज्यमंत्री और पूर्व प्रदेश भाजपा अध्यक्ष।
हमें भाजपा की तरफ से आधिकारिक तौर पर कोई सूचना नहीं दी गई है। मैं गठबंधन के बारे में कोई प्रतिक्रिया नहीं देना चाहता।
- धर्मपाल मलिक, संयोजक, गठबंधन कोआर्डिनेशन कमेटी।
हजकां अध्यक्ष कुलदीप बिश्नोई की बातचीत हो रही है। अगर कोई भाजपा नेता कहता है तो वह गलत है। जहां तक मेरे बयानों का सवाल है, उनकी आधिकारिक पुष्टि चुनाव आयोग की वेबसाइट पर प्रदर्शित तथ्यों से होती है।
- चंद्रमोहन, पूर्व उप मुख्यमंत्री, हरियाणा