अपने ऑनलाइन सुझाव दीजिए, ताकि स्मार्ट सिटी में शामिल हो चंडीगढ़
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स्मार्ट सिटी मिशन से जुड़े अधिकारियों ने पुराने प्रपोजल की खामियों में संशोधन के साथ लोगों से फिर से सुझाव और कमेंट मांगे हैं। अगले हफ्ते तक ऑनलाइन सुझाव के साथ ही विभिन्न वर्गों के लोगों से सुझाव भी लिए जाएंगे।
सोमवार स्मार्ट सिटी के संशोधित प्रपोजल को लेकर मिशन के स्टेट मिशन डायरेक्टर और गृहसचिव अनुराग अग्रवाल, नोडल ऑफिसर बी पुरुषार्था, को-नोडल ऑफिसर आईएएस भूपेश चौधरी, और एडिशनल डिप्टी कमिश्नर अमित तलवार ने जानकारी दी।
अनुराग अग्रवाल ने बताया स्मार्ट सिटी का संशोधित प्रपोजल पहले से काफी बेहतर है। 15 अप्रैल तक यूटी प्रशासन को केंद्रीय शहरी विकास मंत्रालय के पास प्रपोजल जमा करवाना है।
5 दिन तक शहरवासी दें सुझाव
नोडल ऑफिसर बी पुरुषार्था ने कहा कि स्मार्ट सिटी प्रपोजल को नगर निगम, यूटी प्रशासन और mygov.in पर अपलोड कर दिया है। 5 दिन तक लोग फेसबुक, ट्विटर और ई मेल से प्रपोजल में बेहतर बदलाव के लिए कमेंट दे सकते हैं।
प्रपोजल को और बेहतर बनाने के लिए इंडस्ट्री, आरडब्ल्यूए, मार्केट एसोसिएशन, क्रिक (शहर के एजुकेशनल और रिसर्च इंस्टीट्यूट) से जुड़े लोगों के साथ ग्रुप डिस्कशन कर सुझाव लिए जाएंगे।
अनुभवी कंपनी तैयार करेगी प्रपोजल
टॉप 20 स्मार्ट सिटी में शामिल न हो पाना का एक कारण यूटी के पास बेहतर कंसल्टेंट कंपनी नहीं होना रहा। लेकिन इस बार अनुभवी कंपनी एकोम को चुना गया है। जो पिछले 4 हफ्ते से प्रपोजल तैयार करने में जुटी है।
स्मार्ट सिटी की लिस्ट में शामिल लुधियाना और विशाखापट्नम की कंसल्टेंसी इसी कंपनी ने की थी। गुड़गांव बेस्ड कंपनी के अधिकारी विशाल कुंदरा ने कहा कि चंडीगढ़ का प्रपोजल काफी बेहतर है, उसमें सिर्फ कुछ बदलाव किए गए हैं।
रोज गार्डन और गवर्नमेंट प्रेस बिल्डिंग शामिल
स्मार्ट सिटी के संशोधित प्रपोजल में रोज गार्डन, शांति कुंज, क्रिकेट स्टेडियम के साथ ही सेक्टर-18 स्थित गवर्नमेंट प्रेस बिल्डिंग को भी शामिल किया गया है। अनुराग अग्रवाल के अनुसार प्रेस बिल्डिंग में इनोवेशन और कन्वेंशन सेंटर के तौर पर डेवलेप किया जाएगा। यहां से युवाओं को स्टार्टअप के लिए जगह दी जाएगी। सेक्टर-43 में 70 एकड़ एरिया को डेवलप किया जाएगा।
सेक्टर-17 को पांच थीम पर डेवलेप किया जाएगा। सेक्टर-43 से यूटी सचिवालय तक के एरिया को साइकलिंग और पैदल चलने वालों के लिए तैयार किया जाएगा। शहर में आर्ट एंड कल्चर को विशेष तौर पर प्रमोट किया जाएगा।
सेक्टर-17 और 43 की बेहतर कनेक्टिविटी का पूरा प्लान तैयार किया है, मेट्रो प्रोजेक्ट को भी प्रपोजल में शामिल किया है। प्रपोजल तैयार करते हुए मोहाली और पंचकूला के डेवलेपमेंट प्लान को भी ध्यान में रखा गया है।
प्रपोजल मंजूर हुआ तो तुरंत मिलेंगे 300 करोड़
गृहसचिव ने बताया कि चंडीगढ़ का प्रपोजल मंजूर होने पर शहर को तुरंत 300 करोड़ की ग्रांट जारी हो जाएगी। इस ग्रांट में 2016-17 के 200 करोड़ और 2015 के 100 करोड़ शामिल हैं।
पांच साल में कुल 1000 करोड़ जुटाने होंगे, जिसमें केंद्र सरकार और यूटी का 500-500 करोड़ का हिस्सा होगा। स्मार्ट सिटी का पूरा प्रोजेक्ट 6200 करोड़ को होगा। जिसमें पेन सिटी प्रपोजल 250 करोड़ और एरिया बेस्ड डेवलेपमेंट पर 5950 करोड़ खर्च होंगे।
बैंकों से भी लोन लिया जा सकेगा। फ्रांस जैसे देश प्रोजेक्ट में मदद करेंगे। स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट को लागू करने के लिए स्पेशल पर्पज व्हीकल (एसपीवी) बनाया जाएगा। जिसमें यूटी प्रशासन और नगर निगम की बराबर भागेदारी होगी।
नए प्रपोजल के अहम प्वाइंट शामिल किए
- सेक्टर-17 को नो व्हीकल जोन बनाया जाएगा।
-ई रिक्शा और इलेक्ट्रॉनिक वाहन चलाए जाएंगे।
-24 घंटे पानी और बिजली की स्मार्ट मीटरिंग होगी। सॉलिड वेस्ट पर विशेष ध्यान रहेगा।
-लोगों को सभी ई सर्विस संपर्क सेंटर पर मिल सकेगी।