{"_id":"663b2066772f44819a0d66e4","slug":"revelation-about-serial-killer-of-chandigarh-2024-05-08","type":"story","status":"publish","title_hn":"चंडीगढ़ के सीरियल किलर की कहानी: बीस साल की उम्र में किया था पहला कांड, हर बार अपनाता था एक ही पैटर्न","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
चंडीगढ़ के सीरियल किलर की कहानी: बीस साल की उम्र में किया था पहला कांड, हर बार अपनाता था एक ही पैटर्न
Wed, 08 May 2024 12:36 PM IST
निवेदिता वर्मा
हरीश कोचर, संवाद, चंडीगढ़
हरीश कोचर, संवाद, चंडीगढ़
Published by: निवेदिता वर्मा
Updated Wed, 08 May 2024 12:36 PM IST
सार
आरोपी मोनू कुमार की गिरफ्तारी के बाद 14 साल पहले हुआ एमबीए छात्रा हत्याकांड समेत कई मामले सुलझ गए हैं। आरोपी बहुत ही शातिर है। वह पुलिस से बचने के लिए न तो स्मार्टफोन रखता था और न उसने अपना आधार कार्ड बनवाया था।
विज्ञापन
पुलिस
- फोटो : प्रतीकात्मक
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
चंडीगढ़ के सीरियल किलर मोनू कुमार निवासी शाहपुर कॉलोनी की कहानी सबको हैरत कर देने वाली है। इस किलर ने सिर्फ एक नहीं बल्कि चंडीगढ़ शहर में ही 14 साल पहले एक कुंवारी लड़की से लेकर 2 साल पहले विवाहित और 2 महीने पहले बुजुर्ग महिला तक के साथ रेप करने के बाद उनकी बेरहमी से हत्या कर दी।
विज्ञापन
इन तीनों हत्याकांड में आरोपी मोनू का अभी तक केवल वर्ष 2022 में विवाहिता के साथ रेप करके हत्या करने वाली महिला के साथ ही डीएनए मिलान हुआ है जिसकी रिपोर्ट के आधार पर ही उसे गिरफ्तार किया गया। लेकिन अब यूटी पुलिस आरोपी सीनियर किलर का एमबीए छात्रा व फरवरी 2024 में मृत मिली बुजुर्ग महिला के सैंपलों से डीएनए की जांच करवाएगी। क्योंकि आरोपी कोर्ट में अपने बयानों से मुकर सकता है लेकिन अगर रिपोर्ट में उसकी डीएनए का मिलान हो गया तो पुलिस के पास फोरेंसिक रिपोर्ट का पुख्ता सुबूत हो जाएगा।
विज्ञापन
इस सीरियल किलर ने सबसे पहले वर्ष 2008 में महज 20 साल की उम्र में सबसे पहले चंबा क्षेत्र में एक युवती के साथ रेप करके उसकी हत्या कर दी थी। यह युवक उस दौरान ड्राइवरी सीख रहा था और अकसर हिमाचल में जाता रहता था। वहीं इसकी मुलाकात एक युवती से हुई थी और इसने उस युवती का अपहरण करके उसके साथ दुष्कर्म किया था। बाद में उसने युवती के सिर में नुकीले हथियार व पत्थर से वार करके उसकी हत्या कर दी थी। इस मामले में चंबा के खैरी थाने में अज्ञात आरोपी के खिलाफ आईपीसी 302 व 364 का मामला दर्ज किया गया था। बाद में मेडिकल रिपोर्ट दुष्कर्म की
विज्ञापन
पुष्टि होने पर रेप की धारा भी जोड़ दी गई थी। हिमाचल पुलिस ने इस मामले में आरोपी मोनू कुमार को गिरफ्तार किया था लेकिन कोई पुख्ता सुबूत नहीं होने के कारण वह 18 महीने के कोर्ट ट्रायल के दौरान बरी हो गया था।
एक ही पैटर्न में महिलाओं से रेप व हत्या
इस सीरियल किलर मोनू ने एक नहीं बल्कि चार-चार महिलाओं के साथ एक ही पैटर्न में रेप करके उनकी हत्या कर दी। वर्ष 2010 में आरोपी मोनू चंबा की सेशन कोर्ट से सुबूतों के अभाव में बरी हो गया। लेकिन बरी होने के कुछ महीनों बाद ही उसने वर्ष 2010 में चंडीगढ़ में एमबीए छात्रा के साथ रेप करके उसकी भी इसी पैटर्न में हत्या कर दी थी। इसके बाद आरोपी ने वर्ष 2022 में मलोया के जंगल में विवाहिता के साथ भी ऐसी ही घटना को अंजाम दिया। यहीं नहीं अब महज तीन महीने पहले फरवरी 2024 में किलर ने 65 साल की बुजुर्ग महिला के साथ भी रेप करके उसकी हत्या कर दी।
फोरेंसिक डाक्टर की मेहनत भी रंग लाई
चार-चार मर्डर करने वाले सीरियल किलर मोनू कुमार को पकड़ने में सबसे अहम रोल सीएफएसल के डॉक्टरों का भी रहा है। इनमें डाक्टरों ने डीएनए टेस्ट के दौरान मोनू कुमार के सैंपल की जांच सबसे पहले मृत विवाहिता महिला के सैंपल से करवाई। इस दौरान दोनों के सैंपलों का रेशा 90 से 100 प्रतिशत के बीच में आ रहा था। इसके बाद ही इस रिपोर्ट के आधार पर पुलिस ने आरोपी मोनू को गिरफ्तार किया था। वहीं लैब के डाक्टरों द्वारा एमबीए छात्रा व बुजुर्ग महिला के सैंपल से आरोपी के सैंपल का मिलान करवाया जाएगा।
पुलिस ने धनास के जंगल में चलाया तलाशी अभियान
आरोपी मोनू फिलहाल दो दिन के रिमांड में प्रोडक्शन वारंट पर सेक्टर-39 थाना पुलिस के पास है। पहले दिन पुलिस ने उसे साथ लेकर धनास के जंगल में तलाशी अभियान चलाया था और जंगल से आरोपी की खून से सनी पेंट मिली थी। वहीं मंगलवार को जांच टीम ने फिर से धनास के जंगलों में तलाशी अभियान चलाया और आरोपी के कुछ अन्य खून से सने कपड़े बरामद किए गए है। आरोपी को जांच टीम अब दो दिन का रिमांड खत्म होने के बाद बुधवार को दोबारा कोर्ट में पेश करेगी।
सीरियल किलर मोनू ने बड़े ही शातिर दिमाग के साथ पहले हिमाचल और उसके बाद चंडीगढ़ में तीन महिलाओं के साथ एक ही पैटर्न में रेप कर हत्या की वारदातों को अंजाम दिया। आरोपी का डीएनए अभी केवल विवाहिता महिला के सैंपल से मैच हुआ है। लेकिन अब सीएफएसएल लैब में एमबीए छात्रा व बुजुर्ग महिला के शवों से लिए गए सैंपलों से भी आरोपी मोनू के सैंपी की डीएनए जांच करवाई जाएगी। फोरेंसिक एवीडेंस होने पर आरोपी अपने गुनाह से बच नहीं सकता है। दूसरे राज्यों में लिखे गए पत्र के बाद अभी किसी राज्य की पुलिस ने उनसे संपर्क नहीं किया है। - कंवरदीप कौर, एसएसपी चंडीगढ़।