Punjab: भगवंत मान सरकार ने एमएसपी पर शुरू की मूंग की खरीद, किसानों के खातों में सीधे जमा होगी रकम
सीएम भगवंत मान ने ट्वीट कर कहा कि पंजाब के इतिहास में पहली बार एक लाख एकड़ से ज़्यादा रकबे में मूंग की बिजाई हुई है।
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पंजाब सरकार ने किसान हित में बड़ा फैसला लिया है। सरकार ने पहली बार ग्रीष्म ऋतु की मूंग की फसल 7275 रुपये प्रति क्विंटल के न्यूनतम समर्थन मूल्य पर किसानों से खरीदनी शुरू कर दी है। लुधियाना जिले की जगरांव मंडी में अब तक 58 फीसदी फसल की आमद हुई है। यही वजह है कि मूंग खरीद में यह मंडी पंजाब भर में अग्रणी बन गई है।
ग्रीष्म ऋतु की मूंग 7275 रुपये प्रति क्विंटल के समर्थन मूल्य पर खरीदी जा रही है। इससे किसानों को गेहूं काटने के बाद और धान की फसल लगाने से पहले इस फसल से औसत पांच क्विंटल की उपज निकलने पर प्रति एकड़ 36000 रुपये की अतिरिक्त आमदन होगी। मुख्यमंत्री कार्यालय के प्रवक्ता के अनुसार भगवंत मान ने किसानों से अपील की थी कि इस प्रयास से हम भूजल जैसे बेशकीमती प्राकृतिक संसाधन को बचाने के अलावा जमीन की उपजाऊ शक्ति में सुधार कर सकेंगे और किसानों की आमदनी में भी वृद्धि होगी।
इस कदम से निश्चित रूप से धान की कम समय में तैयार होने वाली किस्मों की पैदावार होगी, जिससे भूजल की 10-20 प्रतिशत बचत होगी। राज्य सरकार ने मंडीकरण सीजन-2022-23 के लिए मूंग की फसल खरीदने, भंडारण और अन्य प्रबंधों के लिए मार्कफेड और सहकारी सभाओं को नोडल एजेंसियां बनाया है। इसी तरह पंजाब मंडी बोर्ड ने मूंग की फसल 31 जुलाई तक खरीदने के लिए राज्य भर में 40 मंडियां अधिसूचित की हैं। मूंग की दाल खरीदने और किसानों की सुविधा के लिए मार्कफेड और सहकारी सभाओं का स्टाफ अधिसूचित मंडियों में तैनात किया गया है।
4.75 क्विंटल फसल होने का अनुमान
पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान की अपील को सकारात्मक रूप से स्वीकार करते हुए किसानों ने इस साल लगभग एक लाख एकड़ क्षेत्रफल में मूंग की फसल की बुवाई की, जबकि पिछले साल 50,000 एकड़ क्षेत्रफल मूंग के अधीन था। इस साल राज्य भर में 4.75 लाख क्विंटल उपज होने का अनुमान है।
अब तक 1503 क्विंटल फसल की आमद
पंजाब मंडी बोर्ड से प्राप्त आंकड़ों के अनुसार राज्य भर की विभिन्न मंडियों में 1503 क्विंटल मूंग की आमद हुई है, जिसमें से अब तक 878 क्विंटल की खरीद की जा चुकी है। राज्य की एजेंसी मार्कफेड ने न्यूनतम समर्थन मूल्य पर 663 क्विंटल, जबकि बाकी 215 क्विंटल निजी एजेंसियों ने न्यूनतम समर्थन मूल्य से अधिक भाव पर खरीदा।
डीबीटी से हो रहा भुगतान
राज्य सरकार ने न्यूनतम समर्थन मूल्य पर खरीदी गई फसल की अदायगी डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर (डीबीटी) के माध्यम से कर रही है। खरीद एजेंसी मार्कफेड मूंग बेचने वाले किसानों के बैंक खातों में सीधे भुगतान कर रही है।
पंजाब के किसानों के लिए एक और बड़ी खुशखबरी है.. पंजाब सरकार द्वारा मुंगी की खरीद MSP पर शुरू हो चुकी है.. किसान भाइयों को सीधे खाते में रकम अदा की जाएगी..
पहली बार पंजाब के इतिहास में 1 लाख एकड़ से ज़्यादा रकबे में मुंगी की बिजाई हुई है..
— Bhagwant Mann (@BhagwantMann) June 12, 2022