पंजाब में कोरोना के दो नए केस के साथ संख्या हुई 33, पुलिस सहायता के लिए डायल करें 112
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पंजाब में गुरुवार को कोरोना के दो और मामले सामने आए। इसके साथ ही प्रदेश में कोरोना वायरस से पीड़ित लोगों की संख्या बढ़कर 33 हो गई। प्रदेश भर में कोरोना की रोकथाम के लिए किए जा रहे उपायों के बीच विशेष बात यह है कि अब तक जो भी पॉजिटिव मामले पाए गए हैं, वे पहले से पीड़ित लोगों के करीबियों के हैं।
इस तरह राज्य में कोरोना के फैलाव का कोई मामला सामने नहीं आया है। इस बीच राज्य सरकार की ओर से दी गई जानकारी के अनुसार राज्य में अब तक 722 संदिग्धों की जांच की गई है। इनमें 346 लोग निगेटिव पाए गए जबकि 376 लोगों के सैंपल की रिपोर्ट आना बाकी है।
बरनाला में कोरोना के दो संदिग्ध मरीज
बरनाला में कोरोना वायरस के दो और संदिग्ध मरीज सामने आए हैं। दोनों की उम्र 20 से 22 साल के बीच है। एक नौजवान गांव संघेडा का रहने वाला है और श्री हजूर साहिब की यात्रा पर जाकर आया है। उसे खांसी, जुकाम और बुखार है। उसे आइसोलेशन में रखा गया है। दूसरा संदिग्ध कस्बा महिलकलां से है।
जालंधर में मिली पहली कोरोना पॉजिटिव महिला
जालंधर सिटी में कोरोना वायरस की पहली पॉजिटिव मरीज सामने आई है। 70 साल की सुमन छाबड़ा स्थानीय निजात्म नगर की रहने वाली है। वह सीएमसी लुधियाना में भरती थीं। वीरवार को पीजीआई ने उन्हें कोरोना पॉजिटिव बताया। सेहत विभाग ने तत्काल उनके इलाके को सील कर दिया है। वहीं इलाके के कई लोगों को क्वारंटीन किया गया है और साथ ही छाबड़ा परिवार के तमाम सदस्यों को भी आइसोलेट कर दिया गया है।
वहीं सुमन छाबड़ा के पॉजिटिव होने की खबर के बाद हड़कंप मच गया। इलाके में स्थित एक आश्रम में एक बड़ा आयोजन किया गया था, जिसमें मुख्य सेवादार सुमन छाबड़ा ही थी। वहां पर होली के दिनों में एक बड़ा समागम हुआ था, जिसमें देश विदेशों में भारी तादाद में संगत पहुंची थी। इसमें लंगर पकाने से लेकर कई सेवाएं सुमन छाबड़ा ने निभाई थी। अब प्रशासन का सिरदर्द बढ़ गया है। अभी सेहत विभाग ने 12 लोगों को सिविल अस्पताल के आइसोलेशन वार्ड में रख दिया है, जो सुमन छाबड़ा के संपर्क में थे।
जानकारी के अनुसार सुमन छाबड़ा और उनका बेटा रवि छाबड़ा सामाजिक कार्यकर्ता हैं और उनका सोसाइटी में काफी मेल मिलाप भी है। सेहत विभाग ने छाबड़ा परिवार के अलावा कई लोगों के खून के सैंपल लेकर जांच के लिए भेजने शुरू कर दिए हैं। वह श्री आनंदपुर साहिब होला मोहल्ला में गया था। लौटने पर उसे खांसी, जुकाम व बुखार है। उसे भी आइसोलेशन में रखा गया है। सिविल अस्पताल के एसएमओ और जिला अधिकारी डॉ. ज्योति कौशल ने बताया कि दोनों संदिग्ध मरीजों को सैंपल टेस्ट के लिए लैब में भेजे गए हैं। अब तक कोरोना के नौ संदिग्ध पाए गए थे, जिनमें से सात की रिपोर्ट निगेटिव आई है।
कर्फ्यू के दौरान पुलिस सहायता के लिए डायल करें 112
पंजाब पुलिस ने आम जनता के लिए एक नया हेल्पलाइन नंबर ‘112’ जारी किया है। राज्य में इन दिनों जारी कर्फ्यू के दौरान लोग किसी भी तरह की पुलिस सहायता के लिए इस नंबर को डायल करके मदद ले सकते हैं। यह नंबर कर्फ्यू हेल्पलाइन के तौर पर काम करेगा।
पंजाब पुलिस के प्रवक्ता ने बताया कि राज्य भर से किसी व्यक्ति को इमरजेंसी हालात में अस्पताल जाने, खाना, किराना, दवाओं की सप्लाई, एलपीजी सिलेंडर जैसी सुविधाओं के बारे में अगर कोई जानकारी या मदद की जरूरत हो तो वह हेल्पलाइन 112 डायल कर सकता है। इसके अलावा जरूरी सामान लाने ले जाने वाले ट्रकों की बेरोकटोक आवाजाही और ई-कॉमर्स कंपनियों द्वारा सामान की होम डिलीवरी में कोई भी मुश्किल आने पर भी इस नंबर पर कॉल की जा सकती है।
राजिंदरा अस्पताल में दाखिल हुए कोरोना के दो संदिग्ध मरीज
सरकारी राजिंदरा अस्पताल में कोरोना के दो संदिग्ध मरीज दाखिल हुए। जिनके सैंपल लेकर लैब में जांच के लिए भेजे गए हैं और जांच रिपोर्ट आनी बाकी है। सिविल सर्जन डॉ. हरीश मल्होत्रा ने बताया कि पटियाला के अजीतवाल एरिया में रहने वाली 61 साल की एक महिला, जो कुछ समय पहले ऑस्ट्रेलिया से वापस आई थी और घर में अलग रह रही थी। उसमें बुखार, खांसी और फ्लू जैसे लक्षण पाए गए हैं।
महिला के परिजनों की सूचना पर सीनियर मेडिकल अफसर कौली की ओर से अपनी टीम भेजकर इस मरीज को एंबुलेंस जरिये राजिंदरा अस्पताल के आइसोलेशन वार्ड में दाखिल कराया गया है। उसके सैंपल लिए हैं। इसके अलावा पटियाला की रहने वाली 56 साल की महिला, जो पिछले समय में ऑस्ट्रेलिया से वापस आई थी।
उसको बुखार, फ्लू आदि के लक्षण होने पर राजिंदरा अस्पताल में दाखिल कराके जांच को सैंपल लिया गया है। यह रिपोर्ट भी आनी अभी बाकी है। डॉ. मल्होत्रा ने बताया कि विदेश से आए यात्री सेहत विभाग की निगरानी में है और उनको घर में ही 14 दिनों के लिए अलग रखा जा रहा है। कहा कि क्वांरटीन रखे व्यक्ति व उनकी देखभाल कर रहे व्यक्ति के लिए मास्क डालना जरूरी है। ताकि यह वायरस आगे न फैल सके। साथ ही इस्तेमाल किए मास्क का सही निपटारा किया जाए।