फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Chandigarh ›   Punjab and haryana highcourt on Street Vendors Act in Chandigarh

हाईकोर्ट ने पूछा- कितने और किस आधार पर स्ट्रीट वेंडरों को जारी किए लाइसेंस?

Thu, 02 Nov 2017 09:09 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़ Updated Thu, 02 Nov 2017 09:09 AM IST
विज्ञापन
Punjab and haryana highcourt on Street Vendors Act in Chandigarh
- फोटो : File Photo
पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट ने चंडीगढ़ में स्ट्रीट वेंडर्स एक्ट के तहत अब तक रेहड़ी-फड़ी वालों को जारी लाइसेंस का ब्योरा तलब कर लिया है। हाईकोर्ट में प्रशासन को यह बताना होगा कि यह लाइसेंस किस आधार पर और कितनी संख्या में जारी किए गए हैं। इसके साथ ही लाइसेंस जारी करने वालों के लिए निर्धारित स्थान की जानकारी भी हाईकोर्ट में सौंपनी होगी।
विज्ञापन


बुधवार को मामले की सुनवाई के दौरान जब हाईकोर्ट ने स्ट्रीट वेंडर्स को लाइसेंस जारी करने के प्रोसेस के बारे में प्रशासन से जानकारी मांगी तो प्रशासन की ओर से बताया गया कि एक्ट के तहत स्ट्रीट वेंडर्स को लाइसेंस जारी करने का काम शुरू किया जा चुका है और वार्ड नंबर-1 में अधिकतर लाइसेंस जारी कर दिए गए हैं। हाईकोर्ट ने इस जानकारी पर असंतोष जताते हुए अगली सुनवाई पर लाइसेंसों का ब्योरा तलब कर लिया है। 
विज्ञापन


नियमों का पालन किया जाए
सुनवाई के दौरान हाई कोर्ट ने कहा कि लाइसेंस जारी करते हुए कुछ आवश्यक बातों को ध्यान मे रखा जाए और यह सुनिश्चित किया जाए कि जो प्रावधान किए जा रहे हैं उनका पालन हो। कोर्ट ने कहा कि देखने में आया है कि मनमाने तरीके से रेहड़ी फडी लगाने का स्थान तय किया जा रहा है और एक ही स्थान पर ऐसे फडी वालों की भीड़ लग जाती है। ऐसे में यह सुनिश्चित किया जाए कि रेहड़ी या फड़ी लगाने की जहां अनुमति दी गई है उसे उसी स्थान पर लगाया जाए। प्रशासन और निगम यह सुनिश्चित करें कि प्रत्येक सेक्टर में एक जगह तय की जाए जहां उनको अनुमति दी जाए। 
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed