मिल्खा सिंह को सलाम: राजनीतिक हस्तियों ने उड़न सिख को दी श्रद्धांजलि, परिवार से जताई संवेदना
हरियाणा के गृह मंत्री अनिल विज ने ट्वीट कर कहा कि खेल जगत के लाइट हाउस फ्लाइंग सिख मिल्खा सिंह नहीं रहे। देश को अभूतपूर्व क्षति हुई है।
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महान एथलीट पद्मश्री मिल्खा सिंह के निधन पर पंजाब, हरियाणा और चंडीगढ़ की प्रमुख राजनीतिक हस्तियों ने दुख जताया है। पंजाब के खेल मंत्री राणा गुरमीत सिंह सोढी ने कहा कि एशिया के इस महान एथलीट के निधन की खबर सुनकर उनको गहरा सदमा पहुंचा है। खेल मंत्री राणा सोढी अंतिम सत्कार और श्रद्धांजलि भेंट करने के लिए मिल्खा सिंह के घर पहुंचे। उन्होंने परिवार, मित्रों और स्नेहियों के साथ दुख साझा करते हुए परमात्मा के सामने अरदास की कि वह दिवंगत आत्मा को अपने चरणों में स्थान दें और परिवार को ईश्वरीय आदेश मानने का बल प्रदान करें। अपने शोक संदेश में खेल मंत्री ने कहा कि मिल्खा सिंह के निधन से 100 करोड़ लोगों से अधिक की आबादी वाले इस मुल्क ने अपने खेल नायक को खो दिया है। उनके चले जाने से देश को एक बड़ी क्षति हुई है, जिसकी पूर्ति नहीं की जा सकती।
फ्लाइंग सिख हमेशा भारतवासियों के दिलों में जीवित रहेंगे: मनोहर लाल
मिल्खा सिंह के निधन पर हरियाणा के मुख्यमंत्री मनोहर लाल, ने गहरा शोक व्यक्त किया है। उन्होंने कहा कि भारत ने एक सितारा खो दिया है। वे हर भारतीय को देश के लिए चमकने को सदैव प्रेरित करते रहेंगे। ‘फ्लाइंग सिख’ हमेशा भारतवासियों के दिलों में जीवित रहेंगे। उपमुख्यमंत्री दुष्यंत चौटाला ने मिल्खा सिंह को खेल की दुनिया का महानायक बताते हुए कहा कि स्वर्गीय सिंह सदियों तक खिलाड़ियों के प्रेरणा स्रोत बने रहेंगे। गृह मंत्री अनिल विज ने ट्वीट कर कहा कि खेल जगत के लाइट हाउस फ्लाइंग सिख मिल्खा सिंह नहीं रहे। देश को अभूतपूर्व क्षति हुई है। मेरी संवेदनाएं उनके परिवार के साथ हैं’। खेल एवं युवा मामले राज्य मंत्री संदीप सिंह ने भी गहरा शोक व्यक्त किया है ।
पंजाब और पंजाबी सभ्याचार की जान थे मिल्खा सिंह : अश्वनी शर्मा
पंजाब भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष अश्वनी शर्मा ने कहा कि उड़न सिख के निधन से खेल जगत को भारी नुकसान हुआ है। वह पंजाब और पंजाबी सभ्याचार की जान थे। पंजाब सरकार को उनके नाम पर स्टेडियम और अकादमी बनानी चाहिए, जिससे पंजाब के युवा प्रेरणा लेकर खेल जगत में नाम कर सकें। अश्वनी शर्मा ने मिल्खा सिंह तथा उनकी धर्मपत्नी निर्मल कौर के आकस्मिक निधन पर शोक व्यक्त करते हुए कहा कि मिल्खा सिंह के निधन के साथ भारतीय खेल के एक युग का अंत हो गया है। इस दुखद सूचना से देश और दुनिया के खेल प्रेमियों को गहरा आघात लगा है। भाजपा उनके परिवार से संवेदना व्यक्त करती है तथा प्रभु से प्रार्थना करती है कि उनकी आत्मा को अपने चरणों में स्थान दें और उनके परिवार को यह सदमा सहने की शक्ति दें। अश्वनी शर्मा ने कहा कि उनका जीवन खिलाड़ियों के लिए प्रेरणादायक रहा है और रहेगा। शर्मा ने कहा कि मिल्खा सिंह पंजाब तथा पंजाबी सभ्याचार की जान थे। शर्मा ने पंजाब सरकार से मांग की कि उनके नाम पर स्टेडियम तथा अकादमी बनाई जाए।
कई धावक आए और गए, लेकिन मिल्खा नहीं बन पाए
भाजपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता इकबाल सिंह लालपुरा ने मिल्खा सिंह के निधन पर गहरा दुख व्यक्त किया है। उन्होंने कहा कि कई धावक आए और गए, लेकिन मिल्खा सिंह जैसा कोई नहीं बन पाया है। लालपुरा ने इस महापुरुष को अपने श्रद्धासुमन अर्पित करते हुए ईश्वर से प्रार्थना की कि उनकी आत्मा को आपने चरणों में स्थान दें।
सुनील जाखड़ ने उड़न सिख मिल्खा सिंह के निधन पर शोक जताया
फ्लाइंग सिख मिल्खा सिंह की मौत पर ओपी सोनी ने दुख व्यक्त किया
पंजाब के कैबिनेट मंत्री ओपी सोनी ने महान एथलीट फ्लाइंग सिख मिल्खा सिंह की मौत पर दुख व्यक्त किया है। अपने शोक संदेश में सोनी ने कहा कि वे देश के सर्वोत्तम एथलीट थे, जिन्होंने भारत के लिए एशियाई राष्ट्रमंडल खेलों में सोने के मेडल हासिल किए। उनकी मौत पर उन्हें व्यक्तिगत तौर पर दुख हुआ है। पंजाब को हमेशा अपने इस महान एथलीट पर गर्व रहेगा। उन्होंने कहा कि फ्लाइंग सिख के नाम से पहचाने वाले मिल्खा सिंह ओलंपिक फाइनल में पहुंचने वाले और राष्ट्रमंडल खेलों में सोने के मेडल लाने वाले देश के पहले एथलीट हैं।
कोरोना के कारण भारत ने एक और रत्न खो दिया : बदनौर
महान धावक मिल्खा सिंह के निधन की खबर मिलते ही शहर के साथ देशभर में शोक की लहर दौड़ गई। जो लोग सेक्टर-8 स्थित उनके आवास पर पहुंच सकते हैं, वह उनके घर पहुंचे जबकि बड़ी संख्या में लोगों ने सोशल मीडिया के माध्यम से मिल्खा सिंह को श्रद्धांजलि अर्पित की।
मिल्खा सिंह का जाना खेल जगत के लिए अपूर्णीय क्षति है। कोरोना के कारण भारत ने एक और रत्न खो दिया। खेल जगत में उनके योगदान को हमेशा याद किया जाएगा। -वीपी सिंह बदनौर, प्रशासक, चंडीगढ़
महान धावक मिल्खा सिंह के निधन की सूचना मिली। मैं उन्हें अंकल बुलाती थी। उनसे काफी पुराने संबंध थे हमारे। अंकल को काफी याद करेंगे। -किरन खेर, सांसद, चंडीगढ़
मिल्खा सिंह के रूप में चंडीगढ़ ने आज अपना कीमती गहना खो दिया। भगवान उनकी आत्मा को शांति दे। -संजय बेनीवाल, डीजीपी, चंडीगढ़
यह न केवल शहर बल्कि देश के लिए बड़ी क्षति है। शहर के रत्नों में से एक रत्न कम हो गया। ईश्वर उनके परिवार को इस दुख को सहन करने की शक्ति दे। -रविकांत शर्मा, मेयर, चंडीगढ़
मिल्खा सिंह की ताकत भावी पीढ़ी को हमेशा प्रेरित करती रहेगी। वर्ष 2018 में पीयू में हुए दीक्षांत समारोह में उन्हें खेल रत्न से सम्मानित करने का मौका मिला था। -प्रो. राजकुमार, वाइस चांसलर, पीयू
धैर्य और दृढ़ संकल्प के प्रतीक थे फ्लाइंग सिख मिल्खा सिंह। मैंने 62 वर्षों से उनके ऑटोग्राफ को संजोकर रखा है। -पवन बंसल, पूर्व सांसद, चंडीगढ़
मिल्खा सिंह के साम्मान में झुका चंडीगढ़ गोल्फ क्लब का झंडा
मिल्खा सिंह के नाम पर आयोजित होगा टूर्नामेंट
मिल्खा सिंह देश के ऐसे एथलीट थे, जिन्होंने विदेश में भारत का नाम रोशन किया। शहर के युवा एथलीट उनसे काफी प्रेरणा लेते थे। सेक्टर-7 स्थित एथलेक्टिस सेंटर में जब भी एथलेटिक्स मीट में उनको बुलाया जाता था तो वह युवा एथलीटों का हौसला बढ़ाना पहुंचते थे। चंडीगढ़ एथलेटिक्स एसोसिएशन के प्रधान हरजिंदर सिंह गिल ने बताया मिल्खा सिंह के सम्मान के तौर पर एसोसिएशन उनके नाम पर भविष्य में एथलेटिक्स टूर्नामेंट को कराएगा।