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पंजाब में भाजपा के लिए बेअसर रही मोदी की लहर, 'आप' ने शिअद को रोका
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़
Updated Sun, 12 Mar 2017 09:33 AM IST
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फाइल फोटो: नरेंद्र मोदी
- फोटो : अमर उजाला
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लगातार दस साल से सत्ता संभाल रहे शिरोमणि अकाली दल (शिअद)-भाजपा गठबंधन को जनता ने तीसरी बार सत्ता में लौटने का मौका नहीं दिया। 2012 के विधानसभा चुनाव में शिअद ने अपने हिस्से की 94 सीटों में से 56 और भाजपा ने 23 सीटों में से 12 पर जीत हासिल कर लगातार दूसरी बार सरकार बनाई थी। इससे पहले वर्ष 2007 में शिअद को 48 और भाजपा को 19 सीटें मिली थीं। इस बार स्थिति अलग कही जा रही थी।
अनुमान यह लगाया जा रहा था कि शिअद इस चुनाव में 2-4 सीटों पर ही सिमट जाएगी जबकि भाजपा के किसी भी सीट पर जीतने की उम्मीद नहीं की गई थी। इन परिस्थितियों में शिअद के लिए मुख्यमंत्री प्रकाश सिंह बादल की लंबी सीट, डिप्टी सीएम सुखबीर बादल की जलालाबाद सीट के साथ-साथ उसके कई चर्चित मंत्रियों की सीटें प्रतिष्ठा का प्रश्न बन गई थीं। चुनाव परिणाम में शिअद ने बादल पिता-पुत्र की सीटों को सम्मानजनक जीत के साथ बचा लिया है।
हालांकि पार्टी के कई दिग्गज नेता व मंत्री चुनाव हार गए हैं। लंबी में प्रकाश सिंह बादल (66375) ने प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष कैप्टन अमरिंदर सिंह (43605) को 22770 वोटों के अंतर से हराया जबकि इस सीट पर उन्हें चुनौती देने वाले आम आदमी पार्टी के जरनैल सिंह (21254) तीसरे स्थान पर रहे। खास बात यह भी रही कि लंबी में प्रकाश सिंह बादल की यह लगातार पांचवीं जीत रही और उन्हें हासिल हुए वोट भी कमोबेश पिछले चुनावों में मिले वोटों के बराबर ही रहे।
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अनुमान यह लगाया जा रहा था कि शिअद इस चुनाव में 2-4 सीटों पर ही सिमट जाएगी जबकि भाजपा के किसी भी सीट पर जीतने की उम्मीद नहीं की गई थी। इन परिस्थितियों में शिअद के लिए मुख्यमंत्री प्रकाश सिंह बादल की लंबी सीट, डिप्टी सीएम सुखबीर बादल की जलालाबाद सीट के साथ-साथ उसके कई चर्चित मंत्रियों की सीटें प्रतिष्ठा का प्रश्न बन गई थीं। चुनाव परिणाम में शिअद ने बादल पिता-पुत्र की सीटों को सम्मानजनक जीत के साथ बचा लिया है।
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हालांकि पार्टी के कई दिग्गज नेता व मंत्री चुनाव हार गए हैं। लंबी में प्रकाश सिंह बादल (66375) ने प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष कैप्टन अमरिंदर सिंह (43605) को 22770 वोटों के अंतर से हराया जबकि इस सीट पर उन्हें चुनौती देने वाले आम आदमी पार्टी के जरनैल सिंह (21254) तीसरे स्थान पर रहे। खास बात यह भी रही कि लंबी में प्रकाश सिंह बादल की यह लगातार पांचवीं जीत रही और उन्हें हासिल हुए वोट भी कमोबेश पिछले चुनावों में मिले वोटों के बराबर ही रहे।
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ज्यादातर सीटों पर आप ने शिअद को दूसरे स्थान पर रोका
Punjab Election
- फोटो : अमर उजाला
जलालाबाद सीट पर सुखबीर बादल को मुख्य चुनौती आप प्रत्याशी भगवंत मान से मिली, वहीं कांग्रेस के रवनीत बिट्टू भी उनकी बढ़त को रोक नहीं सके। शिअद को मजीठा सीट से विक्रम मजीठिया, लहरा से परमिंदर ढींढसा की बढ़त ने भी राहत दी है।
बाकी प्रत्याशियों में अजनाला से अमरपाल बोनी, अमलोह से गुरप्रीत राजू, भदौड़ से बलबीर घुन्नस, भुलत्थ से युवराज भूपिंदर, छब्बेवाल से सोहन सिंह ठंडल, धर्मकोट से तोता सिंह, फतेहगढ़ साहिब से दीदार सिंह भट्टी, फिरोजपुर गामीण से जोगिंदर जिंदू, गढ़शंकर से सुरेंद्र भूलेवाल, जालंधर सेंट्रल से सरबजीत सिंह मक्कड़, मौड़ से जनमेजा सिंह सेखों, मोहाली से कैप्टन तजिंदरपाल सिंह चुनाव हार गए हैं।
उधर, सहयोगी भाजपा को अपनी 23 सीटों में से केवल एक अबोहर सीट हासिल हुई, जहां अरुण नारंग विजयी रहे। पार्टी के सभी चर्चित नेता इस बार कोई महारत नहीं दिखा सके और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का जादू भी सूबे में नहीं चला। भोआ से सीमा कुमारी, पठानकोट से अश्विनी कुमार, जालंधर वेस्ट से चुन्नीलाल भगत के बेटे मोहिंदर पाल भगत, जालंधर नार्थ से केडी भंडारी, आनंदपुर साहिब से परमिंदर सिंह, लुधियाना सेंट्रल से गुरदेव शर्मा, लुधियाना नार्थ से प्रवीण बंसल, फिरोजपुर से सुखपाल सिंह नन्नू, फाजिल्का से सुरजीत ज्याणी, दीनानगर से बीडी धुप्पल, अमृतसर ईस्ट से राजेश हनी चुनाव हार गए।
बाकी प्रत्याशियों में अजनाला से अमरपाल बोनी, अमलोह से गुरप्रीत राजू, भदौड़ से बलबीर घुन्नस, भुलत्थ से युवराज भूपिंदर, छब्बेवाल से सोहन सिंह ठंडल, धर्मकोट से तोता सिंह, फतेहगढ़ साहिब से दीदार सिंह भट्टी, फिरोजपुर गामीण से जोगिंदर जिंदू, गढ़शंकर से सुरेंद्र भूलेवाल, जालंधर सेंट्रल से सरबजीत सिंह मक्कड़, मौड़ से जनमेजा सिंह सेखों, मोहाली से कैप्टन तजिंदरपाल सिंह चुनाव हार गए हैं।
उधर, सहयोगी भाजपा को अपनी 23 सीटों में से केवल एक अबोहर सीट हासिल हुई, जहां अरुण नारंग विजयी रहे। पार्टी के सभी चर्चित नेता इस बार कोई महारत नहीं दिखा सके और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का जादू भी सूबे में नहीं चला। भोआ से सीमा कुमारी, पठानकोट से अश्विनी कुमार, जालंधर वेस्ट से चुन्नीलाल भगत के बेटे मोहिंदर पाल भगत, जालंधर नार्थ से केडी भंडारी, आनंदपुर साहिब से परमिंदर सिंह, लुधियाना सेंट्रल से गुरदेव शर्मा, लुधियाना नार्थ से प्रवीण बंसल, फिरोजपुर से सुखपाल सिंह नन्नू, फाजिल्का से सुरजीत ज्याणी, दीनानगर से बीडी धुप्पल, अमृतसर ईस्ट से राजेश हनी चुनाव हार गए।