बड़ा फैसला: बच्चा स्कूल पहुंचा या नहीं, मां-बाप के मोबाइल पर आएगा संदेश, भगवंत मान सरकार की खास पहल
स्कूलों में कक्षा के बाहर ऑनलाइन हाजिरी सिस्टम स्थापित किया जाएगा। इसमें विद्यार्थियों को अपनी अंगुली लगानी होगी। इसके बाद उनका सारा विवरण दर्ज हो जाएगा। इससे पता चल जाएगा कि वह कितने बजे स्कूल पहुंचा और कितने बजे वापस गया।
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पंजाब की भगवंत मान सरकार ने शुक्रवार को एक बड़ा फैसला लिया है। अब सरकारी स्कूलों में बच्चों की हाजिरी ऑनलाइन लगेगी। अगर बच्चा स्कूल नहीं पहुंचता है तो परिजनों के मोबाइल पर मैसेज पहुंच जाएगा।
15 दिसंबर तक राज्य के लगभग 19 हजार से अधिक स्कूलों में यह सिस्टम शुरू हो जाएगा। शिक्षामंत्री हरजोत सिंह बैंस का दावा है कि राज्य में चल रही शिक्षा क्रांति की तरफ एक और कदम है। सरकार की कोशिश बच्चों को उचित शिक्षा मुहैया करवाना है। राज्य में मौजूदा समय में 19000 सरकारी स्कूल हैं। इनमें 30 लाख विद्यार्थी शिक्षा ग्रहण कर रहे हैं।
अधिकतर स्कूलों में अब शिक्षकों की हाजिरी तो ऑनलाइन प्रक्रिया के तहत लगती है लेकिन विद्यार्थियों के लिए अभी तक ऐसा सिस्टम नहीं था। इसका कई विद्यार्थी फायदा भी उठाते हैं। वह घर से स्कूल के नाम पर निकलते लेकिन कक्षा में नहीं पहुंचते हैं। इसके बारे में अभिभावकों को भी कुछ पता नहीं लगता था। वहीं, गैरहाजिर रहने का असर विद्यार्थियों के रिजल्ट पर भी पड़ता है।
ऐसे काम करेगा सिस्टम
स्कूलों में कक्षा के बाहर ऑनलाइन हाजिरी सिस्टम स्थापित किया जाएगा। इसमें विद्यार्थियों को अपनी अंगुली लगानी होगी। इसके बाद उनका सारा विवरण दर्ज हो जाएगा। इससे पता चल जाएगा कि वह कितने बजे स्कूल पहुंचा और कितने बजे वापस गया। वहीं, विभाग के पास भी पूरा रिकॉर्ड रहेगा। विभाग को उम्मीद है कि इससे विद्यार्थियों के रिजल्ट में भी सुधार आएगा।
कई स्कूलों में सिक्योरिटी गार्ड तैनात
पंजाब में स्कूल ऑफ एमिनेंस समेत कई अन्य स्कूलों में सिक्योरिटी गार्ड की तैनाती भी की गई है। यह गार्ड सुबह सात से रात 10 बजे तक तैनात रहते हैं। वे स्कूल की संपत्ति की रक्षा करते हैं। साथ ही छुट्टी के समय विद्यार्थियों को सड़क पार करवाने में अहम जिम्मेदारी निभाते हैं।