शराबी पिता ने नौ साल के बेटे को अलाव में फेंका, बहन की हिम्मत से बचा भाई, अस्पताल में भर्ती
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शराब के नशे में धुत्त एक व्यक्ति ने अपने 9 साल के बेटे को जलते अलाव में फेंक दिया। बच्चे की बड़ी बहन ने उसे बचा लिया। झुलसे बच्चे को सिविल अस्पताल में दाखिल करवाया गया, जहां से अस्पताल प्रबंधन ने संबंधित पुलिस थाने को सूचना भेज दी। पूनम निवासी आर्य कालोनी ने बताया कि उसका पति बाबू राम ड्राइवर है और शराब पीने का आदी है।
शराब के नशे में पहले भी वह पत्नी और बच्चों के साथ मारपीट करता है। महिला के अनुसार वह लोगों के घरों में काम करती है। उसकी दो बेटियां और एक बेटा है। मंगलवार सुबह वह लोगों के घरों में काम करने के लिए गई थी। उसके पति ने सुबह ही शराब पी ली और नशे में बच्चों के साथ गाली गलौज करने लगा।
उसका नौ साल का बेटा कुनाल कमरे के बाहर बैठकर अलाव सेक रहा था। इस दौरान पिता-पुत्र में किसी बात पर बहसबाजी हो गई, जिसके बाद बाबू राम ने गुस्से में कुनाल को जलते अलाव में धक्का दे दिया। कुनाल के शोर मचाने पर दूसरे कमरे से उसकी 15 वर्षीय बड़ी बहन निकली और भाई को आग से बाहर निकाला।
तुरंत कुनाल को सिविल अस्पताल में दाखिल करवाया गया। वहीं बाबू राम मौके से फरार हो गया। अस्पताल में कार्यरत डॉक्टर के अनुसार कुनाल ज्यादा नहीं झुलसा है। मामले के बारे में थाना सिटी साउथ पुलिस को सूचना भेज दी गई है। वहीं थाना सिटी साउथ के प्रभारी गुरप्रीत सिंह का कहना है कि मामले संबंधी सूचना उनके पास आ गई है। वह जल्दी परिजनों के बयान दर्ज कर बनती कार्रवाई अमल में लाएंगे।
अलाव सेक रहा किसान झुलसा
वही एक अन्य घटना में जिले के गांव कोकरी कलां में मंगलवार सुबह ठंड से बचने के लिए अलाव सेंक रहा एक किसान आग की चपेट में आ गया। उसे मोगा के सिविल अस्पताल लाया गया। जहां से डॉक्टरों ने उसे फरीदकोट रेफर कर दिया। बूटा सिंह निवासी कोकरी कलां ने बताया कि हरजिंदर सिंह (40) खेती करता है और उन्होंने अपने घर में पशु रखे हुए है।
ठंड से बचने के लिए हरजिंदर सिंह मंगलवार सुबह घर में बनाए पशुओं के बाड़े में अलाव सेक रहा था। इस दौरान अचानक वह आग की चपेट में आ गया। हरजिंदर के शोर मचाने पर लोगों ने उसे बचाया और मोगा के सिविल अस्पताल में लेकर आए, जहां से उसे फरीदकोट मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया गया। सिविल अस्पताल में डॉक्टरों के अनुसार हरजिंदर सिंह आग से करीब 40 फीसदी झुलस गया था।