लोकसभा चुनाव 2019: करारी शिकस्त के बाद कांग्रेस में राहुल गांधी के लिए लिया गया बड़ा फैसला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
लोकसभा चुनाव 2019 में करारी शिकस्त के बाद कांग्रेस की ओर से एक बड़ा फैसला लिया है पार्टी अध्यक्ष राहुल गांधी के लिए। दरअसल, कांग्रेस जल्दी ही एक मार्गदर्शक मंडल का गठन करने जा रही है। हालांकि यह भाजपा के मार्गदर्शक मंडल के बिल्कुल उलट होगा।
इसके सभी सदस्य पार्टी के दिग्गज व अनुभवी सियासतदां होंगे, जो समय-समय पर राहुल गांधी का मार्गदर्शन करेंगे। साथ ही पार्टी अध्यक्ष और अन्य नेताओं के बीच बार-बार बन रही संवादहीनता को समाप्त करने में भी अहम भूमिका निभाएंगे। वैसे, पार्टी सूत्रों का कहना है कि इस मार्गदर्शक मंडल का नाम अध्यक्ष मंडल हो सकता है, जिसके लिए राहुल गांधी भी सुझाव दे चुके हैं।
पार्टी सूत्रों के अनुसार, लोकसभा चुनाव नतीजों को लेकर पार्टी आलाकमान की हाल ही में हुई समीक्षा बैठक में यह बात सामने आई कि अध्यक्ष राहुल गांधी और विभिन्न राज्यों के पार्टी नेताओं के बीच तालमेल बिठाने वाली टीम का प्रदर्शन अपेक्षाकृत कमजोर रहा है। यह टीम न तो पार्टी अध्यक्ष तक राज्यों के नेताओं की पूरी बात पहुंचा सकी और न ही राज्य इकाइयों तक आलाकमान से पूरा फीडबैक पहुंचा।
यह भी देखा गया कि कई मामलों में राज्यों के नेता पार्टी अध्यक्ष तक पहुंच ही नहीं बना सके। संवादहीनता की इस स्थिति को राहुल गांधी ने गंभीरता से लेते हुए पार्टी में अध्यक्ष मंडल बनाने का सुझाव दिया है। वहीं, अब तक जो टीम पार्टी अध्यक्ष और अन्य नेताओं के बीच तालमेल का जिम्मा संभाल रही थी, उसकी जगह ऐसे सीनियर नेताओं को दी जाएगी, जो राहुल को संगठन से जुड़े मसलों के साथ-साथ सियासी गतिविधियों में उनकी सक्रियता बढ़ाने के लिए भी सुझाव देंगे।
हालांकि, यह साफ नहीं हो सका है कि नई टीम में किन नेताओं को शामिल किया जाएगा। अब तक यह काम केसी वेणुगोपाल, अहमद पटेल और रणदीप सुरजेवाला संभाल रहे थे।