फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Chandigarh ›   Kejriwal questioned on Punjab's issue of stubble burning

पराली पर घमासानः केजरीवाल ने की हरियाणा की सराहना, पंजाब पर दागे सवाल

Fri, 02 Nov 2018 12:11 AM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़ Updated Fri, 02 Nov 2018 12:11 AM IST
विज्ञापन
Kejriwal questioned on Punjab's issue of stubble burning
अरविंद केजरीवाल

दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने दिल्ली में बढ़ते प्रदूषण का एकमात्र कारण पंजाब में जल रही पराली को बताया। इसके अलावा उन्होंने इसके लिए केंद्र को भी जिम्मेदार ठहराया। उन्होंने कहा कि केंद्र पराली के निपटारे के लिए किसानों को मशीनरी उपलब्ध कराने में नाकाम रहा। गुरुवार को चंडीगढ़ में आए केजरीवाल ने अपने दावे को सही बताते हुए सैटेलाइट से जारी एक तस्वीर सार्वजनिक की।

विज्ञापन


उन्होंने कहा कि इस तस्वीर में आप लाल निशान देख सकते हैं, जिससे पता चलता है कि बठिंडा, अमृतसर समेत पंजाब के अधिकतर हिस्सों में पराली जलाई जा रही है। इसमें हरियाणा के एक छोटे हिस्से में भी लाल निशान है, लेकिन इसकी भूमिका सीमित है। उन्होंने हरियाणा के प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि इस बार यहां पराली जलने की घटनाएं कम हुई हैं। केजरीवाल ने कहा कि ये गंभीर मुद्दा है। सिर्फ बयानबाजी के बजाए वैज्ञानिकों तथ्यों पर बात करते हुए इस समस्या से निपटने का प्रयास पंजाब, हरियाणा और दिल्ली को करना होगा।

विज्ञापन

हरियाणा-पंजाब के मुख्यमंत्रियों से केजरी का सवाल 

हरियाणा और पंजाब के मुख्यमंत्रियों से सवाल दागते हुए केजरीवाल ने कहा कि हम पिछले एक साल से दिल्ली के प्रदूषण पर काम कर रहे हैं। सालभर प्रदूषण का स्तर 150 से 200 प्वाइंट के बीच रहता है, लेकिन अचानक 25 अक्तूबर के बाद प्रदूषण का स्तर 400 प्वाइंट तक छूने लगता है और 20 नवंबर तक ऐसे ही हालात रहते हैं। केजरीवाल ने कहा कि दोनों मुख्यमंत्री ये बता दें कि आखिरकार इन दिनों में दिल्ली में ऐसा क्या हो जाता है कि प्रदूषण का स्तर इतना बढ़ जाता है। उन्होंने कहा कि यह प्रदूषण ट्रैफिक या उद्योगों का नहीं, बल्कि इस दौरान जलने वाली इस पराली का होता है। 

एसवाईएल पर ‘आप’ का दामन बचाया, भाजपा-कांग्रेस को घेरा 
केजरीवाल ने कहा कि हमने कभी पंजाब में ऐसा नहीं कहा कि एसवाईएल का पानी हरियाणा को नहीं देंगे। यह मुद्दा ऐसा है जो या तो मिल-बैठकर आपसी सहमति से निपट सकता है, या फिर सुप्रीम कोर्ट ही संविधान के मुताबिक इसे निपटा सकता है। आम आदमी पार्टी तो अब सुप्रीम कोर्ट के आदेश का इंतजार कर रही है। मगर वे प्रधानमंत्री से पूछना चाहते हैं कि जब पंजाब में अकाली-भाजपा सरकार थी और अब हरियाणा व केंद्र में भी भाजपा सरकार है, तब वे यह मसला क्यों हल नहीं करवा पाए।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed